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Ramzan Ke Pehle Ashre Ki Dua: रहमत के होते हैं रमज़ान के शुरुआती 10 दिन, पहले अशरे में पढ़ी जाती है ये दुआ
Dua For 1st 10 Days Of Ramadan: इस्लामिक कैलेंडर का नौवां महीना रमजान मुसलमानों के लिए इबादत का महीना है। इस मुकद्द्स महीने में, मुसलमान दिन में रोज़ा रखते हैं और पांचों वक्त की नमाज़ा अता करके अल्लाह के साथ अपने रिश्ते को मजबूत करते हैं। यह महीना मुसलमानों के लिए बरकत वाला महीना है। रमज़ान महीने के शुरू होते ही दुआओं का दौर भी चल पड़ता है। आइये इसी सिलसिले में जानते हैं कि रमज़ान के पहले अशरे में कौन सी दुआ पढ़ी जाती है।
रमज़ान महीने में अशरा क्या होता है? (First Ashra in Ramzan Month)

रमज़ान में 29 से 30 दिन होते हैं। इस्लाम में रमजान के महीने को तीन हिस्सों में बांटा गया है जिसे अशरा कहा जाता है। अरबी में अशरा दस नंबर होता है। रमजान के पहले दस दिन (1-10) को पहला अशरा, दूसरे 10 दिन (11-20) को दूसरा अशरा और तीसरे दस दिन (21-30) को तीसरा अशरा कहा जाता है।
इस तरह से रमज़ान महीने में 3 अशरे होते हैं। जानकारों के मुताबिक पहला अशरा रहमत का होता है, दूसरा अशरा मगफिरत यानी गुनाहों की माफी का माना गया है और वहीं तीसरा अशरा जहन्नुम की आग से खुद को बचाने के लिए होता है।
रमज़ान के तीनों अशरों का क्या महत्व है? (Significance of 3 Ashra in Ramzan Month)
ऐसा माना जाता है कि रमजान के शुरुआती 10 दिनों में यानी पहले अशरे में जो रोजे रखता है और नमाज अदा करता है उस पर अल्लाह की रहमत बरसती है। वहीं रमजान के दूसरे अशरे में मुसलमान ऊपर वाले से अपने गुनाहों की माफ़ी मांगता है और पाक-साफ हो सकता है। रमजान के आखिरी 10 दिन यानी तीसरे अशरे में अल्लाह की इबादत करके वो खुद को जहन्नुम की आग से बचा सकता है।
रमज़ान का पहला अशरा (First Ashra)
पहले 10 दिन रहमत के माने गए हैं। इस दौरान रोजा नमाज करने वालों पर खुदा की रहमत होती है। रमजान के शुरूआती दस दिनों में मुसलमानों को ज्यादा से ज्यादा दान करके गरीबों और जरूरतमंदों की मदद करनी चाहिए।
रमजान के पहले अशरे की दुआ (First Ashra Dua)
رَّبِّ اغْفِرْ وَارْحَمْ وَأَنتَ خَيْرُ الرَّاحِمِين
"रब-बिग-फ़िर वार-हम वा अंत खैर - उर- रहीमीन"
तर्जुमा: "ओह! मेरा रब माफ़ कर देता है और उस पर दया भी करता है, और तू सबसे अच्छा दयालु है।"
माहे रमजान के पहले 10 दिनों में दान देने का बहुत फल मिलता है। जरूरतमंद और अनाथ बच्चों को दान दें। उन लोगों की मदद करें जो कम किस्मतवाले हैं।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



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