Latest Updates
-
40 की उम्र में दूसरी बार मां बनीं सोनम कपूर, सोशल मीडिया पर दी खुशखबरी, जानिए बेटा हुआ या बेटी -
घर में छिपकलियों ने मचा रखा है आतंक? भगाने के लिए आजमाएं ये 5 घरेलू उपाय, फिर कभी नहीं दिखेंगी दोबारा -
Rajasthan Diwas 2026 Wishes In Marwari: आ धरती म्हारे राजस्थान री...इन मारवाड़ी मैसेज से अपनों को दें बधाई -
Rajasthan Diwas 2026 Wishes: मरुधरा की रेत...राजस्थान दिवस के मौके पर प्रियजनों को भेजें ये शुभकामना संदेश -
Aaj Ka Rashifal 30 March 2026: सोमवार को महादेव बरसाएंगे इन 4 राशियों पर कृपा, जानें अपना भाग्यफल -
Yoga For Arthritis: गठिया के दर्द से हैं परेशान तो रोज करें ये 5 योगासान, जल्द ही मिलेगी राहत -
फैटी लिवर होने पर भूलकर भी ना खाएं ये 5 चीजें, वरना झेलने पड़ेंगे गंभीर नुकसान -
March Pradosh Vrat 2026: मार्च महीने का अंतिम प्रदोष व्रत कब है? जानें तारीख, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि -
हाथ से इन 5 चीजों का गिरना है बड़े संकट का संकेत, कहीं आप तो नहीं कर रहे नजरअंदाज? -
School Holiday April 2026: छुट्टियों की भरमार! गुड फ्राइडे से आंबेडकर जयंती तक, देखें अवकाश लिस्ट
RCB Victory Parade: चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर भगदड़ में 11 की मौत, ऐसे समय में रखें इन बातों का ध्यान
Crowd Safety Tips : RCB की ऐतिहासिक जीत के बाद जहां पूरे बेंगलुरु में जश्न का माहौल था, वहीं एक दर्दनाक हादसे ने इस खुशी को मातम में बदल दिया। चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर RCB के जश्न में शामिल होने पहुंचे हजारों फैंस की भीड़ बेकाबू हो गई, जिससे भगदड़ मच गई और 11 लोगों की मौत हो गई।
दावा किया जा रहा है कि लोग सुबह से ही टीम का स्वागत करने के लिए भारी संख्या में जमा हो गए थे। ऐसे हादसे से बचने के लिए भीड़भाड़ वाली जगहों पर जाने से पहले हमेशा क्राउड सेफ्टी नियम फॉलो करें और पूरी जागरूकता व सतर्कता बरतें।

अगर आप किसी भगदड़ में फंस जाएं, तो ये करें?
1. घबराएं नहीं, शांत रहें
किसी भी आपात स्थिति में सबसे पहला नियम है शांत रहना। घबराने से आपकी सांसें तेज हो सकती हैं और स्थिति और बिगड़ सकती है।
2. ऑक्सीजन बचाएं
भीड़ में चिल्लाने या जोर से बोलने से बचें। कोशिश करें कि सांसों पर नियंत्रण रखें। ऑक्सीजन की कमी से घबराहट और बेहोशी हो सकती है।
3. बॉक्सिंग पोजीशन अपनाएं
अपने दोनों हाथों को बॉक्सर की तरह मोड़कर छाती के सामने रखें। इससे आपकी पसलियों और फेफड़ों को सुरक्षा मिलेगी और सांस लेना थोड़ा आसान रहेगा।
4. किनारे तक पहुंचे
जहां संभव हो, भीड़ के बीच से किनारे की ओर धीरे-धीरे तिरछे तरीके से निकलने की कोशिश करें। दीवार या खंभे के पास खड़े होकर खुद को स्थिर रखें।
अगर आप गिर जाते हैं तो तुरंत अपने सिर को छाती की ओर झुकाएं और हाथों व घुटनों को मोड़ते हुए शरीर को समेटते हुए खुद को गोल स्थिति में ले आएं। पेट और छाती की सुरक्षा करें।। इससे आपकी छाती, पेट और सिर को भारी चोट से बचाया जा सकता है।
भगदड़ के कारण
- सीमित जगह में बड़ी भीड़ का इकट्ठा होना
- आपातकालीन निकास की कमी या जानकारी का अभाव
- सुरक्षा व्यवस्था का अभाव
- घबराहट या अफवाह फैलना
- भारी संरचनाओं या रुकावटों का होना
भगदड़ में सबसे बड़ा खतरा: कंप्रेसिव एस्फिक्सिया
यह एक गंभीर स्थिति होती है जिसमें भीड़ के दबाव से फेफड़ों पर इतना जोर पड़ता है कि सांस लेना बंद हो जाता है। जब शरीर पर भारी दबाव पड़ता है तो डायाफ्राम सिकुड़ नहीं पाता और ऑक्सीजन फेफड़ों में नहीं पहुंच पाती। इससे जल्दी ही ऑक्सीजन की कमी हो जाती है और कुछ ही मिनटों में मस्तिष्क और अन्य अंगों को नुकसान पहुंच सकता है।
क्या करें अगर किसी की सांसें रुक जाएं?
अगर किसी को सांस लेने में तकलीफ हो रही है या वह बेहोश हो गया है, तो तुरंत सीपीआर (CPR) देने की कोशिश करें। भले ही आपने सीपीआर की ट्रेनिंग न ली हो, फिर भी कोशिश करें। कुछ न करने से बेहतर है कुछ करना। 4 मिनट के भीतर सीपीआर देना जरूरी होता है, वरना मस्तिष्क को स्थायी क्षति हो सकती है।



Click it and Unblock the Notifications











