Latest Updates
-
कर्नाटक में 18-25 साल के 7 हजार से ज्यादा छात्र HIV पॉजिटिव, अब सभी कॉलेजों में टेस्टिंग होगी अनिवार्य -
Sawan 2026: सावन में शिवलिंग की पूजा के दौरान भूलकर भी न करें ये 7 गलतियां, नाराज हो सकते हैं भगवान शिव -
गुरु पूर्णिमा के अवसर पर करिश्मा तन्ना के घर गूंजी किलकारी, इस शुभ दिन जन्मे बच्चों के लिए चुनें ये खास नाम -
30 जुलाई या 2 अगस्त, फ्रेंडशिप डे कब है? जानें International Friendship Day और Friendship Day में फर्क -
Happy Sawan 2026 Wishes: ...इन संदेशों के जरिए अपने प्रियजनों को दें सावन की शुभकामनाएं -
कांवड़ यात्रा की शुरुआत कैसे हुई? जानिए कौन था पहला कांवड़िया, जिसने सबसे पहले चढ़ाया था शिवलिंग पर जल -
कलौंजी के तेल से बनाएं बालों को लंबा और घना, जानें इसे घर पर बनाने का तरीका -
देव आनंद के बेटे सुनील आनंद का हार्ट अटैक से निधन, जिस अस्पताल में पिता ने ली थी अंतिम सांस वहीं तोड़ा दम -
Guru Purnima 2026 Speech: गुरु पूर्णिमा पर दें ये सरल और दमदार भाषण, तालियों से गूंज उठेगा पूरा हॉल -
Guru Purnima 2026 Wishes: गुरु से ही ज्ञान...गुरु पूर्णिमा पर अपने गुरुजनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश
विश्व मलेरिया दिवस: मलेरिया के लक्षण
मलेरिया एक जानलेवा बुखार है जो कि गर्मी और बरसात के मौसम में बहुत तेजी से फैलता है। हर साल 25 अप्रैल को वर्ल्ड मलेरिया डे पूरे विश्व में मनाया जाता है। वर्ल्ड मलेरिया डे की शुरुआत मई 2007 में वर्ल्ड हेल्थ एसेंबली के 60वें सत्र में की गई। संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (यूनिसेफ) ने विश्व मलेरिया दिवस पर एक रिपोर्ट जारी की है, जिसके अनुसार हर साल लगभग 8.5 लाख लोग मच्छर के काटने से मारे जाते हैं। इस दिन लोगों के बीच में जा कर उन्हें मलेरिया के होने का कारण और उससे बचने के उपाय बताए जाते हैं।
मलेरिया होने से व्यक्ति की जान भी जा सकती है इसलिये इस बीमारी की चर्चा करनी बहुत जरुरी है। मौसम के बदलने पर यदि बुखार आ रहा है, सिर में दर्द है और कमजोरी लग रही है, तो लापरवाही न करें तुरंत चिकित्सक का परामर्श लें। हो सकता है कि आपको मलेरिया होने के चांस हों। आइये जानते हैं मलेरिया के लक्षण जिससे आप इस खतरनाक बीमारी से हमेशा दूर रहें। घर में लगाइये मच्छरों को दूर भगाने वाले पौधे
मलेरिया क्या है?
मलेरिया एक प्रकार के परजीवी प्लाजमोडियम से फैलने वाला रोग है। जिसका वाहक मादा एनाफिलीज मच्छर होता है। जब संक्रमित मादा एनाफिलीज मच्छर किसी व्यक्ति को काटता है तो संक्रमण फैलने से उसमें मलेरिया के लक्षण दिखाई देने लगते हैं।

तेज बुखार
अगर आपको मलेरिया है तो, आपको तेज बुखार चढ़ेगा। यह बुखार गंभीर बन कर ब्रेन फीवर तक में बदल सकता है।

ठंड लगना
बुखार चढ़ने से पहले आपको ठंड लगना शुरु होगी। शरीर में थरथराहट पैदा होने पर आप समझ सकते हैं कि आपको तेज बुखार आने वाला है।

सिरदर्द
अगर आपको मलेरिया है, तो वायरल फीवर के साथ सिरदर्द भी आएगा। यहां तक कि है कि आपको सिदर्द के साथ आंखों के सामने अंधेरा आ सकता है और आप चक्कर खा कर गिर भी सकती हैं।

उल्टी
मलेरिया होने पर आपको कुछ भी खाने पर उल्टी आ सकती है।

मतली
मलेरिया आपकी हड्डी तक हिला सकता है। आपको भूख लगना कम हो सकती है और आपको समय-समय पर मतली आ सकती है।

ठंडा पसीना
जब बुखार आपके शरीर को छोड़ देगा, तब आपको ठंडा पसीना आना शुरु हो सकता है। शरीर में कपकपी लगने के अलावा उसमें ठंडा पसीना आने लगता है।

थकान
मलेरिया आपके शरीर की पूरी एनर्जी चूस लेता है। मलेरिया खतम हो जाने के बाद भी शरीर की थकान नहीं मिटती।

सूखी खांसी
मलेरिया आपके गले को पूरी तरह से सुखा देता है और आपकी मासपेरियों को डीहाइड्रेट कर देता है। मुंह में कोई बलगम नहीं बनता ।

मासपेशियों में दर्द
मलेरिया एक इंफेक्शन है तो कि मासपेशियों को पूरी तरह से डीहाइड्रेट कर देता है। यह मासपेशियों से द्रव को सोख लेता है जिससे मासपेशियों में दर्द शुरु हो जाता है।



Click it and Unblock the Notifications