Latest Updates
-
खाना खाने के बाद पेट फूलने से हैं परेशान? दादी मां के ये 5 घरेलू नुस्खे आएंगे काम -
बच्चों के लिए हर 'हेल्दी' स्नैक नहीं होता सेहतमंद, खरीदते समय इन बातों पर जरूर दें ध्यान -
गणपति पूजा के बाद बचे फूलों फेंकें नहीं, इन 5 तरीकों से करें दोबारा इस्तेमाल -
बच्चे का मुंडन कब कराना चाहिए? डॉक्टर संतोष यादव ने बताई सही उम्र और मुंडन के बाद क्या करें -
गणेश विसर्जन 2026: तीसरे से 11वें दिन तक कब करें बप्पा का विसर्जन? जानें हर दिन की तिथि, शुभ मुहूर्त और विधि -
Balram Jayanti 2026: बलराम जयंती आज, जानें पूजा का शुभ मुहूर्त और विधि -
Radha Ashtami 2026: राधा अष्टमी कब है? जानें तारीख, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
यूरिक एसिड बढ़ने पर शरीर के इन अंगों में होने लगता है तेज दर्द, साधारण समझकर न करें इग्नोर -
Adi Vinayaka Temple: भारत का एकमात्र मंदिर जहां मानव मुख वाले गणेश जी की होती है पूजा, जानें इसकी पूरी कहानी -
सामंथा रुथ प्रभु ने शेयर की अपनी गोद भराई की तस्वीरें, येलो आउटफिट में दिखीं बेहद खूबसूरत, देखें Photos
जानिए अक्षया तृतीय का क्या महत्व है शादीशुदा दम्पतियों के जीवन में?
कहा जाता है कि अक्षय तृतीया के दिन विवाह करने से प्रेम बढ़ता है और आपका वैवाहिक जीवन हमेशा खुशहाल रहेगा। अक्षय तृतीया के बारे में जाने कुछ खास बातें:
हिंदू धर्म में अक्षय तृतीया का विशेष स्थान है। कुछ लोग इसे आखा तीज़ के नाम से भी जानते हैं। शादी के लिए यह दिन बेहद पवित्र माना जाता है। कहा जाता है कि इस दिन शादी करने के लिए किसी भी प्रकार का मुहुर्त नहीं चाहिए होता है।
वैसाख मास के शुक्ल पक्ष के तीसरे दिन इस दिन को मनाया जाता है। कई परिवारों में इस दिन विशेष पूजा की जाती है और कई जगह, इस दिन सोना खरीदना भी शुभ मानते हैं। दिनों-दिन इस दिवस की लोकप्रियता इतनी बढ़ गई है कि लोगों के बीच सोना खरीदने और शुभ कार्यों को करने का क्रेज बढ़ गया है। इस दिन महालक्ष्मी की पूजा की जाती है जो मां लक्ष्मी का ही स्वरूप हैं और माना जाता है कि इनकी पूजा करने से घर में समृद्धि और धन आता है।
वहीं दम्पत्तियों के लिए यह दिन बेहद खास माना जाता है। कहा जाता है कि इस दिन विवाह करने से प्रेम बढ़ता है और आपका वैवाहिक जीवन हमेशा खुशहाल रहेगा। अक्षय तृतीया के बारे में जाने कुछ खास बातें:

माता मधुरा और भगवान सुंदरेषा का हुआ था विवाह
किंवदंतियों में कहा गया है कि इसी दिन माता मधुरा और भगवान सुंदरेषा, जो कि भगवान शिव का अवतार है, का विवाह हुआ था। इसीलिए, दम्पत्ति को इसी दिन विवाह करने की सलाह दी जाती है।

ये भी है मान्यता
ऐसा भी कहा जाता है कि इसी दिन देवता कुबेर ने माता लक्ष्मी की पूजा की थी और उन्हें अपार धन की प्राप्ति हुई और वो धन के राजा ही बन गए। इसीलिए, वैवाहिक जीवन में बंध चुके लोगों को सलाह दी जाती है कि उन्हें इस दिन सोने को खरीद मां लक्ष्मी की पूजा करनी चाहिए।

अबूझ मूहुर्त
साथ ही इस दिन विवाह करने के लिए किसी भी प्रकार के मुहुर्त या दोष व काल को नहीं देखना होता है। यह पूरा दिन पवित्र होता है और आप बिना किसी कुंडली मिलान के ही इस दिन शादी कर सकते हैं। कहते हैं कि यह दिन इतना पवित्र होता है कि ग्रहों का प्रभाव अपने आप कम हो जाता है।



Click it and Unblock the Notifications
