Latest Updates
-
World Ovarian Cancer Day 2026: ओवेरियन कैंसर होने पर शरीर में दिखाई देते हैं ये 5 लक्षण, तुरंत करवाएं जांच -
World Thalassemia Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व थैलेसीमिया दिवस? जानें इसका महत्व और इस साल की थीम -
Mother's Day 2026: डिलीवरी के बाद हर महिला को करने चाहिए ये योगासन, जल्दी रिकवरी में मिलेगी मदद -
Mother's Day 2026: मदर्स डे पर मां को दें सेहत का तोहफा, 50 के बाद जरूर करवाएं उनके ये 5 जरूरी टेस्ट -
Mother’s Day Special: बेटे की जिद्द ने 70 साल की उम्र में मां को दी हिम्मत, वायरल हैं Weightlifter Mummy -
कौन हैं अरुणाचलम मुरुगनाथम? जिन्हें नोबेल शांति पुरस्कार 2026 के लिए किया गया नॉमिनेट -
सुबह खाली पेट भीगी हुई किशमिश खाने से सेहत को मिलेंगे ये 5 फायदे, कब्ज से लेकर एनीमिया से मिलेगी राहत -
Rabindranath Tagore Jayanti 2026 Quotes: रवींद्रनाथ टैगोर जयंती के मौके पर शेयर करें उनके ये अनमोल विचार -
Aaj Ka Rashifal 7 May 2026: आज धनु और कर्क राशि के लिए बड़ा दिन, पढ़ें सभी 12 राशियों का हाल -
Aaj Ka Rashifal 6 May 2026: मिथुन और कन्या राशि वालों की चमकेगी किस्मत, इन 3 राशियों को रहना होगा सावधान
Speech On Republic Day : 26 जनवरी पर स्कूल, कॉलेज में दें ये मोटिवेशनल स्पीच, हर कोई करेगा तारीफ
Republic Day Speech in Hindi : भारत में हर साल 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस मनाया जाता है, जो भारतीय संविधान के लागू होने की याद दिलाता है। इस दिन दिल्ली के राजपथ पर विशेष परेड होती है, जिसमें विभिन्न राज्यों की सांस्कृतिक झांकियां और भारतीय सेना के जवानों द्वारा प्रदर्शित शौर्य व पराक्रम शामिल होते हैं।
स्कूलों, कॉलेजों और ऑफिसों में भी इस दिन को उत्साह से मनाया जाता है, जहां बच्चों द्वारा डांस, गीत और वीर जवानों की कहानियों का मंचन किया जाता है। अगर आपको भी इस दिन भाषण देना है, तो अपने भाषण में देश की एकता, लोकतंत्र की ताकत, और भारतीय संविधान के महत्व को शामिल कर सकते हैं। यह प्रेरणादायक और देशभक्ति से भरपूर होगा।

26 जनवरी इन विषय पर दे सकते हैं भाषण
1. गणतंत्र दिवस का महत्व और ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
2. संविधान देश के नागरिकों की रक्षा कैसे करता है। न्याय, स्वतंत्रता, समानता, बंधुत्व और गरिमा जैसे प्रमुख घटकों की संविधान में महत्व।
3. महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू, डॉ. बी.आर. अंबेडकर की भूमिका। स्वतंत्रता प्राप्ति में उनके योगदान पर प्रकाश डालें। संविधान के सिद्धांत और वर्तमान समय
4. संविधान के सिद्धांतों को आधुनिक समय से जोड़ना। विविधता में एकता को बढ़ावा देने में संविधान का योगदान। भारत की सांस्कृतिक विविधता
5. संविधान कैसे विभिन्न धर्मों, भाषाओं और संस्कृतियों में एकता बढ़ाता है।
6. लोकतांत्रिक मूल्यों, सामाजिक न्याय और समावेशिता को बढ़ावा देकर राष्ट्र निर्माण में छात्रों का योगदान।
भाषण देते हुए इन बातों का रखें ध्यान
गणतंत्र दिवस पर भाषण देने से पहले अपने आत्मविश्वास को बनाए रखें। स्टेज पर चढ़ने से पहले सबसे पहले दर्शकों और अतिथियों को प्रणाम करें। अगर आप भाषण के दौरान कोई लाइन भूल जाएं या मिस हो जाए, तो घबराएं नहीं। अपना ध्यान बनाए रखें और भाषण को तय लय के साथ जारी रखें। शब्दों का सही उपयोग करें, और बोलते वक्त अपनी आवाज को स्पष्ट और सुनाई देने वाला रखें। इस तरह, आप न केवल एक अच्छा भाषण देंगे, बल्कि आत्मविश्वास से भरे भी नजर आएंगे।
