Latest Updates
-
Mango Varieties In India: तोतापुरी से लेकर बंगीनापल्ली तक, जानें भारत की प्रसिद्ध आम की किस्में और इनकी पहचान -
Heatwave Alert: दिल्ली समेत कई राज्यों में हीटवेव का अलर्ट, जानें भीषण गर्मी का सेहत पर असर और बचाव के टिप्स -
Guru Bhairavaikya Mandira: कर्नाटक का गुरु भैरवैक्य मंदिर क्यों है इतना खास? जिसका पीएम मोदी ने किया उद्घाटन -
Akshaya Tritiya 2026: अक्षय तृतीया पर भूलकर भी न खरीदें ये 5 चीजें, दरवाजे से लौट जाएंगी मां लक्ष्मी -
डायबिटीज में चीकू खाना चाहिए या नहीं? जानें क्या कहते हैं एक्सपर्ट -
Aaj Ka Rashifal 16 April 2026: सर्वार्थ सिद्धि योग से चमकेगा तुला और कुंभ का भाग्य, जानें अपना भविष्यफल -
Akshaya Tritiya पर किस भगवान की होती है पूजा? जानें इस दिन का महत्व और पौराणिक कथा -
Parshuram Jayanti 2026 Sanskrit Wishes: परशुराम जयंती पर इन संस्कृत श्लोकों व संदेशों से दें अपनों को बधाई -
कौन हैं जनाई भोंसले? जानें आशा भोसले की पोती और क्रिकेटर मोहम्मद सिराज का क्या है नाता? -
Amarnath Yatra Registration 2026: शुरू हुआ रजिस्ट्रेशन, घर बैठे कैसे करें आवेदन, क्या हैं जरूरी डॉक्यूमेट्स
सावन में रुद्राभिषेक कराने से मिलती है शिव कृपा और ग्रह दोषों से मुक्ति, जानें शुभ तिथि और पूरी विधि
rudrabhishek mantra and benefits in sawan : पंचांग के अनुसार, सावन 2025 की शुरुआत 11 जुलाई से हो रही है और यह पवित्र महीना 9 अगस्त 2025 को समाप्त होगा। इस वर्ष सावन में कुल 4 सोमवार आएंगे। सावन का पहला सोमवार 14 जुलाई को पड़ेगा। सावन का पूरा महीना भगवान शिव की आराधना के लिए उत्तम माना जाता है, लेकिन सावन के सोमवार व्रत और पूजा का विशेष महत्व है।
शास्त्रों के अनुसार, इन दिनों में की गई पूजा, व्रत और रुद्राभिषेक से भक्तों को विशेष फल की प्राप्ति होती है। यह समय संपूर्ण भक्ति, उपासना और शिव कृपा पाने के लिए सर्वश्रेष्ठ होता है। आइए जानते हैं इस साल सावन में रुद्राभिषेक के शुभ तिथियां, मंत्र और पूजा विधि क्या है?

सावन 2025 की शुरुआत और विशेष सोमवार
पंचांग के अनुसार, सावन 2025 की शुरुआत 11 जुलाई से हो रही है और यह पावन महीना 9 अगस्त 2025 को समाप्त होगा। इस बार सावन में कुल 4 सोमवार आएंगे जो इस प्रकार हैं:
पहला सोमवार - 14 जुलाई
दूसरा सोमवार - 21 जुलाई
तीसरा सोमवार - 28 जुलाई
चौथा सोमवार - 4 अगस्त
रुद्राभिषेक की शुभ तिथियां (सावन 2025)
सावन में सिर्फ सोमवार ही नहीं, कुछ विशेष तिथियां भी रुद्राभिषेक के लिए अत्यंत शुभ मानी जाती हैं-
22 जुलाई (मंगलवार) - सावन प्रदोष व्रत
23 जुलाई (बुधवार) - श्रावण मास की शिवरात्रि
29 जुलाई (मंगलवार) - नाग पंचमी
6 अगस्त (बुधवार) - श्रावण शुक्ल पक्ष प्रदोष व्रत
इन सभी तिथियों पर भगवान शिव की पूजा और रुद्राभिषेक करने से ग्रह दोष शांत होते हैं, मानसिक शांति मिलती है और जीवन में शुभता का आगमन होता है।
सावन में रुद्राभिषेक के लाभ
कर्मों का शुद्धिकरण: रुद्राभिषेक से पिछले जन्मों और वर्तमान जीवन के पापों का नाश होता है। यह आत्मा को शुद्ध और शांत करता है।
सुख-समृद्धि में वृद्धि: इस अनुष्ठान से जीवन में आर्थिक उन्नति, परिवार में सुख और कार्यों में सफलता प्राप्त होती है।
रोग और दोषों से मुक्ति: रुद्राभिषेक करने से मानसिक और शारीरिक रोगों से राहत मिलती है। साथ ही ग्रह दोष भी शांत होते हैं।
दांपत्य जीवन में शांति: जो लोग वैवाहिक जीवन में समस्याओं से जूझ रहे हैं, उनके लिए यह अभिषेक अत्यंत लाभकारी होता है।
रुद्राभिषेक का मंत्र
रुद्राभिषेक के दौरान निम्नलिखित मंत्र का जाप किया जाता है:
"ॐ नमः शिवाय"
या
"ॐ रुद्राय नमः"
या फिर संपूर्ण रुद्राष्टाध्यायी या श्री रुद्रम् का पाठ भी किया जा सकता है।
इसके अलावा, नीचे दिया गया मंत्र भी बहुत प्रभावशाली माना जाता है:
"ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगंधिं पुष्टिवर्धनम्।
उर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्योर्मुक्षीय माऽमृतात्॥"
यह महामृत्युंजय मंत्र शिव की कृपा प्राप्त करने और रोग, भय व अकाल मृत्यु से रक्षा के लिए उत्तम माना गया है।
रुद्राभिषेक के स्वास्थ्य लाभ
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, रुद्राभिषेक मानसिक तनाव, चिंता और क्रोध जैसी समस्याओं से राहत दिलाता है। इसके मंत्र मानसिक संतुलन को बढ़ाते हैं और यह प्रक्रिया शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को भी बल देती है। इसे मानसिक और आत्मिक चिकित्सा का एक श्रेष्ठ माध्यम माना गया है।
रुद्राभिषेक की विधि
- सबसे पहले शिवलिंग को शुद्ध जल से स्नान कराएं।
- फिर पंचामृत (दूध, दही, घी, शहद, शक्कर) से अभिषेक करें।
- उसके बाद गंगाजल, बेलपत्र, धतूरा, भांग, पुष्प आदि अर्पित करें।
- पूरे अभिषेक के दौरान "ॐ नमः शिवाय" या "महामृत्युंजय मंत्र" का जाप करते रहें।
- अंत में दीप और धूप से आरती करें और शिवचालीसा या शिवाष्टक का पाठ करें।



Click it and Unblock the Notifications











