World Sleep Day Shayari: आज फिर नींद को आँखों से बिछड़ते देखा... आज जरूर पढ़ें 'नींद' पर खूबसूरत शायरी

Neend Par Shayari: नींद मानव जीवन का एक अभिन्न हिस्सा होता है। यदि किसी भी दिन हमारी नींद पूरी नहीं होती तो हमें पूरा दिन चिडचिडापन और थकावट महसूस होती है। ऐसे में नींद हमारे जीवन की सबसे ज़रूरी और प्यारी चीज़ मानी जाती है। हर वर्ष मार्च महीने के तीसरे शुक्रवार को विश्व नींद दिवस यानी वर्ल्ड स्लीप डे मनाया जाता है। इस वर्ष 15 मार्च को यह ख़ास दिन मनाया जाएगा। नींद का ज़िक्र कवियों और शायरों ने भी खूब किया है। पेश हैं ऎसी ही कुछ शायरियां जिनमें नींद को ख़ास तवज्जो दी गई है -

World Sleep Day 2024 Shayari in Hindi

1.
आज फिर नींद को आँखों से बिछड़ते देखा
आज फिर याद कोई चोट पुरानी आई
- इक़बाल अशहर

World Sleep Day 2024 Shayari Neend Par Best Shayari in Hindi

2.
नींदों में फिर रहा हूँ उसे ढूँढता हुआ
शामिल जो एक ख़्वाब मिरे रत-जगे में था
- अहमद मुश्ताक़

3.
अब आओ मिल के सो रहें तकरार हो चुकी
आँखों में नींद भी है बहुत रात कम भी है
- निज़ाम रामपुरी

4.
उठो ये मंज़र-ए-शब-ताब देखने के लिए
कि नींद शर्त नहीं ख़्वाब देखने के लिए
- इरफ़ान सिद्दीक़ी

5.
भरी रहे अभी आँखों में उस के नाम की नींद
वो ख़्वाब है तो यूँही देखने से गुज़रेगा
- ज़फ़र इक़बाल

6.
नींद तो दर्द के बिस्तर पे भी आ सकती है
उन की आग़ोश में सर हो ये ज़रूरी तो नहीं
- ख़ामोश ग़ाज़ीपुरी

7.
बिन तुम्हारे कभी नहीं आई
क्या मिरी नींद भी तुम्हारी है
- जौन एलिया

8.
इस सफ़र में नींद ऐसी खो गई
हम न सोए रात थक कर सो गई
- राही मासूम रज़ा

9.
ये ज़रूरी है कि आँखों का भरम क़ाएम रहे
नींद रक्खो या न रक्खो ख़्वाब मेयारी रखो
- राहत इंदौरी

10.
शाम से उन के तसव्वुर का नशा था इतना
नींद आई है तो आँखों ने बुरा माना है
- अज्ञात

नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।

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