Latest Updates
-
Pitru Paksha 2026: पितृ पक्ष का पहला दिन आज या कल? जानें किस दिन किस पितर का करें श्राद्ध -
World Contraception Day 2026: गर्भनिरोधक गोलियां कैसे काम करती हैं? जानें इसके फायदे और नुकसान -
Pitru Paksha 2026: बेटा न हो तो क्या बेटी कर सकती है श्राद्ध और पिंडदान? अनिरुद्धाचार्य जी महाराज ने दिया जवाब -
World Lung Day 2026: शरीर में दिखें ये 7 लक्षण तो समझ जानें आपके फेफड़े हो रहे हैं खराब -
Anant Chaturdashi 2026: अनंत सूत्र में 14 गांठें ही क्यों बांधी जाती हैं? जानें इसका धार्मिक महत्व -
Mushtaq Khan Family: 'वेलकम' फेम मुश्ताक खान ने दुनिया को कहा अलविदा, जानिए एक्टर के परिवार में कौन-कौन? -
डायबिटीज में चावल और रोटी खाने का सही समय क्या है? जानें कब खाने से नहीं बढ़ेगा ब्लड शुगर -
Anant Chaturdashi Vrat Katha: अनंत चतुर्दशी के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, दूर हो जाएंगे सारे कष्ट -
Anant Chaturdashi 2026 Wishes: श्री हरि का आशीष...इन संदेशों के साथ अपनों को दें अनंत चतुर्दशी की शुभकामनाएं -
Hurun India Rich List 2026: ये हैं भारत के टॉप 10 सबसे अमीर लोग, जानिए किसके पास है कितनी दौलत
Parenting Tips: माता-पिता की स्मोकिंग की आदत टीनएजर पर डाल सकती हैं बुरा असर

हाल ही में स्पेन के बार्सिलोना के यूरोपियन रेस्पिरेटरी सोसाइटी इंटरनेशनल कांग्रेस के एक शोध के मुताबिक, जिन बच्चों के पेरेंट्स धूम्रपान करते हैं, उन किशोरों में भी ई-सिगरेट को ट्राई करने की संभावना 55 प्रतिशत ज्यादा होती है। एक स्टडी के मुताबिक इरिश के किशोरों में शोधकर्ताओं ने यह भी पाया कि ई-सिगरेट की कोशिश करने वालों का अनुपात नाटकीय रूप से बहुत ज्यादा बढ़ रहा है और हालांकि लड़कों के ई-सिगरेट का यूज करने की ज्यादा संभावना है, वहीं लड़कियों के बीच भी इसे यूज करने की दर बहुत तेजी से बढ़ रही है। जिसके कारण शोधकर्ता निकोटीन की लत से जुड़े जोखिमों को लोगों के सामने लाने की कोशिश कर रहे हैं, और किशोरों की सिगरेट से सुरक्षा के लिए प्रभावी नियम बनाने का मांग कर रहे हैं।
टोबैकोफ्री रिसर्च इंस्टीट्यूट आयरलैंड के एक शोध के मुताबिक 17 से 18 साल के बच्चों के डेटा की जांच की गई, जिसमें यह जानकारी भी शामिल थी कि क्या उनके पेरेंट्स धूम्रपान करते हैं। इस अध्ययन से पता चलता है कि जिन बच्चों के पेरेंट्स स्मोकिंग करते थे, उनमें ई-सिगरेट की कोशिश करने की संभावना लगभग 55 प्रतिशत ज्यादा थी और धूम्रपान करने की कोशिश करने की संभावना 51 प्रतिशत थी।

बच्चों का स्मोकिंग करने का कारण
1. बच्चों के आस-पास जो चीजें होती हैं, वो उन्हें अपनी लाइफ में कॉपी करने की कोशिश करते हैं। ऐसे में अगर बच्चों के माता-पिता, या घर का अन्य कोई सदस्य स्मोकिंग करता हैं, तो इसका सीधा असर बच्चे पर पड़ता हैं। और बच्चा भी स्मोकिंग करना शुरू कर देता है।
2. गलत संगत का असर होता आपने सुना होगा, लेकिन ये सच भी है। बच्चे जैसे लोगों के साथ उठते बैठते हैं, वैसे ही वो हो जाते हैं। अगर आपके बच्चे के दोस्त या जिनके संगत में वो रहते हैं, वो लोग स्मोकिंग के आदि हैं, तो आपके बच्चे को भी स्मोकिंग की आदत हो सकती है।
3. कई बार माता-पिता के बीच हो रहे विवाद या अन्य करणों से परेशान होकर बच्चे इस तरह की आदतों को अपनाने लगते हैं क्योंकि उन्हें ऐसा लगता है कि ऐसा करने से उनकी पेरशानी दूर हो जाएगी।

स्मोकिंग के नुकसान
1. स्मोकिंग तो हर उम्र के लोगों के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। लेकिन अगर छोटी उम्र में ही बच्चे स्मोकिंग करना शुरू कर देते हैं, तो इसका सीधा असर उनके दिल पर पड़ता है। इन बच्चों को दिल की बीमारी का खतरा बढ़ जाता है। सिगरेट आपके दिल और ब्लड वेसेल को भी खराब कर सकती है।
2. सिगरेट पीनें से आपके बच्चे के फेफड़े भी जल्दी खराब हो सकता है। क्योंकिसिगरेट का धुआं आपके रेस्पिरेटरी सिस्टम में जम जाता है। जिसके कारण आपको अस्थमा और सांस से जुड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ेगा।
3. स्मेकिंग करने से बच्चे के शरीर में ऑक्सीजन की कमी होने लगती है। कई बार उनका ऑक्सीजन लेवल कम हो जाता है। जो उनके शरीर के सभी अंगों को लिए हानिकारक है।

बच्चों को स्मोकिंग से ऐसे रखें दूर
1. अगर आप या घर का कोई अन्य सदस्य स्मोकिंग करता है, तो ऐसे में स्मोकिंग जैसे बुरी आदत से बच्चों को दूर रखने के लिए आप कोशिश करें कि घर का कोई भी सदस्या उनके सामने कभी भी स्मोकिंग ना करें।
2. अगर बच्चा स्मोकिंग करने की बुरी आदत में फंस चुका है, तो आप उन्हें डांटे या मारे नहीं। बल्कि ऐसी स्थिति में आप उन्हें समझें और प्यार से उनसे बात करके स्मोकिंग की बुरी आदत के नुकसानों के बारे में बताएं और उनकी इस आदत को समय पर छुड़वाने की कोशिश करें।
3. अपने बच्चों को ज्यादा समय देने की कोशिश करें। उनके दोस्त बनने की कोशिश करें। और ये जानने की कोशिश करें कि उनकी संगत कैसी हैं।
4. बच्चों के हेल्थ बेनिफिट्स के बारे में बताएं। और हेल्दी खाना खाने के लिए प्रेरित करें।



Click it and Unblock the Notifications
