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हाइपरमेसिस ग्रेविडेरम : इस दुलर्भ बीमारी से गुजर रही है प्रेगनेंट केट मिडलटन, जानिए ये 5 बातें
ब्रिटेन के शाही परिवार में फिर से किलकारी गूंजेगी। केम्ब्रिज के डचेज एक बार फिर से पैरेंटस बनने वाले है और इस रॉयल बेबी का जन्म अगले साल अप्रेल या मई में होने की संभावना है। प्रिंस विलियम्स ने अपने तीसरे बच्चे के जन्म की घोषणा 4 सितंबर को की थी।
लेकिन फिलहल केट मिडलटन गर्भावस्था की दुर्लभ स्थिति से पीड़ित है जिसे हाइपरमेसिस ग्रेविडेरम के नाम से जाना जाता है।
35 वर्षीय केट मिडलटन ने अपने पिछली दो प्रेगनेंसी के दौरान भी इस तरह की बीमारी का सामना किया था- जब प्रिंस जॉर्ज और प्रिंसेज शार्लट का जन्म हुआ था।
इस दुर्लभ स्थिति से जुड़ी पांच प्रमुख बातें निम्न हैः

निकल जाता है तरल पद्धार्थ
ये स्थिति मॉनिंग सिकनेस से अधिक तीव्र रूप में है, जिसमें गर्भवती स्त्री गंभीर नोजिया, उल्टी से परेशान होती है इसके परिणामस्वरूप शरीर से बहुत सारा तरल पदार्थ निकल जाता है और बल्कि वजन भी कम हो जाता है। इससे यूरिन कम लगता है, अत्यधिक थकान रहती है, ब्लड प्रेशर लो हो जाता है, इसके अलावा डिप्रेशन और एंजॉइटी इस स्थिति के अन्य लक्षण है।

स्ट्रोजन हार्मोंस का स्त्राव बढ़ जाता है
वे महिलाएं जो हार्मोन्स में वृद्धि की समस्या के प्रति अधिक संवेदनशील है, जो खासकर प्रेगनेंसी के दौरान होती है उन्हें इस तरह की स्थिति से गुजरने की अधिक संभावना रहती है। मासिक चक्र के दौरान एस्ट्रोजन हार्मोंस का स्त्राव बढ़ता है। जब महिला गर्भधारण करती है तो एस्ट्रोजन और प्रोजेस्ट्रोन का उत्पादन बेहद उच्च पर होता है, जो आमतौर पर मासिक चक्र से लगभग 100 से 1000 गुना अधिक होता है, इसके परिणामस्वरूप ऐसी स्थिति उत्पन्न होती है।

9-13 सप्ताह
हाइपरमेसिस ग्रेविडेरम के लक्षण परिजनों द्वारा प्रेंगनेसी के चार से छः सप्ताह के बीच पहचाने जा सकते है, ये 9 से 13 सप्ताह के बीच बढ़ता है।

तीन प्रतिशत महिलाओं में ही
हाइपरमेसिस एजुकेशन एंड रिसर्च फाउंडेशन स्टेटिक्स के अनुसार, सिर्फ एक से तीन प्रतिशत महिलाएं इस तरह की दुर्लभ स्थिति से गुजरती है।

एंटी-नोजिया मेडिशन है काम की
मॉर्निंग सिकनेस से विपरित, हाइपरमेसिस ग्रेविडेरम में उल्टियां होने से महिला के पेट में भोजन नहीं टिकता। हालांकि ऐसी दुर्लभ स्थिति का कोई इलाज नहीं है, ये एंटी-नोजिया मेडिशन से संभाला जा सकता है। वहीं शरीर में तरल पदार्थो की कमी को रोकने वाले घोल अस्पताल से प्राप्त किए जा सकते है जो इस दुर्लभ स्थिति के कारण होने वाले डिहाइड्रेशन और इलेक्ट्रोल इम्बैलेंस को रोकने में मदद करेगा।



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