Latest Updates
-
क्या आप भी हैं 'सुपरवुमन सिंड्रोम' की शिकार? जानें इसका सच और बचने के तरीके -
Women’s Day Wishes For Girlfriend: नारी है शक्ति...इन संदेशों से अपनी गर्लफ्रेंड को दें महिला दिवस की शुभकामना -
Women's Day Special: 30 की उम्र के बाद महिलाएं फॉलो करें ये हेल्थ टिप्स, कई बीमारियों से होगा बचाव -
Rang Panchami 2026: रंग पंचमी पर कर लिए ये अचूक उपाय तो चमक जाएगी किस्मत, वैवाहिक जीवन रहेगा खुशहाल -
8 मार्च को ही क्यों मनाया जाता है अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस? जानें इस दिन का इतिहास और इस साल की थीम -
Rang Panchami 2026: कब है रंग पंचमी? जानें तिथि, पूजा का शुभ मुहूर्त और धार्मिक महत्व -
पेट के कैंसर के शुरुआती स्टेज में दिखाई देते हैं ये 5 लक्षण, ज्यादातर लोग साधारण समझकर करते हैं इग्नोर -
Bhalchandra Sankashti Chaturthi Katha: भालचंद्र संकष्टी चतुर्थी पर जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, दूर होगी हर परेशानी -
Bhalchandra Sankashti Chaturthi 2026: 6 या 7 मार्च, कब है भालचंद्र संकष्टी चतुर्थी? जानें शुभ मुहूर्त, महत्व औ -
वरमाला डालते ही अर्जुन ने सानिया चंडोक को लगाया गले, सचिन तेंदुलकर का ऐसा था रिएक्शन, वीडियो वायरल
Sawan Shaniwar : सावन का शनिवार भी होता है खास, इन देवताओं की पूजा करने से मिलेगी हर समस्या का हल
सावन मास का हर एक दिन अपने आप में महत्वपूर्ण है। जिसमें शनिवार के दिन हनुमानजी, शनि देव और भगवान नृसिंह की पूजा का विधान है। वर्ष 2022 में सावन का पहला शनिवार 16 जुलाई को है। पुराणों में लिखा है कि सावन के शनिवार को इन तीन देवताओं की पूजा से हर तरह की परेशानियां दूर हो जाती हैं। तो आइए जानते है सावन मास में शनिवार की पूजा किस तरह करें और इनको करने से क्या फल मिलता है।

दुश्मनों पर विजय हासिल करने के लिए करें हनुमानजी की पूजा
ऐसा माना जाता है कि सावन मास में भक्त अगर शनिवार को हनुमानजी की आराधना करता है उसे मानसिक और शारीरिक मजबूती का आशीर्वाद मिलता है। इसके अलावा हनुमानजी की कृपा से कामकाज में आ रही रुकावटें भी दूर हो जाती हैं। सोचे हुए काम पूरे हो सकते हैं। पूजा करने वाला शत्रु को परास्त कर पाता हैं और उसे प्रसिद्धि मिलती है।

सावन में शनिदेव और शिवजी की पूजा
ऐसा कहा जाता है कि, भगवान शिव, शनिदेव के गुरु हैं। बल्कि भोलेनाथ ने ही शनिदेव को न्यायाधीश का पद दिया था। जिसके फलस्वरूप शनि देव मनुष्यों को कर्मों के अनुसार फल देते हैं। इसलिए श्रावण के महीने में जो भी भगवान शिव के साथ साथ शनि देव की उपासना करता है, उसको शुभ फलों की प्राप्ति होती हैं। इसके अलावा भगवान शिव के अन्य अवतार पिप्पलाद, भैरव तथा रुद्रावतार हनुमान जी की पूजा भी शनि के प्रकोप से हमारी रक्षा करती है।

समस्त सुख मिलेंगे भगवान नृसिंह की पूजा से
स्कन्द पुराण के अनुसार सावन के शनिवार को भगवान नृसिंह की पूजा विशेषकर करनी चाहिए। इस दिन आपको सुबह तिल का उबटन लगाकर नहाना चाहिए। फिर विधिवत भगवान नृसिंह की पूजा करने के बाद उड़द की दाल से बनी खिचड़ी का भोग लगाना चाहिए। फिर ब्राह्मणों को भी प्रसाद का भोजन करवा कर दक्षिणा देनी चाहिए। ऐसा करने से भगवान नृसिंह प्रसन्न होकर अपने भक्त को समस्त सुख पाने का आशीर्वाद देते है।



Click it and Unblock the Notifications











