Latest Updates
-
Putrada Ekadashi 2026 Wishes: विष्णु जी की भक्ति...इन संदेशों से अपनों को दें पुत्रदा एकादशी की शुभकामनाएं -
Putrada Ekadashi 2026: 23 या 24 अगस्त, कब है पुत्रदा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
कौन हैं क्रिकेटर मेधावी बिधूड़ी? ‘6-7’ सेलिब्रेशन के बाद इंटरनेट पर हुईं वायरल, खूबसूरती के दीवाने हुए फैंस -
दिल्ली में तेजी से बढ़ रहे स्वाइन फ्लू के मामले, जानें बच्चों में H1N1 के लक्षण और बचाव के उपाय -
53 की उम्र में दूल्हा बने अर्जुन रामपाल, गोवा में 14 साल छोटी गर्लफ्रेंड गैब्रिएला संग रचाई शादी -
IND vs SL 2nd Test: कोलंबो में सीरीज जीत की दहलीज पर भारत, बारिश और पिच का क्या है हाल? -
Varalakshmi Vrat Katha: वरलक्ष्मी व्रत के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, धन से जुड़ी बाधाएं होंगी दूर -
Varalakshmi Vrat 2026 Wishes: मां लक्ष्मी का आशीर्वाद...वरलक्ष्मी व्रत पर प्रियजनों को भेजें ये शुभकामना संदेश -
Rakhi Gift Ideas For Sister: इस रक्षाबंधन बहन को दें ये 7 प्यार भरे तोहफे, देखते ही खुशी से झूम उठेगी -
World Mosquito Day 2026: मच्छरों के काटने से हो सकती हैं ये खतरनाक बीमारियां, बचाव के लिए अपनाएं ये घरेलू उपाय
Vinayak Chaturthi 2026: 20 या 21 फरवरी, कब है फाल्गुन विनायक चतुर्थी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
Vinayak Chaturthi February 2026: हिंदू धर्म में विनायक चतुर्थी का विशेष महत्व है। पंचांग के अनुसार, हर महीने के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को विनायक चतुर्थी का व्रत रखा जाता है। यह दिन भगवान गणेश की आराधना के लिए विशेष माना जाता है। साल 2026 में फाल्गुन विनायक चतुर्थी या ढुण्ढिराज चतुर्थी का पर्व 21 फरवरी शनिवार को है। मत्स्यपुराण में इसे मनोरथ चतुर्थी के नाम से वर्णित किया गया है। यह दिन भगवान श्री गणेश के ढुण्डिराज स्वरूप को समर्पित होता है। ढुण्डिराज का अर्थ है वह देवता जो भक्तों के कष्टों और विघ्नों को खोजकर दूर करते हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस दिन व्रत रखने और पूजा करने से जीवन के समस्त विघ्न दूर होते हैं, कार्यों में सफलता मिलती है और घर में सुख-समृद्धि का वास होता है। आइए। जानते हैं कि फरवरी 2026 में विनायक चतुर्थी की तिथि, शुभ मुहूर्त, चंद्र दर्शन का वर्जित समय और पूजा विधि -

फाल्गुन विनायक चतुर्थी 2026 तिथि
हिंदू पंचांग के अनुसार, फाल्गुन माह के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी की शुरुआत 20 फरवरी 2026, शुक्रवार को दोपहर 2 बजकर 37 मिनट पर होगी। वहीं, इस तिथि का समापन अगले दिन यानी 21 फरवरी 2026, शनिवार को दोपहर 1 बजे होगा। ऐसे में, उदयातिथि के अनुसार विनायक चतुर्थी का व्रत 21 फरवरी को रखा जाएगा।
फाल्गुन विनायक चतुर्थी 2026 शुभ मुहूर्त
फाल्गुन शुक्ल चतुर्थी तिथि का प्रारंभ- 20 फरवरी, 2026 को 02 बजकर 38 मिनट से
चतुर्थी तिथि समापन- 21 फरवरी, 2026 को दोपहर 1 बजे तक
चतुर्थी मध्याह्न मुहूर्त - सुबह 11 बजकर 27 मिनट से दोपहर 1 बजे तक
वर्जित चन्द्रदर्शन का समय
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, विनायक चतुर्थी के दिन चंद्रमा का दर्शन करना पूरी तरह वर्जित है। जो लोग इस दिन गलती से भी चंद्रमा का दर्शन करते हैं, उन पर झूठा कलंक लग जाता है।
एक दिन पूर्व, वर्जित चन्द्रदर्शन का समय - 20 फरवरी को 02 बजकर 38 मिनट से 09 बजकर 2 मिनट तक
वर्जित चन्द्रदर्शन का समय - 21 फरवरी को सुबह 08 बजाकर 56 मिनट से रात 10 बजकर16 मिनट तक
विनायक चतुर्थी पर पूजन विधि
सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और साफ वस्त्र पहनें।
इसके बाद चौकी पर लाल या पीला वस्त्र बिछाकर गणेश जी की मूर्ति या प्रतिमा को स्थापित करें
बप्पा को अक्षत, रोली, कुमकुम और पुष्प अर्पित करें।
गणेश जी को सिंदूर अर्पित करें और 21 दूर्वा चढ़ाएं।
तिल के लड्डू और मोदक का भोग लगाएं।
ॐ गं गणपतयै नम: मंत्र का जाप करें और गणेश चालीसा का पाठ करें।
इसके बाद व्रत कथा पढ़ें और घी के दीपक से आरती करें।
रात को चंद्र देव की पूजा करें और उन्हें जल अर्पित करें।
अंत में प्रसाद वितरण करें। साथ ही, विघ्नों की निवृत्ति, सुख-समृद्धि तथा बुद्धि की कामना करें।



Click it and Unblock the Notifications