Latest Updates
-
Light Digestive Lauki Sabzi Recipe: कम मसालों में बनाएं सेहतमंद और स्वादिष्ट सब्जी -
Param Ekadashi 2026: 10 या 11 जून, कब है परम एकादशी? नोट करें सही डेट और पारण का समय -
माचा नहीं हल्दी, केल नहीं मोरिंगा: विदेशी सुपरफूड्स से कहीं ज्यादा ताकतवर हैं भारत के ये 5 देसी खजाने -
आप भी तो नहीं खा रहे केमिकल से पके आम? ऐसे करें असली-नकली की पहचान, जानें सेहत को होने वाले नुकसान -
Silao Style Crispy Khaja Recipe: घर पर बनाएं बिहार की मशहूर परतदार मिठाई -
Electricity Price Hike: यूपी की जनता को झटका! 10% बढ़ा फ्यूल सरचार्ज, जानें कम बिल लाने के 5 अचूक उपाय -
Guru Gochar 2026: 2 जून को कर्क राशि में प्रवेश करेंगे देवगुरु बृहस्पति, ये 4 राशियां होने वाली हैं अमीर -
क्या होता है वेपर हीट ट्रीटमेट? वो टेक्नोलॉजी जिसके टेस्ट में फेल होने पर जापान ने बैन किए भारतीय आम -
Healthy Iron Rich Aloo Palak Recipe: लंच के लिए बनाएं आयरन से भरपूर स्वादिष्ट सब्जी -
दिल्ली में फिर फटा AC: रिकॉर्ड तोड़ गर्मी नहीं, ये 4 बड़ी गलतियां एयर कंडीशनर को बना रही हैं ‘बम'!
इस साल सर्वपितृ अमावस्या पर बन रहा है गजछाया योग, इस एक उपाय से मिलेगा असीमित धन लाभ
साल में पितृ पक्ष ऐसा समय लेकर आता है जब लोग स्वयं को अपने पितरों से जुड़ा हुआ महसूस करते हैं। उन्हें अपने करीब पाते हैं। ऐसा माना जाता है कि पितृ पक्ष के दौरान आत्माओं को मुक्त कर दिया जाता है। इस अवधि में वो पृथ्वी लोक पर आते हैं और अपने परिवार के पास जाकर उन्हें आशीर्वाद देते हैं। इस पितृ पक्ष का समापन आश्विन महीने की अमावस्या तिथि को होता है। इसे सर्वपितृ अमावस्या या महालय अमावस्या या विसर्जनी अमावस्या के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन उन पितरों का तर्पण-श्राद्ध करने का विधान है जिनकी तिथि हमें ज्ञात न हो। जानते हैं इस साल सर्वपितृ अमावस्या किस तारीख को है और इस दिन कौन सा योग बनने जा रहा है। साथ ही जानते हैं इस दिन से जुड़े विशेष उपाय के बारे में।

साल 2021 में सर्वपितृ अमावस्या की तिथि
आश्विन महीने की अमावस्या को सर्वपितृ अमावस्या तिथि के श्राद्ध और तर्पण करने का विधान कहा गया है।
अमावस्या तिथि का आरंभ: 5 अक्टूबर को शाम 07 बजकर 04 मिनट से शुरू होगा
अमावस्या तिथि का समापन: 6 अक्टूबर को शाम को 04 बजकर 35 मिनट तक
आपको बता दें कि अमावस्या तिथि का सूर्योदय 6 अक्टूबर को होने के कारण सर्वपितृ अमावस्या 6 तारीख को पड़ेगी। यह पितृ पक्ष का अंतिम दिन होता है।

सर्व पितृ अमावस्या पर बनेगा गजछाया योग
साल 2021 में पड़ने वाले सर्व पितृ अमावस्या के दिन गजछाया योग बनने वाला है। यह योग 11 साल पहले 2010 में बना था। 2021 के बाद अब यह योग 2029 में बनेगा। इस योग को काफी शुभ माना गया है। 6 अक्टूबर के दिन सूर्य देव और चन्द्रमा दोनों ही सूर्योदय से लेकर शाम के 4 बजकर 34 मिनट तक हस्त नक्षत्र में रहेंगे। इसके फलस्वरूप ही गजछाया योग का निर्माण होगा।
ऐसा माना जाता है कि गजछाया योग में श्राद्ध कर्म करने से पितर प्रसन्न होते हैं और ढेरों आशीर्वाद अपने परिवार को देते हैं। इस योग की महत्ता बहुत अधिक मानी गयी है। इस अवधि में तर्पण करने से कर्ज मुक्ति भी मिलती है। घर परिवार में धन का आगमन होता है साथ ही सुख-समृद्धि भी बढ़ती है। इस योग में दान-तर्पण करने से लगभग बारह वर्षों तक पितरों को इसका लाभ मिलता है।

गजछाया योग में करें ये उपाय
पितृ पक्ष में गजछाया योग का निर्माण होना बहुत ही शुभ और फलदायी माना जाता है। इस दिन जातक एक उपाय करके अपनी आर्थिक समस्या का समाधान कर सकता है। गजछाया योग में पितरों का श्राद्ध करें और घी मिश्रित खीर का दान करें। इस उपाय से पितरों को तृप्ति मिलती है। इस दिन अपने सामर्थ्य के अनुसार जरुरतमंदों को भोजन कराएं और दान-दक्षिणा दें। ऐसा करने से आपके घर में धन की समस्या कभी नहीं होगी। पूर्वजों के आशीर्वाद से आपके जीवन के सभी कष्ट दूर हो जाएंगे।



Click it and Unblock the Notifications