कोरोना के बाद स्‍वाइन फ्लू ने बढ़ाई टेंशन, गले में लगातार खराश और इन 5 लक्षणों को न करें नजरअंदाज

Swine Flu Cases Rise In India: कोरोना के नए वेरिएंट के साथ देशभर में सीजनल इन्फ्लूएंजा यानी स्वाइन फ्लू का खतरा भी बढ़ने लगा है सर्दी के मौसम में स्वाइन फ्लू के मामले ज्यादा सामने आते हैं। बीते कई दिनों से देश के कई राज्यों में लगातार स्‍वाइन फ्लू के सामने आए हैं। स्वाइन फ्लू जि‍से H1N1 खासतौर पर इन्फ्लुएंजा ए वायरस के कारण होता है।

ये वायरस सुअर, पक्षी और इंसानों के जरिये फैलता है। पहले मरीज की इन्फ्लुएंजा ए की जांच की जाती है, ज‍िसके बाद इस संक्रमण की पुष्टि होती है। इस मौसम में सेहत का ज्‍यादा ध्‍यान रखने की जरुरत है क्‍योंक‍ि कोरोना और स्वाइन फ्लू के लक्षण एक जैसे ही है।

Swine Flu Cases Rise In India

क्या होता है H1N1 वायरस?

स्वाइन फ्लू (H1N1) एक संक्रमण है, जो एक प्रकार का फ्लू (इन्फ्लूएंजा) वायरस पैदा करता है। इसे स्वाइन फ्लू कहा जाता है, क्योंकि यह फ्लू वायरस के समान है, जो सूअरों को प्रभावित करता है। यह वायरस सूअरों में फेफड़े (श्वसन) की बीमारी का कारण बनता है। स्वाइन फ्लू (H1N1) मनुष्यों में रेस्पिरेटरी इन्फेक्शन है। इसे स्पैनिश फ्लू के नाम से जाना गया। साल 1918 में, H1N1 के स्ट्रेन से फैली फ्लू महामारी ने दुनिया भर में 500 मिलियन लोगों को संक्रमित किया था और इसमें 50 मिलियन लोग मारे गए थे।

लक्षण

- बुखार
- ठंड लगना
- गले में लगातार खराश होना
- शरीर या मांसपेशियों में दर्द
- सिरदर्द
- थकान
- सांस लेने में तकलीफ
- दाने के साथ बुखार आना

ऐसे फैलता है वायरस

यह एक संक्रामक रोग है इसलिए इसका संक्रमण मरीज के संपर्क में आने से फैलता है। यह संपर्क कई तरीकों से हो सकता है जैसे, संक्रमित व्यक्ति की छींक के समय निकले संक्रमित द्रव की बूंदों के संपर्क में आने से, संक्रमित व्यक्ति के खांसने से निकली हवा के संपर्क में आने से और यदि संक्रमित व्यक्ति छींकने या खांसने के समय अपने हाथ को लगाता है और फिर इसी हाथ से किसी अन्य व्यक्ति से हाथ मिलाता है।

स्वाइन फ्लू से बचाने के लिए जरूरी जांच

इन्फ्लुएंजा ए और बी एक कॉमन कोल्ड की तरह है। हर साल सर्दी में इन्फ्लुएंजा ए और बी सामने आता है। मरीजों में इन्फ्लुएंजा ए की जांच जरूर की जाती है। इसके ल‍िए रैपिड फ्लू टेस्ट की मदद से भी इसकी पहचान की जा सकती है। एक रैपिड फ्लू टेस्ट कई अलग-अलग फ्लू वायरस की जांच करता है। H1N1 टेस्ट के रिजल्ट आने में कुछ दिन लग सकते हैं।

इस मौसम में इन बातों का रखें ध्‍यान

- छींकते या खांसते समय अपनी नाक और मुंह को रुमाल से ढकें।
- अगर रुमाल या टिश्यू नहीं है, तो छींकते हुए कोहनी रखें।
- अपने हाथ साबुन और पानी से बार-बार धोएं।
- अपनी आंखों, नाक या मुंह को न छुएं।
- ऐसे लोगों के संपर्क में आने से बचें जो बीमार हैं।
- अगर आप बीमार हैं, तो घर पर ही रहें।
- कप, स्ट्रॉ और बर्तन जैसी पर्सनल चीजें शेयर करने से बचें।
- सफाई का खास ध्‍यान रखें।

Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्‍वास्‍थ्‍य प्रदात्ता से सलाह लें।

Story first published: Thursday, January 4, 2024, 18:47 [IST]
Desktop Bottom Promotion