Latest Updates
-
नीम करौली बाबा के 3 गुप्त नियम बदल सकते हैं आपकी किस्मत, आज ही जान लें सफल जीवन का रहस्य! -
UP Village Style Besan Cheela Recipe: घर पर बनाएं गांव जैसा पौष्टिक और स्वादिष्ट नाश्ता -
Hindi Journalism Day 2026 Wishes: हिंदी पत्रकारिता दिवस के मौके पर सभी पत्रकार दोस्तों को ये शुभकामना संदेश -
Aaj Ka Rashifal 30 May 2026: शनिवार को इन राशियों की चमकेगी किस्मत, शनिदेव की कृपा से होगा धन लाभ -
Restaurant Style Kadai Sabzi Recipe: घर पर बनाएं होटल जैसी चटपटी और मसालेदार सब्जी -
Blue Moon 2026: 31 मई को आसमान में दिखेगा दुर्लभ 'ब्लू मून'; जानिए इसकी खासियत, कहां और कैसे देखें -
Hindi Journalism Day: 30 मई को ही क्यों मनाया जाता है हिंदी पत्रकारिता दिवस? जानें इस दिन का इतिहास और महत्व -
Kumaoni Sweet Bal Mithai Recipe: घर पर बनाएं उत्तराखंड की पारंपरिक और स्वादिष्ट मिठाई -
महिलाओं के लिए वरदान से कम नहीं है हलीम के बीज, अनियमित पीरियड्स समेत इन 5 समस्याओं को कर सकते हैं दूर -
गर्मियों में पसीने से होने वाली 5 कॉमन स्किन प्रॉब्लम्स, एक्सपर्ट से जानें इन समस्याओं से बचने के घरेलू उपाय
विटामिन डी की कमी आपको कमज़ोर बना सकती है
विटामिन डी फैट में घुलनशील विटामिन है जो अंडे की जर्दी, दूध से बने उत्पाद, फिश, फिश ऑइल, साबुत अनाज में पाया जाता है। हमें सूर्य से भी पर्याप्त मात्रा में विटामिन डी मिलता है। इसलिए इसे सन विटामिन भी कहा जाता है। अध्ययनों से सिद्ध हो चुका है कि विटामिन डी कमी से शरीर कमज़ोर हो जाता है।
विटामिन डी हमारे शरीर द्वारा कैल्शियम के समुचित उपयोग के लिए ज़िम्मेदार होता है। अत: हड्डियों के उचित स्वास्थ्य के लिए, मज़बूत दांतों के लिए तथा हड्डियों से संबंधित बीमारियों के निदान के लिए विटामिन डी की बहुत आवश्यकता होती है।
नई रिपोर्ट्स से पता चला है कि सूर्य से मिलने वाला यह विटामिन विशेष तरह की बीमारियों से लड़ने में सहायक होता है जिसमें उच्च रक्तचाप, डाइबिटीज़, अवसादग्रस्तता, ट्यूमर, कमज़ोर हड्डियां और कमज़ोर प्रतिरक्षा तंत्र आदि शामिल है।

विटामिन डी की कमी से रिकेट्स जैसी बीमारी हो जाती है जिसके कारण हड्डियों में विकृति आ जाती है तथा हड्डियां कमज़ोर हो जाती हैं। विटामिन डी की कमी के लक्षणों में हड्डियों में दर्द और मांसपेशियों की कमज़ोरी शामिल है।
विटामिन डी कमी से बच्चों में हृदय से संबंधित बीमारियाँ, कैंसर, अस्थमा आदि समस्याएं तथा वयस्कों में संज्ञानात्मक दुर्बलता आ सकती है।

बहुत से लोग कई कारणों से विटामिन डी कमी से ग्रस्त होते हैं। वे लोग जो विटामिन डी युक्त आहार नहीं लेते उनमें विटामिन डी की कमी पाई जाती है।
क्योंकि विटामिन डी की अधिकतम स्त्रोत जानवरों से प्राप्त खाद्य पदार्थ हैं अत: शाकाहारी लोगों में विटामिन डी कमी होनी की समस्या अधिक होती है।

वे लोग जो हमेशा अंदर रहते हैं तथा सूर्य की रोशनी में नहीं निकलते उनमें भी विटामिन डी की कमी होने की संभावना होती है। शोध से पता चला है कि ऐसे बुज़ुर्ग जिनकी त्वचा का रंग गहरा होता है उन्हें भी विटामिन डी की कमी होने का खतरा अधिक होता है।
कभी कभी कुछ लोगों में किडनी शरीर में विटामिन डी को उस रूप में नहीं बदल पाती जिस रूप में शरीर इसे अवशोषित करता है। इसके कारण विटामिन डी की कमी हो जाती है।

आँतों की बीमारी से ग्रसित लोगों में विटामिन डी की कमी पाई जाती है क्योंकि इन लोगों के शरीर का पाचन तंत्र पर्याप्त मात्रा में विटामिन डी को अवशोषित नहीं कर पाता। मोटे लोगों में भी विटामिन डी कमी पाई जाती है क्योंकि वसा कोशिकाएं रक्त से विटामिन डी अवशोषित कर लेती हैं।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications