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गर्भावस्था के दौरान पर्याप्त पानी क्यों पिएं
गर्भावस्था के दौरान डॉक्टर्स हमेशा पर्याप्त मात्रा में पानी पीने ही सलाह देते हैं लेकिन हमें समझ में नहीं आता है कि वह ज्यादा मात्रा में पानी पीने पर जोर क्यों देते है। गर्भावस्था के दिनों में आपके शरीर में नन्ही जान पल रही होती है जिसके विकास में शरीर को काफी परिवर्तन करने होते हैं जिससे शरीर में डिहाईड्रेशन होने की संभावना रहती है। शरीर के वजन में 60-70 प्रतिशत पानी ही होता है। ऐसे में पानी की जरूरत सबसे ज्यादा होती है।
अगर गर्भवती महिलाएं पानी पर्याप्त मात्रा में पीती हैं तो उन्हे कई प्रकार की समस्याएं नहीं होती है जैसे- कब्ज होना, मतली आना आदि। पानी के शरीर को काफी शक्ति, तरावट और ऊर्जा मिलती है।

1. शरीर से टॉक्सिन निकालना: पानी पीने से शरीर के विषाक्त पदार्थ बाहर निकल जाते हैं जिससे किडनी पर ज्यादा जोर नहीं पड़ता है। पानी पीने से विषाक्त पदार्थ, शरीर से बाहर पेशाब के रास्ते से निकल जाते हैं।
गर्भावस्था के दौरान ज्यादा मात्रा में कैफीन लेने के नुकसान
2. रक्त संचार: पानी पीने से शरीर में रक्त का संचार अच्छी तरह होता है। फैट बर्न हो जाता है और नर्वस सिस्टम भी उचित रहता है।
3. सिरदर्द बंद करना: एक सर्वे के मुताबिक, अगर गर्भवती महिला एक दिन में सात गिलास पानी रोजाना पीती रहें तो उसके सिर में दर्द नहीं होगा या सिरदर्द में राहत मिलेगी।
4. मासिक धर्म के दर्द में कमी: पेट में मासिक धर्म के समय गर्भवती महिलाओं को दर्द होता है लेकिन उन्हे पीरियड्स नहीं होते हैं ऐसे में पानी पीने से उन्हे राहत मिलती है।
5. दिमाग को तेज करें: पानी पीने से गर्भवती महिला का दिमाग तेज होता है और पल रहे बच्चे के दिमाग का विकास भी अच्छी तरह होता है।



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