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Relationship: भाई या बहन से आपका रिश्ता हो रहा टॉक्सिक, तो सिबलिंग राइवलरी को ऐसे करें डील
भाई बहन का रिश्ता काफी अनूठा और प्यार से भरा होता है। इस रिश्ते की सबसे अहम खासियत ये होती है कि जो बात आप किसी से नहीं बोल पाते वो बात आपके भाई और बहन को पता होती है। आपके दुख तकलीफ, हंसी, मजाक, नोंकझोंक ये सभी इस रिश्ते की ही कशिश होती है, जो सिबलिंग रिलेशन को काफी स्पेशल बनाता है। लेकिन कई बार ऐसा भी होता है जब भाई और बहन एक दूसरे को देखना भी पसंद नहीं करते। उनका रिश्ता टॉक्सिक होने लगता है। लेकिन ये सब एक बारगी नहीं बल्कि धीरे-धीरे शुरू होता है, और इसमें ज्यादातर घर के बड़े और पेरेंट्स ही कहीं ना कहीं जिम्मेदार होते हैं। कुछ काम ऐसे या बातें ऐसी होती हैं जो भाई और बहन के रिश्ते में दरार डाल देती है, जो शायद कभी भूली नहीं जाती है, और जिंदगीभर के लिए उसमें गांठ पड़ जाती है। जानते हैं, उन प्वाइंट्स के बारें में जिससे ब्रदर और सिस्टर रिलेशनशिप गंभीर मोड़ लेने लगता है और इसको टॉक्सिक होने से कैसे बचा सकते हैं-

भाई-बहन के रिश्तों में क्यों आती है कड़वाहट ?
सगे भाई-बहनों में सिबलिंग राइवलरी मौजूद होती है, जो अक्सर पैरेंट्स या घर के बड़ों द्वारा ही जानें-अनजानें में शुरू करवाई जाती है।
दोनों में से कई एक अपने आप को बेस्ट मानता हो या सुपीरियर समझता हो, जिसकी वजह से दूसरे को कम आंका जाता है।
सिबलिंग राइवलरी या करें की टॉक्सिक सिबलिंग रिलेशनशिप में दोनों में से कई एक हर बात में खुद को ही सही ठहराता हो। अगर आप उसकी नॉलेज पर कफी सवाल उठाते हैं तो उसे अच्छा नहीं लगता।
आपकी सीक्रेट बातों को जाकर पेरेंट्स को बताते हैं, आपकी चुगली लगाते हैं।आपको दूसरों के सामने नीचा दिखाते हैं।

सब कुछ कंट्रोल में रखना
इस तरह के भाई या बहन में कंट्रोलिंग इश्यू होता है। उनको हर चीज अपने मन मुताबिक चाहिए होती है। अगर दूसरा भाई या बहन ऐसा करने से मना करता है तो उस पर चीखना चिल्लाना व पेरेंट्स से उसकी बातें बताना शामिल होता है। वो अपना फैसला आप पर भी थोपते हैं। जिससे भाई बहन के रिश्तों में खटास आने लगती है।

आपकी फीलिंग्स की कद्र नहीं
उनको इस बात की परवाह नहीं होती कि उनका भाई या बहन क्या सोंचते हैं। उनके परेशान होने, उदास या तकलीफ में उनको अहसास नहीं होता है। उनको सिर्फ अपने से मतलब होता है। तो ऐसे में दूसरा सिबलिंग उसे वहीं से ही पसंद करना बंद कर देता है।

आपकी हर चीज उसको चाहिए
कई भाई या बहन में ये प्रॉबलम भी होती है कि उनको आपकी हर चीज चाहिए होती है, चाहे वो कुछ भी हो, अगर आप उनको नहीं देते तो वो घर में कोहराम बचा देते हैं। आपके लड़ते झगड़ने लगते हैं, इस वजह से भी रिश्तों में गांठ पड़ने लगती है।

जलन (jealous) से भरा होना
जलन होना भी इन कारणों में बड़ा कारण है, भाई या बहन को आपस में जलन होती है। वो दूसरे की तरक्की बर्दाश्त नहीं कर सकते हैं। अगर उनके पास कुछ अच्छा या कुछ अचीवमेंट है तो उनसे बर्दाश्त नहीं होता है। यहां तक की कपड़े या कोई खाने का सामान आपके पास उनसे अच्छा है तो वो कई बार कपड़ो को काट देंगे उस पर कुछ फेंक देंगे जिससे कपड़ा खराब हो जाए। खाने के सामान में कुछ ऐसा मिला देंगे जिसको आप ना खा सकें। ये सब भाई-बहन के रिश्तों को टॉक्सिक बनाता चला जाता है।

टॉक्सिक सिब्लिंग को डील कैसे करें ?
सगे भाई या बहन से उम्मीद कम ही की जाती है कि वो कुछ निगेटिव बिहेव अपने भाई-या बहन से करेंगे, लेकिन ऐसा होता है।आप किसी के अंदर उसके व्यवहार को नहीं बदल सकते अगर उसने खुद के वैसा बना लिया है। इसलिए बेहतर है कि उनका सामना करें आपको बताते है कि आप अपने टॉक्सिक सिब्लिंग को कैसे अवॉइड कर सकते हैं वो भी बिना खुद को तकलीफ दिये।

टॉक्सिक सिब्लिंग को कैसे डील करें-
खुद से प्यार करना शुरू करें-
जब आपका सिब्लिंग आपसे नफरत करता है, आप पर इमोशनली अत्याचार करता है तो उसके प्यार के बारें में सोचने से बेहतर है कि आप उससे थोड़ी दूरी बना लें। आप खुद से प्यार करना शुरू कर दें, उसकी दी हुई तकलीफों को भूलने की कोशिश करें। कोई भी रिश्ता तब ही मजबूत होता है जब वो दूसरी तरफ से भी पक्का हो, चाहे वो भाई-बहन की ही रिश्ता क्यों ना हों।
अपने भाई-बहन को वैसे ही स्वीकार कर लें जैसे वो है-
इस बात तो एक्सेप्ट कर लें कि भाई या बहन में बदलाव नहीं आने वाला। वो जैसा है उसे वैसे ही स्वीकर करने की कोशिश करें। आप इस बारें में खुद को विश्वास दिला दें कि अब दोनों का रिश्ता कभी सही नहीं हो सकता है। आप अपनी दुनिया में मस्त रहे।
प्रोफेशनल या एक्सपर्ट की हेल्प लें
अगर आपका सिब्लिंग का बिहेव सही नहीं लगता है और आप उससे काफी ज्यादा परेशान हो चुके हैं तो प्रोफेशनल काउंसलर की मदद ले सकते हैं। मेंटल हेल्थ एक्सपर्ट इसमें आपकी हेल्प करेगा।



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