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एट-होम कोविड टेस्ट: घर बैठे चैक करें कोरोना, जानें कितना एक्यूरेट रिजल्ट देता है ये किट
कोरोना वायरस की जांच के लिए कोविड सेंटर जाने की जरुरत नहीं पड़ेगी क्योंकि घर बैठे भी ये जांच की जा सकती है। इसके लिए मार्केट में एट-होम कोरोना टेस्ट किट मिल रही है। हाल ही में, अमेरिका के फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) ने दावा किया था कि एट-होम टेस्ट ओमिक्रॉन होने पर गलत रिजल्ट बता सकता है। जिसके बाद से ही ओमिक्रॉन के बढ़ते संक्रमण के बीच ये जानना जरुरी है कि इस किट की एक्यूरेसी पर कितना भरोसा किया जा सकता है।

क्या होता है एट-होम कोरोना वायरस टेस्ट?
कोरोना टेस्ट के लिए रैपिड एंटीजन या RT-PCR करवाने होते हैं। इन सभी टेस्ट के लिए मेडिकल एक्सपर्ट और लैब की जरूरत होती है। कोरोना का एट-होम टेस्ट आसान विकल्प है। ये प्रेग्नेंसी टेस्ट किट की तरह होता है। इसमें सैंपल डालकर 15 से 20 मिनट में रिजल्ट मालूम किया जा सकता है। इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) ने कई होम टेस्टिंग किट्स को मंजूरी दी है। ये मार्केट में 250-500 रुपए की रेंज में उपलब्ध हैं।

एट-होम कोरोना टेस्ट के रिजल्ट कितने सटीक होते हैं?
विशेषज्ञों का मानना है कि SARS-CoV-2 के केस में एट-होम कोरोना टेस्ट अधिकतर सही रिजल्ट देता है। केवल 15 मिनट में व्यक्ति को पता चल जाता है कि वो कोविड पॉजिटिव है या नहीं। हालांकि, RT-PCR टेस्ट की तुलना में ये ज्यादा एक्यूरेट नहीं होता है।

RT-PCR टेस्ट से कितना अलग?
भारत सरकार रियल टाइम पोलीमरेज चेन रिएक्शन (RT-PCR) के रिजल्ट को सबसे सटीक माना जाता है। इसमें मरीज की नाक या गले से सैंपल लिया जाता है। ये टेस्ट लैब में 4-5 घंटों तक किया जाता है। इसमें राइबोन्यूक्लिक एसिड (RNA) की जांच की जाती है, जो कि वायरस का जेनेटिक मटेरियल होता है। अगर सैंपल का जेनेटिक सीक्वेंस कोरोना वायरस के जेनेटिक सीक्वेंस से मेल खाता है, तो मरीज को कोविड पॉजिटिव माना जाता है।
एट-होम कोरोना टेस्ट एक रैपिड एंटीजन टेस्ट है। इसमें सैंपल निकालने का तरीका RT-PCR के समान है, लेकिन इसमें लैब में जाने के बजाय इसे घर पर ही किया जा सकता है। ये शरीर में वायरस का पता तुरंत लगाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। रैपिड एंटीजन टेस्ट वायरस की सतह पर मिलने वाले प्रोटीन और मॉलिक्यूल्स का पता लगाता है। विशेषज्ञों की माने तो दोनों ही टेस्ट कोरोना वायरस की ओरिजिनल स्ट्रेन को पकड़ने में कारगर हैं। हालांकि, ओमिक्रॉन वैरिएंट के बारे में एट-होम टेस्ट में पता लगाना कभी-कभी मुश्किल हो जाता है।



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