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शिशु की नाक है बंद तो करें ये घरेलू उपचार

शिशु जब छोटा होता है और उसे दुनियाभर की परेशानियां घेर लेती हैं तो मां-बाप की चिंता और भी ज्यादा बढ जाती है। ऐसे में अगर बच्चा 1-2 साल का है और उसकी नाक सर्दी-जुखाम की वजह से बंद हो जाए तो घबराएँ नहीं, जुकाम के घरेलू उपाय आप के शिशु के बंद नाक को खोलने में सहायता करेंगे।
सच तो यह है की नवजात बच्चे और छोटे बच्चे को सर्दी, जुकाम और बुखार होना भी एक तरीका है जिसके जरिये बच्चे के शरीर का रोग प्रतिरोधक तंत्र अपने आप को विषाणुओं से लड़ने में सक्षम बनता है। यूँ कहें तो जन्म के समय शिशु की रोग प्रतिरोधक तंत्र बहुत कमजोर होती है या नहीं के बराबर होती है। इसीलिए शिशु हलके से भी संक्रमण के संपर्क में आने से बीमार हो जाता है।
लेकिन हर बार जब शिशु का शरीर संक्रमण से लड़ कर फिर से ठीक होता है तो उसकी रोग प्रतिरोधक तंत्र पहले से कहीं जयादा ताकतवर, मजबूत और सक्षम होती है। बीमार बच्चे की देखरेख, माँ-बाप एवं उनकी देखभाल करने वालों के लिए समान रूप से मुश्किल हो सकती है ।
अमेरिकन बाल-रोग अकादमी, छः वर्ष से कम आयु के बच्चों को सर्दी-खांसी की दवाईयां ना देने की सलाह देती है । क्योंकि, इन दवाईयों से घातक दुष्परिणामों की सम्भावना होती है । इन विपरीत परिस्तिथियों में प्राकृतिक तरीकों से ही उपचार करना श्रेष्ठ है । आइये जानते हैं ऐसे आसान से घरेलू उपचार जो शिशु की सर्दी जुखाम को पल भर में ठीक कर देगा।

1. नेसल ड्रॉप
शिशु की बंद नाक खोलते के लिये उनके नाक के दोनों छेद में दो-दो बून्द नेसल ड्राप की डाल दें। इसके बाद सक्शन बल्ब/ड्रॉपर की सहायता से इसे बहार खिंच के निकल दें। इससे शिशु की नाक से नेसल ड्राप के साथ-साथ बलगम भी ढीला हो के निकल जायेगा।

2. शहद और नींबू
अगर बच्चा 1 वर्ष से कम आयु का है तो उसके लिये यह उपचार काफी फायदेमंद होगा। एक कढाई में चार-नींबू का रस, उनके छिलके और एक चम्मच अदरक की फांके लें। इसमें पानी डालें ताकि सारे के सारे चीजें इसमें डूब जाएँ। इसे ढक कर 10 मिनट तक काढें। इस प्रकार तैयार पानी को अलग कर लें। अब इस तरल पेय में उतनी ही मात्र में गर्म-पानी तथा स्वाद के लिए शहद मिलाएं। बच्चे को इस प्रकार तैयार गर्मनींबू-पानी दिन में कुछ-बार पीने को दें।

3. हल्दी
सर्दी खांसी होने पर हल्दी काम आती है। बच्चा अगर दूध पीता है तो अपने स्तन पर थोड़ी सी हल्दी लगा दें जिससे बच्चा जब दूध पिएं तो वह हल्दी का सेवन कर ले। अगर बच्चा बोतल से दूध पीता है, तो उसकेदूध में थोड़ी सी हल्दी मिला दें और फिर बच्चे को पिलाएं। शिशु को दिन में दो बार हल्दी वाला दूध पिलाने से राहत मिलेगी।
4. नमक वाला पानी पिलाएं
अगर बच्चा बंद नाक की वजह से ना तो ठीक से खा पा रहा है या फिर सो पा रहा है तो उसे नमक के पानी का सेवन करवाइये। यह पानी बलगम से छुटकारा दिलाएगा। इसे दिन में दो से तीन बार पिलाएं।

5. सिर के नीचे तकिया रखें
जिस तरह सर के नीचे तकिया रख कर सोने से हमें सांस लेने में आसानी होती है कुछ ऐसी ही राहत बच्चों को जुकाम से मिलती है। आप चाहे तो अपने बच्चे के लिए एक छोटा सा तकिया खरीद सकते हैं या एकतौलिए को मलोड कर उसे शिशु के सर के नीचे रख सकते हैं। यह उपाय शिशु को बंद नाक से राहत दिलाएगा।



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