Latest Updates
-
Happy Sawan Somwar 2026 Wishes: शिव का नाम...सावन के पहले सोमवार पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामनाए संदेश -
बारिश के मौसम में तेजी से बढ़ रहा है वायरल फीवर का खतरा, जानिए लक्षण और बचाव के उपाय -
Friendship Day Wishes For Best Friend: इन संदेशों के जरिए बेस्ट फ्रेंड को दें फ्रेंडशिप डे की बधाई -
Happy Friendship Day 2026 Wishes: तेरी मेरी यारी...इन संदेशों के साथ दोस्तों को दें फ्रेंडशिप डे की शुभकामनाएं -
आगरा की अवनी गुप्ता ने Miss Supranational 2026 में बढ़ाया भारत का मान, कॉर्पोरेट जॉब छोड़ बनाई टॉप 12 में जगह -
सावन में भूलकर भी न करें इन चीजों का सेवन, एक्सपर्ट से जानें सावन में क्या खाएं और क्या नहीं -
Sawan Somwar Vrat 2026: क्या पीरियड्स में सावन सोमवार का व्रत रखा जा सकता है? जानें क्या कहते हैं शास्त्र -
World Lung Cancer Day 2026: स्मोकिंग न करने वालों को भी हो सकता है लंग कैंसर, जानें इसके कारण, लक्षण और बचाव -
August 2026 Vrat Tyohar: सावन शिवरात्रि से लेकर रक्षाबंधन तक, देखें अगस्त में आने वाले व्रत-त्योहारों की लिस्ट -
कर्नाटक में 18-25 साल के 7 हजार से ज्यादा छात्र HIV पॉजिटिव, अब सभी कॉलेजों में टेस्टिंग होगी अनिवार्य
पुणे में गुइलेन-बैरे सिंड्रोम नामक दुर्लभ बीमारी के 26 मरीज मिले, जानें कितनी खतरनाक है ये बीमारी?
Guillain Barre Syndrome in Pune : महाराष्ट्र के पुणे में हाल ही में दुर्लभ न्यूरोलॉजिकल बीमारी 'गुइलेन बैरी सिंड्रोम' (GBS) के 26 नए मामले सामने आए हैं, जिससे स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है। ये मामले तीन अलग-अलग अस्पतालों में दर्ज किए गए हैं। इन मामलों के मिलने के बाद पुणे में गुइलेन बैरी सिंड्रोम (GBS) को लेकर नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग को अलर्ट कर दिया है। प्रभावित इलाकों को सील कर वहां स्वास्थ्य कर्मियों को तैनात किया गया है।
GBS में शरीर का इम्यून सिस्टम गलती से तंत्रिका तंत्र पर हमला करता है, जिससे मांसपेशियों में कमजोरी, सुन्नता और कभी-कभी लकवा जैसे लक्षण उत्पन्न होते हैं। आइए जानते हैं कितनी खतरनाक हैं ये बीमारी?

गुइलेन बैरी सिंड्रोम क्या है?
गुइलेन बैरी सिंड्रोम (GBS) एक दुर्लभ और गंभीर ऑटोइम्यून डिसऑर्डर है, जिसमें शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली गलती से परिधीय तंत्रिकाओं (peripheral nerves) पर हमला करती है। इस हमले से नर्व्स में सूजन और क्षति होती है, जिसके कारण मांसपेशियों में कमजोरी, झुनझुनी, सुन्नता, और कई बार गंभीर मामलों में सांस लेने में कठिनाई हो सकती है।
इस बीमारी का सटीक कारण अभी तक ज्ञात नहीं है, लेकिन यह आमतौर पर किसी संक्रमण, जैसे वायरल या बैक्टीरियल संक्रमण के बाद विकसित हो सकती है। कई मामलों में फ्लू, डेंगू, या गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल संक्रमण के बाद GBS देखा गया है। यह स्थिति त्वरित चिकित्सा हस्तक्षेप की मांग करती है, क्योंकि उचित इलाज से रोगी की स्थिति में सुधार संभव है।
गुइलेन बैरी सिंड्रोम (GBS) के लक्षण
- गुइलेन बैरी सिंड्रोम (GBS) के प्रमुख लक्षणों में मांसपेशियों में अचानक कमजोरी, खासकर पैरों और हाथों में झुनझुनी या सुन्नता शामिल हैं।
- रोगी को संतुलन बनाने में कठिनाई और चलने में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
- गंभीर मामलों में सांस लेने में दिक्कत, तेज दिल की धड़कन, और ब्लड प्रेशर में बदलाव भी देखने को मिलते हैं।
- ये लक्षण तेजी से बढ़ सकते हैं, जिससे स्थिति गंभीर हो सकती है। समय पर उपचार से लक्षणों को नियंत्रित किया जा सकता है।
- गुइलेन बैरी सिंड्रोम (GBS) का इलाज और प्रबंधन त्वरित और सावधानीपूर्वक किया जाना चाहिए।
गुइलेन बैरी सिंड्रोम का इलाज
1. इम्यूनोग्लोबुलिन थेरेपी (IVIG): यह थेरेपी इम्यून सिस्टम को नियंत्रित करने में मदद करती है।
2. प्लाज्मा फेरसिस: इसमें खून से हानिकारक एंटीबॉडी को हटाकर तंत्रिका तंत्र की क्षति को रोका जाता है।
3. स्वच्छता का ध्यान: संक्रमण से बचने के लिए स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें।
4. सतर्कता: मांसपेशियों में कमजोरी, झुनझुनी या अन्य लक्षण महसूस होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
5. संक्रमण के बाद सावधानी: किसी भी संक्रमण के बाद शरीर में होने वाले बदलावों को नजरअंदाज न करें।
समय पर इलाज से स्थिति में सुधार संभव है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications