Latest Updates
-
Varalakshmi Vrat Katha: वरलक्ष्मी व्रत के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, धन से जुड़ी बाधाएं होंगी दूर -
Varalakshmi Vrat 2026 Wishes: मां लक्ष्मी का आशीर्वाद...वरलक्ष्मी व्रत पर प्रियजनों को भेजें ये शुभकामना संदेश -
Rakhi Gift Ideas For Sister: इस रक्षाबंधन बहन को दें ये 7 प्यार भरे तोहफे, देखते ही खुशी से झूम उठेगी -
World Mosquito Day 2026: मच्छरों के काटने से हो सकती हैं ये खतरनाक बीमारियां, बचाव के लिए अपनाएं ये घरेलू उपाय -
पुरूषों को स्पर्म काउंट बढ़ाने के लिए खानी चाहिए ये 7 चीजें, फर्टिलिटी में होगा सुधार -
घर में अचानक कॉकरोच निकलना शुभ या अशुभ? जानें ज्योतिष और वास्तु के संकेत -
40 की उम्र में भी नजर आएंगी 20 की, हेल्दी और ग्लोइंग स्किन के लिए डाइट में शामिल करें ये 7 फूड्स -
September Travel Destinations: सितंबर में घूमने के लिए बेस्ट हैं ये भारत की ये 7 खूबसूरत जगहें, मिलेगा यादगार -
World Photography Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व फोटोग्राफी दिवस? जानें इस दिन का इतिहास, महत्व और थीम -
5 साल से तालाब में रह रहे इकबाल की मदद के लिए आगे आए अनंत अंबानी, इलाज के लिए मुंबई एयरलिफ्ट कराया
आपकी क्रिएटिविटी को धीरे-धीरे खत्म कर रहा है आपका स्मार्टफोन : न्यू रिसर्च
स्मार्टफोन ने इस डिजिटल एरा में आपकी लाइफ को काफी आसान कर दिया है, इसके साथ ही आप अपने स्मार्टफोन पर काफी ज्यादा डिपेंड भी हो गये हैं, क्योंकि आपके स्मार्टफोन में आपकी पूरी दुनिया समाई हुई है। लेकिन एक नई रिसर्च के अनुसार, आपका मोबाइल फोन आपका "ब्रेन ड्रेन" कर रहा है। जी हां, स्मार्टफोन की उपस्थिति से आप सब कुछ आसानी से कर लेते हैं लेकिन इसकी वजह से आपके अंदर की रचनात्मकता कम होती जा रही है। दो एक्सपेरिमेंट के रिजल्ट बताते हैं कि जब लोग निरंतर ध्यान बनाए रखने में सफल होते हैं - जैसे कि जब वे अपने फोन को बार बार चेक करने से बचते है। क्योंकि इस डिवाइस का सिर्फ होना भी मौजूद कॉगनेटिव एबिलिटी को कम कर देता है।
ये नया रिसर्च क्रिएटविटी कोच मार्क मैकगिनीज के शब्दों को सही साबित कर रहा है, जैसा कि उन्होंने एक बार कहा था, "क्या बोरियत की मौत का मतलब आपकी क्रिएटिविटी की मौत हो सकती है?"

स्मार्ट फोन क्रिएटिविटी के विकास में रोड़ा
अध्ययन कहता है कि स्मार्ट फोन क्रिएटिविटी के विकास में रोड़ा है। सोशल कॉग्निटिव एंड अफेक्टिव न्यूरोसाइंस में पब्लिश एक नई रिसर्च के अनुसार, स्मार्टफोन की लत लगना या चिपकना आपके ब्रेन की रचनात्मक क्षमता के लिए एक बड़ी रूकावट बन सकता है।

क्या कहती है स्मार्टफोन एडिक्शन स्केल
स्मार्टफोन एडिक्शन स्केल (एसएएस) का इस्तेमाल कर 18 से 25 साल की उम्र के 48 प्रतिभागियों पर ये रिसर्च किया गया। रिसर्च 2 के डेटा उपलब्ध कॉगनेटिव केपिसिटी पर इस प्रभाव को दोहराते हैं, निरंतर ध्यान के बिहेवियर मेजरमेंट पर कोई प्रभाव नहीं दिखाते हैं, और सबूत दिखाते हैं कि कंज्यूमर की उनके डिवाइस पर निर्भरता में पर्सनल गैप WMC पर स्मार्टफोन के प्रभाव को कम करता है।

अध्ययन का निष्कर्ष:
अध्ययन में ये निष्कर्ष निकाला गया कि जिन लोगों के एसएएस स्कोर उच्च थे, वे लचीलेपन, प्रवाह और मौलिकता के मामले में खराब थे। जबकि कम एसएएस स्कोर वाले एक्टिव और क्रिएटिव थे।
(Reference- www.journals.uchicago.edu)



Click it and Unblock the Notifications