Latest Updates
-
Rang Panchami 2026 Wishes: रंगों की फुहार हो…रंग पंचमी पर प्रियजनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Women's Day 2026 Wishes for Mother: मेरी पहली 'सुपरवुमन' मेरी मां के नाम खास संदेश, जिसने दुनिया दिखाई -
Rang Panchami 2026 Wishes In Sanskrit: रंग पंचमी पर संस्कृत के इन पवित्र श्लोकों से दें देव होली की शुभकामनाएं -
Happy Women's Day 2026: नारी शक्ति को सलाम! मां, बहन, सास और ननद के लिए महिला दिवस पर प्रेरणादायक संदेश -
दांत दर्द ने मुश्किल कर दिया है खाना-पीना? आजमाएं दादी-नानी के ये 3 घरेलू नुस्खे, मिनटों में मिलेगा आराम -
युद्ध के बीच ईरान में आया भूकंप, क्या सच हो रही है बाबा वांगा की भविष्यवाणी? -
Women's Day Wishes for Wife: इन प्यार भरे संदेशों के साथ अपनी जीवनसंगिनी को दें महिला दिवस की मुबारकबाद -
Eid Kab Hai 2026: भारत में किस दिन दिखेगा ईद का चांद? नोट कर लें ईद-उल-फितर की तारीख -
T20 World Cup 2026: क्या टीम इंडिया फिर रचेगी इतिहास? जानें क्या कहती है डॉ. वाई राखी की भविष्यवाणी -
क्या आप भी हैं 'सुपरवुमन सिंड्रोम' की शिकार? जानें इसका सच और बचने के तरीके
Jaipur Earthquake: जयपुर में 1 घंटे में 3 बार हिली धरती, NDMA ने बताए भूकंप आने पर क्या करें और क्या नहीं
Jaipur Earthquake: राजस्थान के जयपुर में शुक्रवार को 4.4 तीव्रता का भूकंप आया. शहर के कुछ हिस्सों में भूकंप के झटके महसूस होते ही घबराए लोग अपने घरों से बाहर निकल आए। वहीं, मणिपुर के उखरुल में भी सुबह 05:01 बजे भूकंप के झटके महसूस किए गए, जिसकी तीव्रता 3.5 आंकी गई।
आइए जानते हैं अगर आप सो रहे हैं और अचानक आपकी आंख भी भूकंप के झटके लगने से खुलती है, तो जानिए सेफ्टी को ध्यान में रखते हुए आपको सबसे पहले क्या करना चाहिए।

बढ़ जाती है रेडॉन गैस की मात्रा
जयपुर मौसम केंद्र के प्रभारी आरएस शर्मा के मुताबिक भूकंप की लहरें किसी क्षेत्र से टकराने से पहले उस क्षेत्र के वातावरण में रेडॉन गैस की मात्रा बढ़ जाती है, रेडॉन गैस का बढ़ना दर्शाता है कि यह क्षेत्र भूकंप की चपेट में आने वाला है। इस बिंदू पर भूकंपीय तरंगें उत्पन्न होती हैं उसे भूकंप का फोकस कहते हैं। यह पृथ्वी की सतह से नीचे होता है। पृथ्वी की सतह पर जहां पहली बार भूकंप के झटके महसूस किए जाते हैं, एपिसेंटर कहलाता है।
भूकंप आने पर क्या करें तथा क्या ना करें
राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ( National Disaster Management Authority) भूकंप आने पर एक गाइडलाइन जारी कि है, जिसमें सलाह दी गई है कि भूकंप आने पर क्या करना चाहिए और क्या नहीं?
-आप यदि घर के अंदर हों तो जमीन पर झुक जाए, किसी मजबूत मेज अथवा फर्नीचर के किसी हिस्से के नीचे शरण लें अथवा तब तक मजबूती से पकड़कर बैठे रहें जब तक कि भूकंप के झटके न रुक जाएं। यदि आपके पास कोई मेज या डेस्क न हो तो अपने चेहरे तथा सिर को अपने बाजुओं से ढक लें और बिल्डिंग के किसी कोने में झुक कर बैठ जाएं।
- छत तथा नींव के पलास्तर में पड़ी दरारों की मरम्मत कराएं। यदि कोई संरचनात्मक कमी का संकेत हो तो विषेशज्ञ की सलाह लें।
- सीलिंग में ऊपरी (ओवरहेड) लाइटिंग फिक्सचर्स (झूमर आदि) को सही तरह से टांगें।
- भवन निर्माण मानकों हेतु पक्के इलाके में ऑथेटिंक बीआईएस मार्क वाले सामान का इस्तेमाल करें।
- दीवारों पर लगे शेल्फ को सावधानी से टाइट बंद करके रखें।
- नीचे के षेल्फों में बड़ी अथवा भारी वस्तुओं को रखें।
-सांकल/चिटकनी वाली लकड़ी की निचली बंद कैबिनेटों में भंगुर (ब्रेकेबल) मदें जैसे बोतलबंद खाद्य सामग्री, गिलास तथा चीनी मिट्टी के बर्तन को रखें।
- भारी चीजों जैसे तस्वीर तथा शीशे आदि को, बिस्तर, सोफा, बेंच या कोच तथा जहां भी लोग बैठते हैं, वहां से दूर रखें।
- फैन फिक्चर्स तथा ओवरहेड लाइट को नट-बोल्ट की मदद से अच्छी तरह फिट कराएं।
खराब या दोशपूर्ण बिजली की तारों तथा लीक करने वाले गैस कनेक्षनों की मरम्मत कराएं जिनसे आग लगने के जोखिम की संभावना होती है।
- पानी गर्म करने का हीटर, एलपीजी सिलेंडर आदि को दीवार के साथ अच्छी तरह कसवाएं बंधवाएं अथवा फर्ष पर बोल्ट कसवा के उन्हें सुरक्षित बनाएं।
- कीटनाशको तथा ज्वलनशील पदार्थों को सांकल वाले कैबिनेटों में तथा नीचे के शेल्फ में सावधानी से रखें।
- घर के अंदर तथा बाहर सुरक्षित स्थानों को तलाश कर रखें।
- मजबूत खाने की मेज, पलंंग के नीचे पनाह लें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications











