Latest Updates
-
PM जॉर्जिया मेलोनी के देसी झुमके वाले लुक ने जीता भारतीयों का दिल, यहां देखें लेटेस्ट झुमका डिजाइन्स -
इन 5 लोगों को भूलकर भी नहीं खाना चाहिए खरबूजा, सेहत को हो सकता है गंभीर नुकसान -
भयंकर गर्मी में शरीर को रखना है 'AC' जैसा ठंडा? डाइट में शामिल करें ये चीजें, लू को कहेंगे अलविदा -
शनि, राहु-केतु और नजर के प्रकोप से बचाएगा बैंगन का यह टोटका, जान लें करने का सही तरीका -
Sachin Tendulkar Birthday: रिटायरमेंट के बाद भी करोड़ों की कमाई करते हैं सचिन, जानिए कितनी संपत्ति के मालिक -
Happy Birthday Sachin Tendulkar Wishes: सचिन तेंदुलकर के 53वें जन्मदिन के मौके पर शेयर करें ये शुभकामना संदेश -
Baglamukhi Jayanti 2026 Wishes: मां बगलामुखी जयंती पर भेजें ये शुभ संदेश, शत्रुओं पर मिलेगी जीत -
Aaj Ka Rashifal 24 April 2026: आज चंद्रमा का कर्क राशि में गोचर, किन राशियों के लिए शुक्रवार रहेगा लकी -
सुबह खाली पेट जौ का पानी पीने से दूर होंगी ये 5 समस्याएं, जानें इसे बनाने का तरीका -
Baglamukhi Jayanti 2026: बगलामुखी जयंती कब है? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि
इस महिला के हैं 2 यूट्रस और दोनों में पल रहे हैं बच्चे, 5 करोड़ में से एक महिला को होती हैं ये दुर्लभ स्थिति
Double Uterus Found In Pregnant Woman In US : किसी महिला के जुड़वां या तीन-चार बच्चे एक साथ पैदा होने की खबरें तो आपने सुनी होंगी, लेकिन कभी आपने किसी महिला को दो गर्भाशय होने की बात सुनी। जी हां, अमेरिका की 32 साल की केल्सी हैचर (Kelsey Hatcher) के पास दो यूट्रस है। हैरानी की बात यह है कि उनके दोनों यूट्रस में बच्चे पल रहे हैं।
डबल यूट्रस या दो गर्भाशय की स्थिति को डिडेल्फ़िस कहा जाता है जो अपने आप में दुर्लभ है। लाखों में से एक महिला को यह स्थिति होने की संभावना रहती है। खुद हैचर और उनके पति कालेब भी इसे लेकर शॉक्ड है कि ऐसा कैसे हो सकता है।

इस बारे में हैचर और उनके पति कालेब बताते हैं कि जब वो आठ हफ्ते की अल्ट्रासाउंड कराने गए तो उन्हें पता चला कि वह दो बच्चों की उम्मीद कर रही थी। उनकी मानें तो हैचर जन्म से ही गर्भाशय डिडेल्फ़िस या डबल गर्भाशय के साथ पैदा हुईं। जिसका अर्थ है कि वह दो गर्भाशय और दो गर्भाशय ग्रीवा उनके अंदर है। 3 बच्चों की मां ने "गुड मॉर्निंग अमेरिका" को बताया,'जब मुझे पहली बार पता चला, तो मैंने सोचा कि क्या मैं ऐसे किसी इंसान से संपर्क कर सकती हूं जो इस स्थिति से गुजरा हो।
ये जानने के लिए कि उसका अनुभव क्या थे। लेकिन मुझे लगता है कि मैंने सिर्फ दो ही ऐसे मामले पढ़े हैं जिसमें पूरी तरह अलग गर्भाशय यानी यूट्रस में गर्भधारण हुआ था। ऐसा कोई मामला नहीं था जिससे मैं संपर्क कर सकती थी।
डॉक्टर ने प्रेग्नेंसी को बताया 'रिस्की'
न्यूयॉर्क पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, एक डॉक्टर का कहना है कि ये प्रेग्नेंसी काफी रेयर और रिस्की है। क्योंकि इसमें मामला एक महिला के दो अलग-अलग गर्भाशयों से बच्चे के जन्म का है। कभी-कभी ऐसा देखा जाता है कि गर्भाशय को जोड़ने वाली जो दो छोटी ट्यूब होती हैं, वह बच्चे का निर्माण करने के लिए ठीक तरीके से जुड़ नहीं पातीं। दो गर्भाशय वाली महिला आसानी से प्रेग्नेंट हो सकती हैं, लेकिन ऐसी महिलाओं को अक्सर मिसकैरेज और वक्त से पहले डिलीवरी होने खतरा रहता है।
मेयो क्लिनिक के अनुसार दो गर्भाशय होना एक दुर्लभ स्थिति जो मादा भ्रूण में विकसित हो जाता ही। कभी-कभी गर्भाशय को बनाने वाली दो छोटी नलिकाएं एक बड़े अंग का निर्माण करने के लिए पूरी तरह से जुड़ नहीं पाती हैं। जिन महिलाओं के दो यूटरेस होते हैं, उनकी सफल प्रेग्नेंसी होती है, पर कई बार उन्हें मिसकैरिज भी हो जाता है।
क्या होती है डिडेल्फ़िस या डबल यूट्रस?
विशेषज्ञों के मुताबिक, ऐसी परिस्थिति तब बनती है जब महिला में यूट्रस दो छोटी-छोटी ट्यूब में बंट जाता है। ये दोनों ही ट्यूब जुड़ी हुई हो सकती हैं और ये अंदर से खोखली होती हैं। गर्भाशय के औसत आकार की अपेक्षा ये दोनों थोड़े छोटे होते हैं। ऐसी स्थिति क्यों बनती हैं इसका पूरा पता नहीं लगाया जा सका है। डॉक्टरों के मुकाबले इसका कोई स्थाई इलाज भी सामने नहीं आया है।
डबल यूट्रस क्या होता है?
डॉक्टरों के मुताबिक, ऐसे मामले बेहद ही दुर्लभ होते हैं। ऐसी स्थिति में महिलाओ में गर्भपात और प्री-मैच्योर डिलीवरी होने की भी अधिक संभावना रहती है और ज्यादा रक्तस्नाव का भी खतरा रहता है। डॉक्टर ऐसी स्थिति में सिजेरियन डिलीवरी ही प्रिफर करते हैं ताकि महिला को जान का खतरा कम से कम हो। डॉक्टरों का कहना है कि महिला को दो बार प्रसव पीड़ा से भी गुजरना पड़ सकता है। पूर्व में भी ऐसे कुछ मामले सामने आ चुके हैं, जब एक महिला ने 25वें हफ्ते में जुड़वा बच्चों को जन्म दिया, वहीं दूसरे मामले में डिलीवरी काफी लेट हुई थी।
लक्षण
कुछ लक्षणों के आधार पर डबल यूट्रस की पहचान के लिए जांच कराई जा सकती है। अगर महिला को बार-बार गर्भपात हो, अक्सर रक्तस्नाव हो या पीरियड्स के दौरान सामान्य से बहुत अधिक दर्द रहता हो तो स्त्री रोग विशेषज्ञ से जरूर मिलना चाहिए। पेल्विक टेस्ट, गर्भाशय का एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड और एमआरआई की मदद से डॉक्टर इस स्थिति का पता लगा सकते हैं।



Click it and Unblock the Notifications