Latest Updates
-
Quick Dinner 10 Min Egg Bhurji Recipe: झटपट बनाएं चटपटी और मसालेदार अंडा भुर्जी -
International Yoga Day 2026: थायराइड से छुटकारा पाने के लिए रोज करें ये 5 योगासन, कुछ ही दिनों में दिखेगा असर -
Gajar Ka Murabba Recipe: सेहत और स्वाद का बेहतरीन संगम, जानें बनाने की आसान विधि -
Nirjala Ekadashi 2026: निर्जला एकादशी पर भूलकर भी न करें ये 5 गलतियां, वरना अधूरा रह जाएगा व्रत -
Muharram 2026: कब है आशूरा? जानें मुहर्रम की 10वीं तारीख का धार्मिक महत्व और इतिहास -
Father’s Day 2026 Gift Ideas: पापा के लिए ढूंढ रहे हैं खास तोहफा? फादर्स डे पर दें ये 7 बेहतरीन गिफ्ट्स -
Quick 30 Minute Egg Biryani Recipe: घर पर बनाएं रेस्टोरेंट जैसा स्वाद -
कौन हैं सैंटी शर्मा, जिनकी Bigg Boss 20 में हो सकती है एंट्री? कॉकरोच जनता पार्टी की वजह से हुए थे वायरल -
High Protein Breakfast Egg Bhurji Paratha Recipe: स्वाद और सेहत का बेहतरीन मेल -
Vinayak Chaturthi 2026: प्रद्युम्न विनायक चतुर्थी आज, जानें पूजा का शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
मिलिए 'चाय वाली चाची' से, पिछले 30 सालों से सिर्फ चाय पर जिंदा है
चाय की चुस्की बड़े से बड़े स्ट्रेस को दूर कर देता है, हमारे देश में चाय पीने के शौकीन लोगों की एक बड़ी तादाद है। आज हम आपको एक ऐसी ही चाय की शौकीन से मिलवाने जा रहे हैं जो पिछले 30 सालों से सिर्फ चाय पर ही जिंदा है। जी हां, आप यकीन नहीं करेंगे लेकिन ये सच है।
छत्तीसगढ़ में एक महिला करीब 30 साल से सिर्फ चाय के सहारे जिंदा है। वह ने सिर्फ जिंदा है बल्कि पूरी तरह स्वस्थ भी है। प्रदेश के कोरिया जिले के बरदिया गांव में रहने वाली पीली देवी ने 11 साल की उम्र में ही खाने की तमाम चीजें छोड़ दी थीं और सिर्फ चाय पीकर रहने लगी थीं। तभी से वह सिर्फ चाय पीकर जीवित हैं। अपनी इस अनूठी और अविश्वसनीय जीवनशैली के कारण वह अपने इलाके में 'चाय वाली चाची' के नाम से मशहूर हो चुकी हैं।

11 साल की उम्र में छोड़ दी चाय
पीली के पिता रति राम के अनुसार, 44 वर्षीय पीली ने भोजन करना उस समय छोड़ा था, जब वह छठी कक्षा में पढ़ती थी। उस समय के वाकये का याद करते हुए रति ने कहा, हमारी बेटी जिले के जनकपुर स्थित पटना स्कूल से जिला स्तरीय प्रतियोगिता में भाग लेने गई थी। वहां से लौटने के बाद उसने अचानक भोजन करना और पानी पीना छोड़ दिया।

काली चाय पीनी शुरु कर दी
उन्होंने बताया कि पीली शुरू में दूधवाली चाय के साथ बिस्कुट और ब्रेड लेती थी, लेकिन धीरे धीरे उसने काली चाय पीना शुरू कर दिया। वह दिन में केवल एक बार, वह भी सूर्यास्त के बाद काली चाय लेती है

डॉक्टर्स को भी दिखवाया
पीली के भाई ने उसे डॉक्टर को भी दिखवाया, लेकिन उसको कोई स्वास्थ्य समस्या नहीं थी। बिहारी ने कहा, हम उसे अनेक अस्पतालों में ले गए लेकिन कोई भी डॉक्टर पीली की इस आदत का कारण नहीं ढूंढ सका। परिजनों के अनुसार, पीली घर से बाहर शायद ही कभी निकलती है। वह पूरे दिन भगवान शिव की पूजा करती रहती है।

क्या कहते है डॉक्टर?
मेडिकल साइंस में इस तरीके से किसी का जिंदा रहना संभव नहीं है गौरतलब हो कि इतने वर्षों से भूखे रहने के दावों पर यकीन करें तो महिला का हीमोग्लोबीन 8 और 9 के बीच रहना अदभुत आश्चर्य है। डॉक्टर्स की माने तो यह असम्भव है कि कोई महिला 33 साल से चाय पर ही जिंदा है। नवरात्रि से बिल्कुल अलग है, वैज्ञानिक रूप से कहें तो कोई भी व्यक्ति 33 साल से केवल चाय पर जीवित नहीं रह सकता है। यह नवरात्रि से बिल्कुल अलग है जब लोग व्रत के समय केवल चाय पीते हैं। लेकिन 33 साल का समय काफी ज्यादा होता है, यह संभव नहीं है।



Click it and Unblock the Notifications