Latest Updates
-
World Population Day 2026: 11 जुलाई को ही क्यों मनाया जाता है जनसंख्या दिवस? जानिए इतिहास-महत्व और थीम -
Corona Alert: फिर लौट रहा कोरोना? आंध्र प्रदेश में 2 मौतें, 4 नए केस से बढ़ी चिंता -
बारिश में बनाएं क्रिस्पी मूंग दाल के पकौड़े और हरे धनिए-पुदीने की चटनी, नोट कर लें आसान रेसिपी -
योगिनी एकादशी की शुभकामनाएं संस्कृत में भेजें, देवभाषा के इन मंत्रों और सूक्तियों से अपनों का दिन बनाएं मंगलमय -
इस कथा के बिना अधूरा है योगिनी एकादशी व्रत, मिलता है 88 हजार ब्राह्मणों को भोजन कराने जितना पुण्य -
Yogini Ekadashi 2026 Wishes: 'ॐ नमो भगवते वासुदेवाय', इन भक्तिमय संदेशों से अपनों को दें शुभकामनाएं -
बारिश का पानी स्किन के लिए अच्छा या खराब, जानें मानसून में इसके फायदे और नुकसान -
AC कोच बना 'हनीमून सुइट', फूलों-गुब्बारों से सजाया ट्रेन का डिब्बा, वायरल हुआ वीडियो, जानें रेवले के नियम -
Kiara Advani ने यश संग 'तबाही' में दिए दिए इंटीमेट सीन, जानें कैसे शूट किए जाते हैं बोल्ड सीन? -
एक्टर राजेश शर्मा को जहरीले कीड़े ने काटा, हालत नाजुक, जानें मानसून में क्यों बढ़ता है सांप कीड़ों का खतरा
Paris Olympics में सामने आया पहला डोपिंग केस, जानें कैसे और कब होता है ये टेस्ट?
What is a dope test : पेरिस ओलिंपिक में पहला डोपिंग का मामला सामने आया है। इराक के एक पुरुष खिलाड़ी जूडोका को दो प्रतिबंधित पदार्थ (एनाबॉलिक स्टेरॉयड) के इस्तेमाल के लिए पॉजिटिव पाया गया है। अंतरराष्ट्रीय जांच एजेंसी (आईटीए) ने शुक्रवार को बताया कि 28 साल के सज्जाद सेहेन के नमूने की जांच में प्रतिबंधित पदार्थ पाया गया है।
सेहेन को पुरुषों के 81 किलोग्राम वर्ग में मंगलवार से शुरू होने वाले अंतिम 32 दौर में उज्बेकिस्तान के प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ प्रतिस्पर्धा में पार्टिसिपेट करना था। डोपिंग टेस्ट में पॉजिटिव मिलने से इस खिलाड़ी को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया गया है। आइए जानते हैं कि क्या होता है डोपिंग टेस्ट और कैसे खिलाड़ियों का टेस्ट किया जाता है।

क्या होता है डोपिंग टेस्ट?
कुछ खिलाड़ी या फिर एथलीट्स मैच या खेल से पहले शारीरिक क्षमता बढ़ाने के लिए दवाओं का सेवन करते हैं, जो कि प्रतिबंधित होते हैं, इसे ही डोपिंग कहा जाता है। डोप टेस्ट कराने के पीछे का मकसद खिलाड़ियों और एथलीट्स के शरीर में ड्रग्स और दवाओं का पता लगाना होता है। शतरंज जैसे कुछ खेलों को छोड़कर जितने भी खेलों में शारीरिक क्षमता महत्वपूर्ण होती है। उन सभी खेलों में एथलीट्स का ये टेस्ट किया जाता है। खेलों में डोपिंग के मामले पर लगाम कसने के लिए ही वर्ल्ड एंटी डोपिंग एजेंसी (WADA) की स्थापना 1999 में और भारत में NADA की स्थापना 2005 में की गई थी।
कैसे होता है डोप टेस्ट?
डोप टेस्ट कई तरीकों से किया जाता है। इसके लिए शरीर से फ्लूड लिया जाता है, जिसमें पेशाब, मुंह की लार, पसीना या ब्लड सैंपल लिया जाता है। नेशनल और इंटरनेशनल लेवल पर खेलने वाले खिलाड़ियों को इस प्रक्रिया के तहत यह टेस्ट कराना अनिवार्य होता है।
1968 में मिला था भारत का पहला डोपिंग का मामला
1968 में मैक्सिको में हुए ओलंपिक खेलों में भारत की तरफ से कृपाल सिंह ने 10,000 मीटर की रेस में हिस्सा लिया था। रेस के दौरान ही कृपाल सिंह रेस छोडकर ट्रैक छोड़कर स्टेडियम की सीढ़ियों पर चढ़ गए थे। उनके मुंह से झाग निकलने लगा और उनका इलाज किया गया। बाद में उन्होंने कबूल किया कि उन्होंने कुछ 'दवा' का सेवन कर लिया था।
इंटरनेशनल ओलंपिक कमिटी (IOC) ने 1968 में आयोजित हुए ओलंपिक में पहली बार खिलाड़ियों के नमूने लेने शुरू किए थे। स्वीडन के हंस-गुन्नार लिलजेनवाल डोपिंग पॉजिटिव पाए जाने वाले पहले खिलाड़ी थे।
कई एथलीट हो चुके हैं बैन
डोपिंग में कई नाम सामने आ चुके है और उन पर प्रतिबंध भी लग चुका है।
- 2020 टोक्यो ओलंपिक में छठे स्थान पर रहने वाली चक्का फेंक खिलाड़ी कमलप्रीत कौर पर जनवरी 2023 में 3 साल का प्रतिबंध लगा था।
- भारतीय जिम्नास्ट दीपा कर्माकर 2021 में डोप टेस्ट में फेल हो गई थी और उन पर भी 3 साल का प्रतिबंध लगा था।
- टोक्यो ओलंपिक में शिरकत करने के कुछ महीने बाद भाला फेंक खिलाड़ी शिवपाल सिंह पर एनाबॉलिक स्टेरॉयड के सेवन की पुष्टि होने के बाद उन पर 4 साल का प्रतिबंध लगा था।
- 2023 में हुए एशियाई खेलों में पदक विजेताय एथलीट दुती चंद को डोपिंग टेस्ट में प्रतिबंधित ड्रग्स का इस्तेमाल करने की वजह ससे बैन कर दिया था।
क्रिकेट से भी आ चुके हैं कई नाम सामने
- भारतीय बल्लेबाज पृथ्वी शॉ 2019 में डोप टेस्ट में फेल हो गए थे। उन पर 8 महीने का प्रतिबंध लगा था।
- यूसूफ पठान को 2018 में 5 महीने के लिए प्रतिबंधित किया गया था।
- शेन वॉर्न और शोएब अख्तर जैसे कई नामी खिलाड़ियों का नाम भी सामने आ चुका है।



Click it and Unblock the Notifications