Latest Updates
-
Ganesh Chaturthi Decoration Ideas: गणेश चतुर्थी पर ऐसे सजाएं बप्पा का दरबार, कम खर्च में ये आइडियाज आएंगे काम -
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज पर हाथों में लगी मेहंदी का चाहती हैं डार्क कलर, तो आजमाएं ये 4 आसान टिप्स -
Modak Recipe: गणेश चतुर्थी पर बप्पा के लिए घर पर बनाएं उनके प्रिय उकडिचे मोदक, जानें इसकी आसान रेसिपी -
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज का व्रत कब है? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व -
ना मूर्ति, ना पुजारी, सूर्यास्त के बाद एंट्री भी मना, जानिए फिल्म 'The Vvaan' वाले वन देवी मंदिर का रहस्य -
नेपाल में बाढ़ के बाद भूकंप, इंडोनेशिया में फटा ज्वालामुखी, क्या बाबा वेंगा की भविष्यवाणी हुई सच? -
Pithori Amavasya 2026: आज या कल, पिठोरी अमावस्या कब है? जानें सही तारीख, स्नान-दान का शुभ मुहूर्त और महत्व -
World Suicide Prevention Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस? जानें इसका इतिहास और महत्व -
तांबे के बर्तन में पानी पीने से मिलेंगे ये 5 फायदे, डायजेशन के साथ इम्यूनिटी भी होगी मजबूत -
Ganesh Chaturthi 2026: कब है गणेश चतुर्थी? जानें तिथि, गणपति स्थापना का शुभ मुहूर्त और विसर्जन की तारीख
भारत में करवाया ऐसा आयुर्वेदिक मसाज कि नन बन गई कामवासना की रानी
एक तिब्बितयन बौद्ध नन अपनी भारतीय यात्रा के दौरान एक मसाज के बाद कामवासना का अहसास हुआ और वो वापस लंदन चली गई।
जानकर थोड़ा आश्चर्य होता है लेकिन ये बिलकुल सच है कि डमचो डायसन नाम की एक नन भारत में आयुर्वेदिक मसाज के लिए मशहूर है। नन के रूप में काम करते समय डमचो की लाइफ काफी साधारण और ईश्वर को समर्पित हुआ करती थी। वह एक बार दलाई लामा की सेवक यानि अटेंडेंट भी रह चुकी हैं।
मात्र एक मसाज ने उनकी पूरी जिंदगी ही बदल डाली। अपने गर्भपात के बाद डमचो ने तिब्बती बौद्ध धर्म में पढ़ाई शुरु की।
जब उन्हें अपनी काम वासना का अहसास हुआ तो वो मोनेस्ट्री छोड़कर लंदन चली गई। जानिए डमचो डायसन के बारे में और भी दिलचस्प बातें...

ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न से था ताल्लु्क
दस साल तक एक नन के रूप में काम करते हुए डमचो ने मेडिटेशन, खेती करना, मठ के लोगों जैसे कपड़े पहनना और ब्रह्मचर्य में रहना सीख लिया था। लेकिन कई सालों तक उनके मन में एक आग सुलगती रही जिसका जवाब पाने के लिए वो भारत की यात्रा पर आईं।

एक मसाज ने बदल दी दुनिया
उनका कहना है कि भारत यात्रा के दौरान उनकी काम वासना फिर से जाग उठी और इसके बाद वो ब्रिटेन की शरारती नन बन गईं।

बुद्ध के बारे में अनुभव
डमचो ने खुलासा किया था कि बुद्ध धर्म ने मुझे अद्भुत तरीके से संपन्न और प्रोत्साहित किया है। लेकिन अब मैं किसी और माध्यम से अपने साहस के साथ जीना चाहती हूं।

धीरे-धीरे आया बदलाव
कुछ समय के बाद उनके लाइफस्टाइल में बहुत बड़ा बदलाव आ चुका था। 2011 तक वो दुनिया के लैटेक्स और कामसूत्र क्लब में जानी जाने लगीं।

किया खुलासा
उन्होंनें अपनी एक पोस्ट में खुलासा किया था कि ‘मन और शरीर को जोड़ने की अद्भुत शक्ति मुझमें थी।'मुझे महसूस हुआ कि मेरा शरीर मेरे दिमाग से अलग नहीं है। तब मैंनें अपने आप से एक सवाल पूछा कि ‘तुम एक नन क्यों बनीं?'

आगे कहती हैं...
अचानक से मुझे अपने शरीर में प्राणों का बोध हुआ और फिर मैंने निर्णय लिया कि मोनेस्ट्री छोड़ने का यही सही समय है।

लैटेक्स ड्रेस
उन्होंनें खुलासा किसा कि शरीर पर लैटेक्स ड्रेस बिलकुल दूसरी त्वचा की तरह हो जाती है। ये एक कोकून की तरह है। ये आपकी त्वचा के इतनी करीब होती है कि आपको नग्न होने का अहसास होने लगता है। जी हां, ये एक सुरक्षा कवच की तरह भी लगता है।

ड्रेस के बारे में
लैटेक्स ड्रेस में स्पर्श का अहसास कई गुना बढ़ जाता है और एक बार अगर लैटेक्स उतर जाए तो आपको अंदर से राहत महसूस होती है।

अब कर रही हैं पीएचडी
अब डमचो अपनी आगे की पढ़ाई पर ध्यान दे रही हैं। अब डमचो अपनी पीएचडी के लिए पैसा इकट्ठा कर रही हैं।



Click it and Unblock the Notifications