गणतंत्र दिवस पर भाषण (Republic Day Speech 2025)
गणतंत्र दिवस के मौके पर हमारे सामने उपस्थित सभी मुख्य अतिथियों और छात्र-छात्राओं को मेरा प्रणाम। जैसा कि हम सभी जानते हैं, भारतीय संविधान 26 जनवरी, 1950 को लागू हुआ था। इससे पहले, 15 अगस्त, 1947 को हम अंग्रेजी शासन से आजाद हुए थे, लेकिन हमारे पास खुद का कोई संविधान नहीं था। इस स्थिति को सुधारने के लिए डॉ. भीमराव अंबेडकर के नेतृत्व में एक समिति का गठन किया गया। संविधान का मसौदा तैयार कर 26 नवंबर, 1949 को इसे अपनाया गया और 26 जनवरी, 1950 को इसे पूरी तरह से लागू किया गया।
यह दिन हमारे लोकतंत्र, स्वतंत्रता, और समानता के मूल्यों को याद दिलाता है। हमारे स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों की कठिन मेहनत और बलिदान के कारण हम आज एक स्वतंत्र और गणराज्य देश में रहते हैं। गणतंत्र दिवस हमें उनके योगदान को याद करने और अपने संविधान के प्रति सम्मान व्यक्त करने का अवसर प्रदान करता है।
गणतंत्र दिवस पर भाषण ( Short Republic Day Speech 2025 )
आदरणीय प्रधानाचार्य, शिक्षक गण और मेरे प्यारे दोस्तों, आज हम एक ऐसे दिन का जश्न मनाने के लिए एकत्र हुए हैं जो न केवल अंग्रेजों पर हमारी जीत का प्रतीक है, बल्कि हमारी लोकतांत्रिक भावना की जीत का भी प्रतीक है। सभी को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं!
संविधान केवल वकीलों का दस्तावेज नहीं है, यह जीवन का माध्यम है, और इसकी आत्मा सदैव युग की आत्मा है। 26 जनवरी 1950 को भारत का संविधान लागू हुआ, जिसने हमें लोकतांत्रिक गणराज्य बनाया। यह दिन हमारे संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों का सम्मान करने का अवसर है। हमें स्वतंत्रता, समानता और न्याय का अधिकार मिलता है, और साथ ही कर्तव्यों को निभाने की जिम्मेदारी भी। इस अवसर पर हम सभी संकल्प लें कि हम एक मजबूत राष्ट्र की ओर कदम बढ़ाएंगे और अपने अधिकारों व कर्तव्यों का पालन करेंगे।
26 जनवरी पर भाषण
वंदेमातरम्, भारत माता की जय!
आदरणीय सभापति महोदय, इस पवित्र त्यौहार के मौके पर आपने मुझे अपने शब्दों को रखने का मौका प्रदान किया इसके लिए आपका बहुत-बहुत धन्यवाद। गणतंत्र दिवस के इस शुभ अवसर पर इस प्रांगण में उपस्थित गणमान्य अतिथिगण, गुरुजन और मेरे प्यारे सहपाठियों आप सभी को (अपना नाम) की ओर से प्यार भरा नमस्कार!
गणतंत्र का अर्थ है देश में रहने वाले लोगों की सर्वोच्च शक्ति, और केवल जनता को ही अपने प्रतिनिधियों को चुनने का अधिकार है। भारत एक गणतंत्र देश है जहाँ जनता अपने नेताओं को राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री आदि के रूप में चुनती है। हमारे महान स्वतंत्रता सेनानियों ने "पूर्ण स्वराज" के लिए बड़ी मेहनत की। महात्मा गांधी, भगत सिंह, चंद्रशेखर आज़ाद, सरदार पटेल आदि ने ब्रिटिश शासन के खिलाफ संघर्ष किया, जिससे हमें स्वतंत्रता प्राप्त हुई।
हमें आज भी अपराध, भ्रष्टाचार, हिंसा जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है, और यह शर्म की बात है। अब समय आ गया है कि हम एकजुट होकर अपने देश को इन बुराइयों से मुक्त करें। हमें अपनी मेहनत से भारत को एक समृद्ध, विकसित और स्वच्छ राष्ट्र बनाना होगा।
आइए, हम सब यह संकल्प लें कि हम देश की एकता और अखंडता को बनाए रखेंगे। मेरे भाषण को सुनने के लिए आप सभी का धन्यवाद। जय हिंद!



Click it and Unblock the Notifications