पहली मुलाकात में नीतू को पसंद नहीं आए थे ऋषि, जानें शादी तक कैसे पहुंची बात

कौन जीने के लिए मरता रहे
लो संभालो अपनी दुनिया हम चले

दो साल तक कैंसर से जंग के बाद ऋषि कपूर कुछ इसी अंदाज में दुनिया से रुखसत हो गए। आखिरी पलों में भी उनमें मौत से लड़ने का जज़्बा दिखा जिसकी तारीफ खुद डॉक्टरों ने भी की। मगर वक्त के आगे कौन जीत सका है। ऋषि कपूर के हारने के अंदाज ने भी पूरी दुनिया का दिल जीत लिया।

Rishi Kapoor And Neetu Singh love story
Rishi Kapoor Neetu Singh की LOVE STORY कैसे हुई शुरू, MUST WATCH | Boldsky

ज़िंदगी और मौत के इस खेल में उनका साथ देती रहीं उनकी पत्नी नीतू सिंह। ऋषि कपूर हंसाते थे तो नीतू सिंह उनकी बातों पर हंसती थी और उस मुस्कुराहट की चादर में दर्द को छिपा लेती थीं। फ़िल्मी दुनिया से ताल्लुक रखने वाली इन दोनों शख्सियतों की प्रेम कहानी भी सपने सरीखी थी।

ऋषि-नीतू की पहली मुलाकात

ऋषि-नीतू की पहली मुलाकात

ऋषि कपूर और नीतू सिंह की पहली मुलाकात 'जहरीला इंसान' के सेट पर हुई थी। ऋषि पूरा दिन नीतू को सताते रहते थे, मगर परेशान होने पर उनके पास ही अपनी बातें शेयर करने के लिए जाते थे। उस दौरान ऋषि किसी दूसरी लड़की को डेट कर रहे थे और ये बात नीतू भी जानती थीं। दरअसल अपनी गर्लफ्रेंड को मनाने के लिए वो नीतू से ही टेलीग्राम लिखवाया करते थे।

टेलीग्राम लिखवाने के दौरान दे बैठे दिल

टेलीग्राम लिखवाने के दौरान दे बैठे दिल

इन दोनों के बीच बहुत अच्छी दोस्ती थी। वो अपने सारे राज नीतू से जाकर ही शेयर करते थे। गर्लफ्रेंड के नाराज होने के बाद ऋषि उसे भूलने लगे थे और उन्होंने नीतू की तरफ आकर्षण महसूस किया। उन्हें नीतू में अपना परफेक्ट पार्टनर नजर आने लगा। 'जहरीला इंसान' फिल्म करने के बाद ऋषि यूरोप चले गए और दूर रहने के दौरान उन्हें नीतू के प्रति अपने प्रेम का एहसास हुआ। वहां से वो नीतू को टेलीग्राम भेजते और कहते कि तुम्हारे बिना दिल नहीं लग रहा है।

ऋषि से मिलकर अच्छा नहीं लगा

ऋषि से मिलकर अच्छा नहीं लगा

एक इंटरव्यू के दौरान नीतू सिंह ने इस बात का खुलासा किया था कि पहली मुलाकात में उन्हें ऋषि कपूर अच्छे नहीं लगे थे। दरअसल ऋषि उन्हें बात बात पर टोक रहे थे और इस वजह से वो उन्हें अकड़ू समझ रही थीं।

खुश नहीं थीं नीतू सिंह की मां

खुश नहीं थीं नीतू सिंह की मां

फिल्म के सेट पर हुई दोस्ती और ऋषि-नीतू के बीच बढ़ती नजदीकियों से नीतू की मम्मी रज्जी खुश नहीं थीं। वो चाहती थीं कि नीतू का करियर आगे बढ़े और वो किसी भी तरह की गॉसिप का हिस्सा न बने। मगर जब ऋषि कपूर ने नीतू सिंह से शादी का प्रस्ताव रखा तब वो बॉलीवुड के इस चॉकलेटी बॉय को इंकार नहीं कर पायीं। आखिरकार 22 जनवरी 1980 को दोनों सात फेरे लेकर शादी के बंधन में बंध गए।

अपनी ही शादी में दोनों हो गए थे बेहोश

अपनी ही शादी में दोनों हो गए थे बेहोश

जी हां, आपको सुनकर थोड़ी हैरानी हो सकती है। दरअसल नीतू सिंह अपने खूबसूरत मगर भारी भरकम दुल्हन के लिबास को संभालते हुए थक चुकी थीं जिसकी वजह से वो बेहोश हो गयीं। वहीं ऋषि कपूर अपनी शादी में लोगों की भारी भीड़ देखकर बेसुध हो गए थे। इसके अलावा जब ऋषि कपूर घोड़ी चढ़ने वाले थे तब भी उन्हें चक्कर महसूस हुए थे।

नीतू ने छोड़ा अपना करियर

नीतू ने छोड़ा अपना करियर

नीतू सिंह ने बॉलीवुड में बहुत कम समय में ही अपनी एक खास जगह बना ली थी। वह अपने करियर के अच्छे दौर में थी। मगर शादी के बाद उन्होंने अपने फ़िल्मी करियर को अलविदा कह दिया।

इस बात में कोई दो राय नहीं है कि ऋषि और नीतू अपने समय के ही नहीं बल्कि मौजूदा दौर के कपल्स को प्यार के असली मायने समझा गए। ऋषि जितनी बेबाकी से अपनी बात रखते थे, नीतू उतने ही शांत अंदाज में उनका समर्थन करती थी। कैंसर के खिलाफ जंग लड़ने में ऋषि के लिए नीतू ने ही हौसले की तरह काम किया। ऊपर वाले के हाथों जिंदगी के पन्ने पलट दिए जाते हैं, मगर नीतू को इस बात का सुकून होगा कि वो हर मौके पर ऋषि के साथ रहीं।

Desktop Bottom Promotion