Latest Updates
-
लड़के-लड़कियों के लिए सबसे मॉडर्न और छोटे 100+ टॉप नाम, यहां देखें अर्थ सहित लिस्ट -
कांवड़ यात्रा कब से होगी शुरू? इस दौरान भूलकर भी न करें ये 5 गलतियां, अधूरी रह जाएगी पूजा -
Kriti Sanon ने करवाए अपने अंडे फ्रीज! जानें किस उम्र में ये कराना बेहतर और Egg Freezing फायदे-नुकसान? -
कब है आषाढ़ अमावस्या? इस दिन इन 4 राशियों पर मंडरा रहा संकट, कहीं आपकी राशि भी तो लिस्ट में नहीं? -
Corona Alert: सिंगर कुमार सानू के बेटे को हुआ कोविड, आंध्र प्रदेश में मिले सबसे ज्यादा मरीज, जानें लक्षण -
स्कूल टिफिन के लिए 15 मिनट में तैयार करें सॉफ्ट और स्पंजी सूजी के अप्पे, नोट कर लें आसान रेसिपी -
संडे स्पेशल डिनर के लिए परफेक्ट है पनीर कॉर्न पुलाव, स्वाद ऐसा कि सब मांगेंगे दोबारा -
सूरज की तपिश से काला पड़ गया है चेहरा? इन 3 देसी नुस्खों से हटाएं जिद्दी सन टैन -
क्या बारिश से हुए नुकसान पर सरकार और इंश्योरेंस कंपनी से मिलता है मुआवजा? हां, तो जानें कैसे करें क्लेम? -
छोटी हाइट वाली लड़कियों पर सबसे ज्यादा जंचते हैं ये आउटफिट, दिखती हैं सुपर स्टाइलिश और लंबी
Ira Khan Wedding: मराठी वेडिंग में दुल्हन क्यों पहनती हैं हरे कांच की चूड़ियां? वजह है बहुत खास
आमिर खान की बेटी आयरा खान और फिटनेस ट्रेनर नुपुर शिखरे उदयपुर में आज मराठी रीति-रिवाज से शादी के बंधन में बंध जाएंगे। आयरा मराठी ब्राइड के तौर पर नौवारी साड़ी और हाथो में हरी चूड़िया पहनेंगी जो कि महाठी ब्राइड की पहचान होती है।
हर राज्य में,शादी में दुल्हा व दुल्हन का साज श्रृंगार अलग-अलग तरह से होता है। मराठी शादियों में दुल्हन को विशेष प्रकार से सजाया जाता है। जहां उत्तर भारत में लड़कियां शादी के दौरान लाल जोड़ा पहनती हें वहीं मराठी शादी में दुल्हन हरे रंग का चूड़ा पहनना का रिवाज है।

महाराष्ट्र में विवाहित महिलाओं मैं हरे रंग की कांच की चूड़ी पहनने की परंपरा है। हरी चूड़िया आज भी विवाहित महाराष्ट्रीयन महिला की पहचान है। आइए जानते हैं कि आखिर क्यों मराठी दुल्हन लाल की बजाय शादी में क्यों पहनती हैं हरे रंग की कांच की चूड़ियां।
हरे कांच की चूड़ियों को कहते है हिरवा
महाराष्ट्र में दुल्हन का चूड़ा काफी अलग होता है। मराठी दुल्हन हरी रंग की कांच की चूड़ियों को सोने के कड़े के साथ हाथों में पहनती हैं। गौर करने वाली बात यह है कि चूड़ियों की संख्या विषम यानी कि ओड नंबर में होती है तो वहीं, सोने के कड़े इवन नंबर में होते हैं। महाराष्ट्र में दुल्हन द्वारा पहना जाना वाला चूड़ा 'हिरवा' के नाम से जाना जाता है जिसका अर्थ है हरा। असल में, महाराष्ट्र में मौजूद जितने भी देवियों के मंदिर हैं उनमें देवी का श्रृंगार हरे रंग से किया गया है। हरी बिंदी, हरी चूड़ी, हरी साड़ी यहां तक कि देवियों का आसन भी हरा।

विषम नंबरों में होती है हरी चूड़िया
महाराष्ट्र में दुल्हन का चूड़ा काफी अलग होता है। मराठी दुल्हन हरी रंग की कांच की चूड़ियों को सोने के कड़े के साथ हाथों में पहनती हैं। गौर करने वाली बात यह है कि चूड़ियों की संख्या विषम यानी कि ओड नंबर में होती है तो वहीं, सोने के कड़े इवन यानी सम नंबर में होते हैं।
वहीं, चूड़ियों के साथ पहने जाने वाले सोने के कड़े को 'पटल्या' कहा जाता है। मराठी वैवाहिक परंपरा के अनुसार, यह पटल्या दुल्हन के ससुराल वालों द्वारा दिया जाता है जो दुल्हन का उसके ससुराल में बहुत आदर होने और उसे भरपूर प्यार मिलने को दर्शाता है।
मराठी संस्कृति में शुभ माना जाता है यह रंग
ऐसे में हरे रंग को मराठी संस्कृति में बहुत शुभ माना जाता है। ऐसी मान्यता है कि दुल्हन का हरे रंग की चूड़ियां पहनने का अर्थ है कि उसके वैवाहिक जीवन का शुभारंभ रचनात्मक, सकारात्मक, मधुर, प्रेममयी और समृद्ध होगा। इस रंग को समृद्धि और खुशहाली से जोड़कर देखा जाता है।



Click it and Unblock the Notifications