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Independence Day 2025 : 78 साल पहले की वो सुबह, जब भारत की आजादी ने दुनिया के अखबारों में बनाई सुर्खियां
How the World's Press Celebrated India's Freedom in 1947 : आज देशभर में स्वतंत्रता दिवस धूमधाम से मनाया जा रहा है। 15 अगस्त 1947 को भारत ने अंग्रेजों की गुलामी से आजादी पाई, लेकिन इसके साथ ही देश का बंटवारा भी हुआ और पाकिस्तान अस्तित्व में आया। उस समय न टेलीविजन था, न इंटरनेट, न सोशल मीडिया। खबरें सिर्फ अखबारों और रेडियो के जरिए लोगों तक पहुंचती थीं। आजादी की रात जब भारत गुलामी की जंजीरों से मुक्त हुआ, तब दुनियाभर के बड़े-बड़े अखबारों ने इसे अपनी मुख्य हेडलाइन बनाया।
मुंबई और दिल्ली में कुछ अंग्रेजी डेली और गिने-चुने हिंदी अखबार ही छपते थे। फ्रंट पेज पर भारत की स्वतंत्रता और बंटवारे की खबरें प्रमुखता से छपीं। देश के कई हिस्सों में अखबार एक-दो दिन की देरी से पहुंचे, जिससे लोगों को आजादी की खबर बाद में मिली। आजादी के उस ऐतिहासिक दिन की ये अखबारों की दुर्लभ प्रतियां आज भी देश के विभिन्न संग्रहालयों में सुरक्षित हैं, जो उस गौरवशाली पल की याद दिलाती हैं।

आइरिश टाइम्स
आइरिश टाइम्स ने लिखा कि ब्रिटेन से सत्ता हस्तांतरण के बाद भारत में जश्न का माहौल है और बाईं ओर पाकिस्तान के झंडे की तस्वीर लगाई। रिपोर्ट में बताया गया कि 14-15 अगस्त की मध्यरात्रि को देशभर में आतिशबाजी हुई। वहीं, भारत के द हिंदू, द ट्रिब्यून और अमृत बाजार पत्रिका सहित कई अखबारों ने आजादी की खबर को प्रमुखता से पहले पन्ने पर जगह दी, जो स्वाभाविक था।

न्यूयॉर्क टाइम्स
न्यूयॉर्क टाइम्स ने 15 अगस्त 1947 को पहले पन्ने पर प्रकाशित खबर में लिखा कि अंग्रेजों की गुलामी से आजादी के साथ ही दो नए देशों भारत और पाकिस्तान का जन्म हुआ है। रिपोर्ट में बताया गया कि बंटवारे के कारण दोनों देशों में हिंसक दंगे भड़क उठे हैं। अखबार ने एक नक्शा भी प्रकाशित किया, जिसमें भारत और पाकिस्तान की नई भौगोलिक सीमाओं को दर्शाया गया था, ताकि पाठकों को इन दोनों नवगठित राष्ट्रों की स्थिति स्पष्ट रूप से समझ आ सके।

द कूरियर मेल
ऑस्ट्रेलिया के अखबार द कूरियर मेल ने भारत को ब्रिटिश हुकूमत की दासता से मिली आजादी की खबर को पहले पन्ने पर प्रमुखता से छापा। रिपोर्ट में भारत के बंटवारे से बने नए देश पाकिस्तान के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। अखबार ने नए भारत का नक्शा प्रकाशित किया, जिसमें उसकी भौगोलिक सीमाएं दर्शाई गई थीं। साथ ही, बंटवारे के कारण भड़के दंगों में हुई हिंसा और मरने वालों की संख्या का भी उल्लेख किया, जिससे उस समय की त्रासदी स्पष्ट हो सके।

द वाशिंगटन
अमेरिका के दैनिक अखबार द वाशिंगटन पोस्ट ने भी 15 अगस्त 1947 की आजादी की खबर को पहले पन्ने पर प्रकाशित किया, हालांकि इसे दूसरे कॉलम में जगह दी गई। अखबार ने शीर्षक में लिखा, "India Achieves Sovereignty Amid Scenes of Wild Rejoicing" जिसका अर्थ है, "भारत ने संप्रभुता हासिल कर ली है।" रिपोर्ट में देशभर में खुशी के माहौल, आजादी के उत्सव और ब्रिटिश शासन के अंत के ऐतिहासिक महत्व को दर्शाया गया था, जो उस दिन की उमंग को प्रतिबिंबित करता है।

गुजरात समाचार
गुजरात के दैनिक अखबार गुजरात समाचार ने 15 अगस्त 1947 को देश की आजादी की खबर को पहले पन्ने पर प्रमुखता से छापा। हेडिंग थी "गुलामी की स्याह रात का अंत-आजादी का उदय।" मास्टहेड में अखबार के नाम के पीछे तिरंगा लहराते लोगों की तस्वीर और दाईं ओर तिरंगे की बड़ी तस्वीर प्रकाशित की गई, जो उत्सव का प्रतीक थी।

द स्टेट्समेन
द स्टेट्समेन ने भारत की आजादी की खबर को पहले पन्ने पर छापते हुए हेडिंग दी "Two Dominions Are Born", यानी दो देशों का जन्म हुआ। उपशीर्षक में लिखा, "Political Freedom for One-Fifth of Human Race", मतलब दुनिया की पांचवें हिस्से की आबादी को राजनीतिक स्वतंत्रता मिली। खबर में एक ओर पंडित जवाहरलाल नेहरू की और दूसरी ओर पश्चिम बंगाल के पहले गवर्नर की तस्वीर थी। साथ ही लिखा था, "Power Assumed by Indians", यानी शक्ति भारतीयों को हस्तांतरित कर दी गई है।

हिंदुस्तान टाइम्स
हिंदुस्तान टाइम्स ने पहले पन्ने पर देश की आजादी की खबर को आठ कॉलम में प्रकाशित किया। शीर्षक था-"भारत स्वतंत्र हुआ" और इसके दूसरे हिस्से में लिखा "ब्रिटिश राज का अंत हुआ।" नीचे उल्लेख था कि आजाद राष्ट्र के जन्म पर लोगों ने पूरे जोश और उत्साह के साथ जश्न मनाया, गलियां देशभक्ति के नारों से गूंज उठीं।

हिंदुस्तान
हिंदुस्तान हिंदी ने आजादी के दिन पहले पन्ने पर लिखा "शताब्दियों की दासता के बाद भारत में स्वतंत्रता का मंगल प्रभात।" अखबार ने आजादी का श्रेय महात्मा गांधी को देते हुए लिखा "बापू की चिर तपस्या सफल हुई।" दाईं ओर उगते सूरज की तस्वीर और उसके नीचे पंडित नेहरू के भाषण के अंश प्रकाशित किए गए थे।

द टाइम्स ऑफ इंडिया
15 अगस्त 1947 को भारत की आजादी की खबर को टाइम्स ऑफ इंडिया ने पहले पन्ने पर प्रमुखता से प्रकाशित किया। अखबार ने शीर्षक दिया, "भारत की आजादी का जन्म हुआ।" सरल शब्दों में कहा जाए तो टाइम्स ऑफ इंडिया ने साफ तौर पर लिखा कि भारत को आजादी मिल गई है और नया दौर शुरू हुआ।



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