Latest Updates
-
वैशाख अमावस्या को क्यों कहते हैं सतुवाई अमावस्या? जानें सत्तू और पितरों का वो रहस्य जो कम लोग जानते हैं -
Akshaya Tritiya पर नमक खरीदना क्यों माना जाता है शुभ? जानें मां लक्ष्मी को प्रसन्न करने का सस्ता और अचूक उपाय -
World Hemophilia Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व हीमोफीलिया दिवस? जानें इतिहास, महत्व और इस साल की थीम -
Vaishakh Amavasya Wishes: वैशाख अमावस्या पर अपनों को भेजें ये संदेश, पितरों का मिलेगा साक्षात आशीर्वाद -
Vaishakh Amavasya Vrat Katha: वैशाख अमावस्या के दिन जरूर पढ़े ये व्रत कथा, पितृ दोष से मिलेगी मुक्ति -
Aaj Ka Rashifal 17 April 2026: वैशाख अमावस्या पर कर्क और तुला का चमकेगा भाग्य, जानें अपना राशिफल -
जुबिन नौटियाल ने उत्तराखंड में गुपचुप रचाई शादी, जानें कौन है सिंगर की दुल्हन -
Mango Varieties In India: तोतापुरी से लेकर बंगीनापल्ली तक, जानें भारत की प्रसिद्ध आम की किस्में और इनकी पहचान -
Heatwave Alert: दिल्ली समेत कई राज्यों में हीटवेव का अलर्ट, जानें भीषण गर्मी का सेहत पर असर और बचाव के टिप्स -
Guru Bhairavaikya Mandira: कर्नाटक का गुरु भैरवैक्य मंदिर क्यों है इतना खास? जिसका पीएम मोदी ने किया उद्घाटन
Saraswati Mata Ka Favourite Bhog: बसंत पंचमी पर मां सरस्वती को लगाएं उनके प्रिय भोग
Basant Panchami 2024 Saraswati Mata Ka Favourite Bhog: हिंदू पंचांग के मुताबिक, माघ महीने की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को बसंत पंचमी का पर्व मनाया जाता है। यह पर्व मां सरस्वती के धरती पर अवतरण के साथ साथ वसंत ऋतु के आगमन का भी संकेत देता है। इस दिन माता सरस्वती की विधिवत पूजा की जाती है और ज्ञान व सद्बुद्धि का आशीर्वाद प्राप्त किया जाता है।
पंचमी तिथि की शुरुआत 13 फरवरी को दोपहर 02.41 बजे से होगी और 14 फरवरी को 12.09 बजे तिथि का समापन होगा। उदया तिथि को मानते हुए इस साल बसंत पंचमी का पर्व 14 फरवरी को मनाया जाएगा।

इस दिन ब्रह्म मुहूर्त में स्नान करके पीले या श्वेत वस्त्र धारण करके विधि विधान पूजन किया जाता है साथ ही माता सरस्वती को सफेद पुष्प अर्पित करते हैं और मिठाई, फल आदि का भोग लगाते हैं। इस दिन मां शारदा को उनके पसंद का भोग लगाया जाता है, जिससे जीवन में सदैव उनकी कृपा बनी रहें। पेश है बसंत पंचमी के दिन लगाये जाने वाले मां सरस्वती के प्रिय भोग -
Basant Panchami 2024 Saraswati Puja Bhog
केसर खीर
बसंत पंचमी के शुभ अवसर पर मां सरस्वती को केसर की खीर अवश्य भोग में लगायें। माना जाता है कि मां सरस्वती को श्वेत व पीले वस्त्र के साथ-साथ इन रंग के भोग भी बहुत पसंद होते है। इसलिए बसंत पंचमी के दिन केसर की खीर भोग में लगाने से आपकी सारी मनोकामनाएं पूर्ण होगी । इस दिन प्रायः पीले केसर का उपयोग करना चाहिए, यह पूजन में बहुत महत्वपूर्ण है।

बेसन के लड्डू
बसंत पंचमी के शुभ अवसर पर मां वीणा वादिनी को बेसन के लड्डू का भोग अवश्य लगाना चाहिए। मान्यता है कि बेसन के लड्डू भोग लगाने से मां सरस्वती के साथ-साथ भगवान श्री हरि विष्णु नारायण का भी आशीर्वाद प्राप्त होता है जिससे रोग दोष कष्ट इत्यादि दूर होते है।
मोदक
बसंत पंचमी के पावन पर्व पर माता सरस्वती को मोदक का भी भोग लगाया जा सकता है। ऐसा करने से माता सरस्वती के साथ माता लक्ष्मी और भगवान गणेश का भी आशीर्वाद प्राप्त होता है।
हलवा
पंचमी के दिन शुभ पूजा मुहूर्त में माता सरस्वती को घी के मिश्रण से बने हलवे का भोग भी लगाया जा सकता है। हलवे में घी के साथ-साथ लाल केसर का भी उपयोग करें। इस दिन चने की दाल के बने हलवे को भी भोग लगा सकते हैं, ऐसा करने से माता सरस्वती बहुत ही अत्यधिक प्रसन्न हो जाएगी।
बूंदी
बसंत पंचमी के पावन पर्व पर विद्या के देवी मां सरस्वती को बूंदी का भोग भी लगायें। माना जाता है कि मीठी बूंदी मां सरस्वती को अत्यधिक प्रिय है जिससे प्रसन्न होकर मां बिना वादिनी आपको तथा आपके परिवार को हमेशा खुश रहने का आशीर्वाद देंगे।

रबड़ी
माना जाता है कि मां विद्या की देवी को श्वेत खाद्य वस्तुएं बहुत ही पसंद होती है जिसमें रबड़ी भी शामिल है बसंत पंचमी के पूजन दिवस में मां सरस्वती को केसर युक्त का रबड़ी का भोग अवश्य लगा सकते हैं। इससे प्रसन्न होकर मां सरस्वती आपकी सारी इच्छाएं पूर्ण करेंगी।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications











