Latest Updates
-
लंच में बनाएं उत्तर प्रदेश की चना दाल कढ़ी, उंगलिया चाटते रह जाएंगे घरवाले -
Gangaur Ke Geet: 'आ टीकी बहू गोराँ ने सोवै'...इन मधुर गीतों के बिना अधूरी है गौरा पूजा, यहां पढ़ें पूरे लिरिक्स -
प्रेगनेंसी के शुरुआती 3 महीनों में भूलकर भी न खाएं ये 5 चीजें, वरना बच्चे की सेहत पर पड़ेगा बुरा असर -
Viral Video: टीम इंडिया की T20 वर्ल्ड कप जीत पर पाकिस्तान में जश्न, काटा केक और गाया 'जन-गण-मन' -
कौन हैं Mahieka Sharma? जिसके प्यार में 'क्लीन बोल्ड' हुए Hardik Pandya, देखें वायरल वीडियो -
कौन हैं Aditi Hundia? T20 वर्ल्ड कप जीत के बाद Ishan Kishan के साथ डांस Video Viral -
काले और फटे होंठों से हैं परेशान? तो पिंक लिप्स पाने के लिए आजमाएं ये घरेलू नुस्खे -
Chaitra Navratri 2026: 8 या 9 दिन जानें इस बार कितने दिन के होंगे नवरात्र? क्या है माता की सवारी और इसका फल -
Gangaur Vrat 2026: 20 या 21 मार्च, किस दिन रखा जाएगा गणगौर व्रत? नोट करें तिथि, पूजा का शुभ मुहूर्त -
घर में लाल चीटियों का दिखना शुभ है या अशुभ? जानें शकुन शास्त्र के ये 5 बड़े संकेत
दुख, तंगी और गम में पढ़ी जाने वाली असरदार इस्लामी दुआएं, इनके जरिए होती है अल्लाह से सीधी फरियाद
Dua for distress and sorrow: मुसलमानों के लिए दुआ सबसे शक्तिशाली साधनों में से एक है। यह अल्लाह से सीधा संवाद करने का एक जरिया है। आप जो भी भावना व्यक्त करना चाहते हैं, उसके लिए एक उपयुक्त प्रार्थना मौजूद है। हमारी सूची पर एक नजर डालें - इंशाअल्लाह आपकी सभी प्रार्थनाएं स्वीकार की जाएगी। ये तो आप भी मानेंगे की जिंदगी में हर इंसान कभी न कभी दुख, परेशानी और तंगी के दौर से गुजरता है। इस्लाम में ऐसे समय में सब्र (धैर्य) और दुआ (प्रार्थना) को सबसे बड़ी ताकत माना गया है।
कुरान और हदीस में कई ऐसी दुआएं हैं जो दिल को सुकून देती हैं, इंसान के ग़म को हल्का करती हैं और अल्लाह की रहमत को बुलाती हैं। पैगंबर मुहम्मद ने कई मुसीबत के वक्त पढ़ी जाने वाली दुआएं बताईं, जो इंसान के दुख, चिंता और तंगी को दूर करने में मदद करती हैं। अगर आप या आपके किसी करीबी पर कोई दुख या गम का समय चल रहा है, तो ये दुआएं न केवल दिल को राहत देंगी, बल्कि आपको अल्लाह की रहमत के और करीब ले जाएंगी।
दुख और परेशानी में पढ़ी जाने वाली असरदार दुआएं:
1. सबसे मशहूर दुआ (Against Sorrow, Anxiety and Distress)
اللَّهُمَّ إِنِّي أَعُوذُ بِكَ مِنَ الْهَمِّ وَالْحَزَنِ، وَالْعَجْزِ وَالْكَسَلِ، وَالْجُبْنِ وَالْبُخْلِ، وَضَلَعِ الدَّيْنِ، وَغَلَبَةِ الرِّجَالِ
कैसे पढ़ें
Allahumma inni a'udhu bika minal-hammi wal-hazan, wal-'ajzi wal-kasal, wal-jubni wal-bukhl, wa ghalabatid-dayni wa qahrir-rijal.

इसका अर्थ
"हे अल्लाह! मैं तुझसे शरण मांगता हूं चिंता और ग़म से, कमजोरी और आलस्य से, डर और कंजूसी से, कर्ज के बोझ और लोगों के अत्याचार से।"
2. किसी गहरी परेशानी या दुख के वक़्त (For Hardships)
حَسْبُنَا اللَّهُ وَنِعْمَ الْوَكِيلُ
कैसे पढ़ें
Hasbunallahu wa ni'mal wakeel
इसका अर्थ
"अल्लाह हमारे लिए काफी है, और वही सबसे अच्छा संरक्षक है।"
यह दुआ तब पढ़ी जाती है जब इंसान खुद को बिलकुल अकेला और असहाय महसूस करता है।
3. गम और दुख को दूर करने की दुआ (From Hadith)
اللَّهُمَّ رَحْمَتَكَ أَرْجُو، فَلَا تَكِلْنِي إِلَى نَفْسِي طَرْفَةَ عَيْنٍ، وَأَصْلِحْ لِي شَأْنِي كُلَّهُ، لَا إِلَهَ إِلَّا أَنْتَ
कैसे पढ़ें
Allahumma rahmataka arju fala takilni ila nafsi tarfata 'aynin, wa aslih li sha'ni kullahu, la ilaha illa Anta.
इसका अर्थ
"ऐ अल्लाह! मैं तेरी रहमत का तलबगार हूं, मुझे पल भर के लिए भी मेरे हाल पर न छोड़, मेरे सारे काम सुधार दे। तुझसे बढ़कर कोई इलाही नहीं।"
4. सजदा या नमाज के बाद पढ़ने की छोटी मगर गहरी दुआ:
يَا اللَّهُ، أَزِلْ حُزْنِي، وَفَرِّجْ هَمِّي
कैसे पढ़ें
Ya Allah, azil huzni, wa farij hammi.
इसका अर्थ
"ऐ अल्लाह! मेरा ग़म दूर कर और मेरी परेशानी हल कर दे।"



Click it and Unblock the Notifications











