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Black Moon क्या है, जब साल के आखिरी रात में काला हो जाएगा चांद और छा जाएगा अंधेरा
What is Black Moon : ब्लैक मून एक दुर्लभ खगोलीय घटना है, जो 2024 के आखिरी दिनों में देखने को मिलेगी। यह घटना तब होती है जब दो नये चांद एक महीने में होते हैं या फिर दूसरा नया चांद दिखाई नहीं देता। इस अवसर पर आसमान में चांद का अदृश्य रूप होता है, जिससे रात का आकाश और भी रहस्यमय लगता है। ब्लैक मून को देखना खगोलीय घटनाओं के शौकीनों के लिए एक शानदार अनुभव है।
यह दुर्लभ घटना 30 दिसंबर को दिखाई देगी, और यह नजारा एक यादगार पल बन सकता है। अगर आप सितारों और आकाश को पसंद करते हैं, तो इसे देखने का मौका न छोड़ें।

क्या है ब्लैक मून?
ब्लैक मून एक खगोलीय घटना है, जो तब होती है जब एक ही महीने में दो अमावस्या पड़ती हैं। चंद्र चक्र, यानी चांद का पृथ्वी के चारों ओर घूमने का समय लगभग 29.5 दिन होता है, जबकि फरवरी में केवल 28 दिन होते हैं। इसके कारण चंद्र चक्र और फरवरी के बीच गैप कम हो जाता है, जिससे यह घटना घटित होती है। यह घटना लगभग 33 महीने में एक बार होती है। कभी-कभी यह सीजनल ब्लैक मून भी बन सकता है, जो तब होता है जब पृथ्वी के खगोलीय मौसम में चार अमावस्या होती हैं।
ब्लू मून और ब्लैक मून में अंतर
ब्लैक मून की परिभाषा ब्लू मून से मिलती-जुलती है, लेकिन दोनों का संबंध अलग-अलग चंद्रमाओं से है। जहां ब्लू मून पूर्णिमा से जुड़ा होता है, वहीं ब्लैक मून का संबंध न्यू मून यानी अमावस्या की अगली रात से होता है, जब नया चांद दिखाई देता है। भारतीय पंचांग के अनुसार, यह शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा की रात होती है, जिसे नवचंद्र कहा जाता है। अगर किसी सीजन में चार नवचंद्र हों, तो तीसरे नवचंद्र को ब्लैक मून कहा जाता है। यह घटना बहुत दुर्लभ होती है और हर 29 महीनों में एक बार होती है, जबकि सीजन के लिहाज से यह हर 33 महीनों में एक बार घटित होती है।
क्या सच में काला हो जाएगा चांद?
ब्लैक मून में चांद काला नहीं दिखाई देगा, बल्कि इसका प्रभाव आसमान पर महत्वपूर्ण होगा। इस दौरान चांद का कुछ हिस्सा दिखेगा, जो बहुत कम होगा, और आसमान की काली अंधेरी रात में ग्रहों, तारों और दूर की आकाशगंगाओं की दृश्यता बेहतर होगी। दूरबीन या टेलीस्कोप से बृहस्पति जैसे ग्रहों को देखा जा सकता है, जो पूरी रात दिखाई देंगे, जबकि शुक्र शाम में चमकते हुए नजर आएगा।
30 या 31 दिसंबर कब होगा ब्लैक मून?
ब्लैक मून की घटना 30-31 दिसंबर को आसमान में दिखेगी, जहां कुछ हिस्सों में यह 30 दिसंबर की रात और कुछ हिस्सों में 31 दिसंबर को दिखाई देगी। इस दुर्लभ खगोलीय नजारे को लेकर लोगों में जबरदस्त उत्साह है और वे इस अनूठी घटना को देखने की तैयारियों में जुटे हुए हैं।
अगला ब्लैक मून कब होगा?
अगला ब्लैक मून 23 अगस्त 2025 को होगा और फिर 31 अगस्त 2027 को दिखाई देगा। उत्तरी गोलार्ध में, ओरियन, वृषभ और सिंह तारामंडल प्रमुख रूप से दिखेंगे, जबकि दक्षिणी गोलार्ध में दक्षिणी क्रॉस और कैनोपस के साथ कैरिना तारामंडल प्रमुख रूप से दिखाई देगा।



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