लाल और सफेद स्‍ट्रेच मार्क्‍स में फर्क क्‍या है? क्‍या इनका इलाज सम्‍भव है..

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Red & White stretch marks | लाल और सफेद स्‍ट्रेच मार्क्‍स में जानें फर्क, ऐसे पाएं छुटकारा | Boldsky

स्‍ट्रेच मार्क्‍स शरीर में दिखने वाले एक भद्दे से निशानों का एक प्रकार है। ये निशान शरीर में धारदार लाइन और हल्के रंग के नजर आते है जो त्वचा के आकार बदलने के कारण होते हैं। स्‍ट्रेच मार्क्‍स आमतौर पर महिलाओं को प्रेगनेंसी के दौरान पेट पर और शरीर के सामान्‍य हिस्‍सों जैसे स्‍तन, बांहो, नितम्‍बों और जांघों पर हो जाते है।

वजन बढ़ने, बॉडी बिल्डिंग और हार्मोनल बदलावों के कारण त्‍वचा में फैलाव की वजह से त्‍वचा में मार्क्‍स बन जाते हैं। जहां जहां से शरीर की त्‍वचा स्‍ट्रेच यानी फैलनी शुरु होती हैं, वहां ये स्‍ट्रेच मार्क्‍स उभरने लगते हैं।

कहीं कहीं ये स्‍ट्रेच मार्क्‍स लाल और बैंगनी निशान के दिखते हैं। ये निशान समान्‍तर रखाओं की तरह अलग रंगों और बनावट के नजर आते है। आइए जानते है लाल और सफेद स्‍ट्रेच मार्क्‍स में क्‍या अंतर है।

लाल स्ट्रेच मार्क्स

लाल स्ट्रेच मार्क्स

लाल रंग के स्ट्रेच मार्क्स अगर आपकी त्‍वचा पर है तो ये निशान ताजे है, जो नए नए आपके शरीर पर हुए है। यह केवल स्‍ट्रेच मार्क्‍स का शुरुआती स्‍तर है। इस तरह के निशान ब्‍लड वेसल्स को दिखाते हैं, इसलिए इनका रंग लाल होता है। इस स्तर पर, विभिन्न टॉपिकल क्रीम के माध्यम से कोलेजन को पुनर्स्थापित करके निशान तेजी से ठीक हो सकते हैं। यहां तक कि 'पल्स डाय' जैसे लेजर उपचार इन निशानों पर प्रभावी ढंग से काम करते हैं जो नई कोशिकाओं को बनाते हैं। फिर भी हम आपको कुछ नीचे लाल स्‍ट्रेच मार्क्‍स हटाने के घरेलू उपाय बताएंगे, जिनसे आपको कुछ राहत मिलेगी।

सफेद स्ट्रेच मार्क्स

सफेद स्ट्रेच मार्क्स

इन स्‍ट्रेच मार्क्‍स को शरीर में बने हुए कभी लम्‍बा समय हो जाता है तो ये सफेद या सिल्‍वर रंग में तब्‍दील हो जाते है, किसी भी सामान्‍य टॉपिकल क्रीम से इनका इलाज नहीं किया जा सकता है। 'माइक्रोडर्माब्रेसन' जैसे उपचार, इन निशान के बनावट को सुधारने और पॉलिश करने में मदद कर सकते हैं। हालांकि यह उपचार कोलेजन को पुनर्स्थापित करने में सक्षम नहीं होगा। सफेद स्ट्रेच मार्क्स के लिए एक अन्य उपचार 'एक्सीमर लेजर' है, जो स्‍ट्रेच मार्क्‍स के रंग को पुनर्स्थापित करने में मदद करता है। दूसरे तरह के लेजर आधारित ट्रीटमेंट जैसे आईपीएल और फ्रैक्सेल इन स्‍ट्रेच मार्क्‍स की बनावट को सुधारने और रंग को फीका करने में मदद करते हैं। लेकिन इन सभी ट्रीटमेंट का रिजल्‍ट व्‍यक्ति की त्‍वचा पर और स्‍ट्रेच मार्क्‍स के बनावट पर निर्भर करता है।

वैसे एक बात और भी है, सफेद निशान त्वचा पर सबसे जिद्दी दाग होते हैं। सफेद स्‍ट्रेच मार्क्‍स का इलाज आसान नहीं है।

 क्रीम और मॉश्चराइजर

क्रीम और मॉश्चराइजर

ऐसी क्रीम और मॉश्चराइजर का इस्तेमाल करें, जो त्वचा में खिंचाव या कसाव लाने में मदद करें। नए स्ट्रेच मार्क्‍स के लिए लोशन और क्रीम सर्वश्रेष्ठ हैं, लेकिन वे पुराने स्ट्रेच मार्क्‍स दूर करने में मदद कर सकते हैं। हालांकि, वे उतने असरदार नहीं हैं। रेटीनोइक अमल वाली क्रीम नए स्ट्रेच मार्क्‍स के लिए सर्वश्रेष्ठ होती है।

नींबू का रस

नींबू का रस

नींबू का रस एक प्राकृतिक अमल है, जो स्ट्रेच मार्क्‍स को हल्का करता है। नींबू के रस को स्ट्रेच मार्क्‍स पर लगाएं और 10 मिनट बाद धो लें।

एलो वेरा

एलो वेरा

स्‍ट्रेच मार्क्‍स पर ताजा एलो वेरा का गूदा मसाज करने से त्‍वचा टोन होती है और इसमें शामिल एंजाइम खराब हो चुकी त्‍वचा को हटा कर दूसरी त्‍वचा को हाइड्रेट करता है।

लैवन्डर ऑयल

लैवन्डर ऑयल

लैवन्‍डर तेल को अगर दिन में तीन बार स्‍ट्रेच मार्क्‍स पर लगाया जाए तो धीरे-धीरे निशान गायब होने लगता है और उसकी जगह पर नई त्‍वचा आने लगती है।

कोकोआ बटर

कोकोआ बटर

प्रेगनेंसी में पडे़ स्‍ट्रेच मार्क को दूर करने के लिये कोकोआ बटर का प्रयोग सबसे ज्‍यादा होता है। यह त्‍वचा को नम कर के डैमेज हुई टिशू को सही करता है।

होममेड स्‍ट्रेच मार्क रिमूवर विधि

होममेड स्‍ट्रेच मार्क रिमूवर विधि

कई बार यह जरूरी हो जाता है कि कई तरह के तेलों को विटामिन के साथ मिला कर प्रयोग करने से स्‍ट्रेच मार्क्‍स दूर हो जाते हैं। जैसे विटामिन ए और ई की कैप्‍सूल के साथ लेवेन्‍डर, एवाकाडो या कैमोमाइल के तेल को मिक्‍स कर के लगाया जाए।

गर्भवती महिलाएं रखे ध्‍यान

गर्भवती महिलाएं रखे ध्‍यान

गर्भवती महिलाओं को लेजर ट्रीटमेंट से बचना चाहिए। इस तरह के उपचार लेने और किसी तरह के टॉपिकल क्रीम लगाने से पहले भी हमेशा अपने स्त्री रोग विशेषज्ञ से परामर्श करें।

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    English summary

    Difference Between Red and White Stretch Marks

    Stretch marks are a completely normal phenomenon and are caused due to weight gain or loss or stretching of the skin.
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