Waxing vs Shaving : इंटीमेट एरिया के अनचाहे बालों को हटाने के ल‍िए कौनसा तरीका है सही?

Waxing vs Shaving for clean private part : पिछले कुछ समय में महिलाओं में इंटीमेट हेल्थ को लेकर काफी जागरूकता बढ़ी है। इंफेक्‍शन और अन हाइजीन प्रैक्टिस से बचने के ल‍िए मह‍िलाए वजाइनल वॉश से लेकर प्राइवेट पार्ट में मौजूद अनचाहे बाल साफ करवाने का ट्रेंड बढ़ रहा है।

गर्म‍ियों में प्राइवेट पार्ट में मौजूद अनचाहे बाल गंदगी, पसीना और इंफेक्‍शन की वजह बनकर आपको अंकफर्टबल फील करवा सकते हैं। कई लड़कियां इन समस्‍याओं से बचने के ल‍िए शेविंग, ट्रीम‍िंग, हेयर रिमूवल क्रीम या वैक्‍सिंग तक का सहारा लेती हैं। हालांक‍ि प्राइवेट पार्ट बहुत ही सेंसेटिव एरिया होता है।

Waxing vs Shaving for clean private part

यहां के बालों की सफाई करते हुए आपको काफी सावधानी बरतने की जरुरत होती है। यदि आप गुप्‍तांगों के बाल या प्‍यूबिक हेयर से छुटकारा पाना चाहती हैं और आप वैक्सिंग या शेविंग के बीच कंफ्यूज हैं तो हम आपको बताते हैं क‍ि दोनों में से कौन सा विकल्‍प ज्‍यादा बेहतर हैं?

शेविंग

गुप्‍तांग के बाल हटाने के ल‍िए शेविंग एक बहुत ही पॉपुलर तरीका है। वैसे तो इस प्रोसेस में समय कम लगता है, मगर इसकी वजह से सेंसेटिव एरिया में खुजली, इनग्रोन हेयर और लाल निशान जैसी समस्‍याएं हो सकती है। शेविंग के बाद खुशबू रहित लोशन या मॉइस्चराइज़ लगना न भूलें।

Waxing vs shaving pubic hair men

नुकसान

- बार-बार प्राइवेट पार्ट की शेविंग करने से बचे।
- गलत तरीके से शेविंग करने से फॉलीक्यूलिटिस होने का खतरा होता रहता है परिणामस्‍वरुप सफेद दाने हो सकते हैं।
- शेविंग करते वक्‍त गलती से कट लगने से संक्रमण की समस्‍या ज्‍यादा हो सकती है।
- बालों को शेव करते हुए एक ही डायरेक्‍शन की तरफ रेजर चलाएं वरना बालतोड़ की समस्‍या हो सकती है।

ध्‍यान रखें

शेविंग के बाद ठंडे पानी या गुनगुने गर्म पानी से प्राइवेट पार्ट को धो लें, पांच मिनट तक कंप्रेस करें इससे जलन नहीं होगी।

Waxing vs Shaving Which one Is Better for your pubic hair Or Bikini Line

वैक्सिंग

प्राइवेट एरिया के बालों को हटाने के लिए बिकिनी वैक्स भी एक विकल्‍प है, जो महिलाओं में काफी पॉपुलर है। वैक्‍स करने से प्यूबिक हेयर जड़ों से साफ हो जाते हैं, नए बाल आने में एक से 2 महीने का समय लगता है।

नुकसान

- बिकिनी वैक्स का हर क‍िसी को नहीं करवाना चाह‍िए। अगर आपकी स्किन सेंसिटिव है या आपको डायबिटीज है तो आपको बिकिनी वैक्स नहीं करवाना चाहिए।

- बिकनी एरिया बहुत ही सेंसेटिव होता है। बिक‍िनी वैक्‍स कराते हुए बहुत दर्द हो सकता है इसल‍िए हमेशा सलून में एक्‍सपर्ट से ही करवाएं।

- बिकिनी वैक्सिंग में प्राइवेट पार्ट के हटाने के लिए हेयर फॉलिकल भी डैमेज होते हैं। जिस वजह से प्राइवेट पार्ट के रोम छिद्र खुल जाते हैं, जिससे बैक्टीरिया आसानी प्राइवेट पार्ट में इंफेक्‍शन फैला सकते हैं।

- वैक्स की गर्माहट वजाइना के नेचुरल पीएच बैलेंस को बिगाड़ देती है, जिससे इंफेक्शन होने का खतरा रहता है।

- बिकिनी वैक्स के बाद जलन या इनग्रोन हेयर की समस्या हो सकती है।

ध्‍यान रखें

इसके अलावा वैक्‍स एक ही दिशा में होनी चाह‍िए इससे प्राइवेट पार्ट के बाल देरी से आते हैं और वजाइना में बंप और बॉइल की समस्‍या नहीं होगी।

प्राइवेट पार्ट को साफ करने के ल‍िए क्‍या है बेहतर ऑप्‍शन?

अगर आप अपना प्राइवेट पार्ट साफ रखना चाहती हैं तो बिकिनी वैक्सिंग के बजाय आप ट्रिमिंग का विकल्प चुन सकती हैं। कैंची हेयर र‍िमूव करने का बेस्ट तरीका है। रेजर के इस्तेमाल से बालों की ग्रोथ बढ़ जाती है, साथ ही प्राइवेट पार्ट का हिस्सा अनकंफर्टेबल और चुभने वाला हो जाता है।

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