Latest Updates
-
Varalakshmi Vrat Katha: वरलक्ष्मी व्रत के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, धन से जुड़ी बाधाएं होंगी दूर -
Varalakshmi Vrat 2026 Wishes: मां लक्ष्मी का आशीर्वाद...वरलक्ष्मी व्रत पर प्रियजनों को भेजें ये शुभकामना संदेश -
Rakhi Gift Ideas For Sister: इस रक्षाबंधन बहन को दें ये 7 प्यार भरे तोहफे, देखते ही खुशी से झूम उठेगी -
World Mosquito Day 2026: मच्छरों के काटने से हो सकती हैं ये खतरनाक बीमारियां, बचाव के लिए अपनाएं ये घरेलू उपाय -
पुरूषों को स्पर्म काउंट बढ़ाने के लिए खानी चाहिए ये 7 चीजें, फर्टिलिटी में होगा सुधार -
घर में अचानक कॉकरोच निकलना शुभ या अशुभ? जानें ज्योतिष और वास्तु के संकेत -
40 की उम्र में भी नजर आएंगी 20 की, हेल्दी और ग्लोइंग स्किन के लिए डाइट में शामिल करें ये 7 फूड्स -
September Travel Destinations: सितंबर में घूमने के लिए बेस्ट हैं ये भारत की ये 7 खूबसूरत जगहें, मिलेगा यादगार -
World Photography Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व फोटोग्राफी दिवस? जानें इस दिन का इतिहास, महत्व और थीम -
5 साल से तालाब में रह रहे इकबाल की मदद के लिए आगे आए अनंत अंबानी, इलाज के लिए मुंबई एयरलिफ्ट कराया
China Mysterious Virus Outbreak: चीन में बच्चे हो रहे हैं ‘वॉकिंग निमोनिया’ के शिकार, भारत में अलर्ट जारी !
China's Mystery Pneumonia Outbreak: कोविड महामारी के बाद चीन की तरफ से एक बार फिर दुनिया में नई 'हेल्थ इमरजेंसी' का खतरा बढ़ गया है। दरअसल, चीन में इन दिनों बच्चों में एक रहस्यमयी बीमारी देखी जा रही है, जिसे वहां के स्वास्थ्य विभाग ने 'मिस्टीरियस निमोनिया' और 'वॉकिंग निमोनिया' का नाम दिया है।
लोग इसे चाइनीज निमोनिया भी कह रहा है। जिससे हर रोज 7 हजार बच्चे बीमार हो रहे हैं। ये बीमारी एक इंसान से दूसरे इंसान में फैलती है। इस बीमारी से पीड़ित मरीज के संपर्क में आने से ये बीमारी फैलती है। यही वजह है कि इस बीमारी के फैलने की संभावना बढ़ रही है।

बच्चों में तेज़ी से फ़ैल रहा 'वॉकिंग निमोनिया'
चीन में लगातार इस रहस्यमयी बीमारी के केस देखे जा रहे हैं। खासकर बच्चों को प्रभावित करने वाली इस बीमारी के बारे में बीजिंग चिल्ड्रेन्स हॉस्पिटल ने लोकल मीडिया को बताया कि, उत्तरी बीजिंग में हर दिन लगभग 7 हज़ार केस देखने को मिल रहे हैं। इसके साथ ही बीजिंग के पास मौजूद वहां के तियानजिन में स्थित सबसे बड़े चिल्ड्रेन हॉस्पिटल में अधिकतम एक दिन में 13000 से अधिक बच्चों में यह बीमारी रिपोर्ट की गई।
क्या है 'मिस्टीरियस और वॉकिंग निमोनिया'
चीन के कुछ स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, यह बीमारी एक बैक्टीरिया के कारण फैलती है, जिसे मेडिकल भाषा में 'माइकोप्लामा निमोनिया' भी कहा जाता है। इसके साथ ही इस बीमारी के बारे में यह भी बताया गया कि इस बीमारी में सामान्य सर्दी के लक्षण होते हैं और इसमें हल्का संक्रमण ही होता है।
इस बीमारी में बहुत कम मामलों में ऐसी स्थिति देखी जाती है, जिसमें व्यक्ति को अस्पताल में भर्ती होने की जरूरत पड़ती है। इसके साथ ही चूंकि छोटे बच्चों में इम्युनिटी कम होती है, इसलिए उन्हें इस बीमारी से अधिक खतरा होता है।
डब्लूएचओ ने बताया बचाव के तरीके
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने बचाव के लिए एक एडवाइजरी जारी की है- WHO ने बताया कि जिन लोगों को सांस संबंधी बीमारी है वे बीमारी के जोखिम को कम करने के लिए उपायों का पालन करें, जिसमें इन्फ्लूएंजा, कोविड-19 और अन्य रेस्पिरेटरी पैथोजन्स के खिलाफ उचित टीके लगवाना शामिल हैं।
इसके साथ ही WHO ने यह भी जानकारी दी कि इससे सुरक्षित रहने के लिए बीमार लोगों से दूरी बनाए रखना, बीमार होने पर घर पर रहना, आवश्यकतानुसार परीक्षण और चिकित्सा देखभाल प्राप्त करना, उचित रूप से मास्क पहनना, अच्छा वेंटिलेशन सुनिश्चित करना और नियमित रूप से हाथ धोने जैसे कुछ आम लेकिन महत्वपूर्ण कदम शामिल है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications