Latest Updates
-
Putrada Ekadashi Vrat Katha: पुत्रदा एकादशी पर जरूर करें इस व्रत कथा का पाठ, पूरी होगी संतान से जुड़ी हर कामना -
Putrada Ekadashi 2026 Wishes: विष्णु जी की भक्ति...इन संदेशों से अपनों को दें पुत्रदा एकादशी की शुभकामनाएं -
Putrada Ekadashi 2026: 23 या 24 अगस्त, कब है पुत्रदा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
कौन हैं क्रिकेटर मेधावी बिधूड़ी? ‘6-7’ सेलिब्रेशन के बाद इंटरनेट पर हुईं वायरल, खूबसूरती के दीवाने हुए फैंस -
दिल्ली में तेजी से बढ़ रहे स्वाइन फ्लू के मामले, जानें बच्चों में H1N1 के लक्षण और बचाव के उपाय -
53 की उम्र में दूल्हा बने अर्जुन रामपाल, गोवा में 14 साल छोटी गर्लफ्रेंड गैब्रिएला संग रचाई शादी -
IND vs SL 2nd Test: कोलंबो में सीरीज जीत की दहलीज पर भारत, बारिश और पिच का क्या है हाल? -
Varalakshmi Vrat Katha: वरलक्ष्मी व्रत के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, धन से जुड़ी बाधाएं होंगी दूर -
Varalakshmi Vrat 2026 Wishes: मां लक्ष्मी का आशीर्वाद...वरलक्ष्मी व्रत पर प्रियजनों को भेजें ये शुभकामना संदेश -
Rakhi Gift Ideas For Sister: इस रक्षाबंधन बहन को दें ये 7 प्यार भरे तोहफे, देखते ही खुशी से झूम उठेगी
स्वीडन की हेल्थ मिनिस्टर प्रेस कॉन्फ्रेंस में हुई बेहोश, क्यों अचानक गिर जाता है ब्लड शुगर?
How Risky Is Hypoglycemia : यूरोपीय देश स्वीडन की नई स्वास्थ्य मंत्री एलिजाबेथ लैन (Elisabeth Lann) प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अचानक बेहोश होकर गिर पड़ीं। यह उनका पद संभालने का पहला दिन था। वहां मौजूद लोगों ने तुरंत उन्हें संभाला और बाहर ले गए। कुछ ही देर बाद उनकी तबीयत में सुधार हुआ और वे वापस प्रेस कॉन्फ्रेंस में लौटीं। बाद में उन्होंने बताया कि यह घटना उनके ब्लड शुगर लेवल अचानक कम होने की वजह से हुई।
उनका यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया और लोग उनकी सेहत को लेकर चिंता जताने लगे। लेकिन इस घटना ने एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर ब्लड शुगर लेवल अचानक गिरना कितना खतरनाक हो सकता है?

क्या होता है हाइपोग्लाइसीमिया?
- जब शरीर में शुगर का स्तर सामान्य सीमा से कम हो जाता है तो इस स्थिति को हाइपोग्लाइसीमिया (Hypoglycemia) कहा जाता है।
- खाली पेट सामान्य ब्लड शुगर स्तर: 70-100 mg/dL होता है।
- अगर शुगर लेवल 70 mg/dL से नीचे चला जाए तो इसे लो शुगर कहा जाता है।
- यह स्थिति खासतौर पर डायबिटीज़ के मरीजों में देखने को मिलती है, लेकिन कभी-कभी यह सामान्य लोगों को भी प्रभावित कर सकती है।
लो ब्लड शुगर के लक्षण
ब्लड शुगर अचानक गिरने पर शरीर तुरंत संकेत देने लगता है। इनमें शामिल हैं -
- अचानक पसीना आना
- चक्कर या कंपकंपी
- दिल की धड़कन तेज होना
- थकान या कमजोरी महसूस होना
- भ्रम, चिड़चिड़ापन और घबराहट
- बोलने में कठिनाई
- बेहोशी या दौरा पड़ना
- अगर समय पर ध्यान न दिया जाए तो यह स्थिति जानलेवा हो सकती है।
क्यों खतरनाक है लो शुगर लेवल?
शरीर और खासतौर पर ब्रेन को सही तरह से काम करने के लिए ग्लूकोज की जरूरत होती है। जब ब्लड शुगर अचानक गिर जाता है तो दिमाग को ऊर्जा मिलनी बंद हो जाती है।
- सोचने और समझने की क्षमता प्रभावित होती है।
- संतुलन बिगड़ जाता है और व्यक्ति गिर सकता है।
- लंबे समय तक हाइपोग्लाइसीमिया रहने से ब्रेन में स्थायी नुकसान (Permanent Brain Damage) हो सकता है।
- रात में सोते वक्त शुगर लेवल कम होने पर व्यक्ति कोमा में भी जा सकता है।
- यानी यह सिर्फ अस्थायी समस्या नहीं है, बल्कि गंभीर नतीजे दे सकती है।
- लो शुगर में व्यक्ति बेहोश हो सकता है, दौरा पड़ सकता है और इलाज न मिलने पर मौत संभव।
किन कारणों से गिर सकता है ब्लड शुगर?
- डायबिटीज की दवाओं या इंसुलिन की गलत खुराक
- समय पर भोजन न करना
- ज्यादा शारीरिक मेहनत करना
- लंबे समय तक भूखे रहना
- अधिक मात्रा में शराब पीना
यह कारण डायबिटीज़ मरीजों में आम हैं, लेकिन कभी-कभी सामान्य लोगों में भी ऐसा हो सकता है, जैसा कि स्वीडन की स्वास्थ्य मंत्री के केस में देखा गया।
अचानक लो शुगर होने पर क्या करें?
अगर किसी का शुगर लेवल अचानक गिर जाए तो तुरंत कदम उठाने जरूरी हैं।
हल्की स्थिति में
- मरीज को तुरंत मीठा फल, चीनी, शहद या जूस देना चाहिए।
- थोड़ी देर बाद फिर से हल्का भोजन कराना चाहिए।
गंभीर स्थिति में
- मरीज को तुरंत अस्पताल ले जाना चाहिए।
- डॉक्टर की देखरेख में ग्लूकोज सप्लाई करना जरूरी होता है।
कैसे बचें लो शुगर लेवल से?
- समय पर और संतुलित भोजन करें।
- डायबिटीज़ की दवाइयां या इंसुलिन हमेशा डॉक्टर की सलाह से ही लें।
- नियमित रूप से ब्लड शुगर लेवल मॉनिटरिंग करें।
- ज्यादा देर तक खाली पेट न रहें।
- शारीरिक गतिविधि और भोजन का संतुलन बनाए रखें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications