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Chhath Puja 2023 Special : छठ पूजा में लाल साग खाने की है परंपरा, जानें इस सब्जी को खाने के फायदे
Laal Saag Recipe in Chhath Puja : छठ पूजा का पर्व शुरू हो चुका है। इस पर्व पर तरह-तरह के व्यंजन बनाए जाते हैं जिनमें से एक है लाल साग। इस पर्व पर कई घरों में लाल साग की सब्जी बनती है। लाल साग को छठ पूजा भोग में बनाना बहुत शुभकारी माना जाता है। इसलिए बिहार के घरों में छठ महोत्सव के दौरान लाल साग जरूर बनाया जाता है।
लाल साग की सब्जी सेहत के लिए फायदेमंद होती है। लाल साग की सब्जी का सेवन करने से शरीर में गर्माहट बनी रहती है। छठ पूजा में के साथ सर्दी भी बढ़ती है।
ऐसे में आपको इस दौरान ऐसी चीजों का सेवन करना चाहिए जिससे शरीर की इम्यूनिटी को बढ़ावा दिया जा सके। हम आपको बताएंगे लाल साग की सब्जी को बनाने का तरीका और इसे खाने के फायदे।

क्या है लाल साग
दरअसल चौलाई लाल और हरे रंग दोनों में आती है. आमतौर पर हरे रंग वाली सब्जी को चौलाई के नाम से जाना जाता है जबकि लाल चौलाई, लाल साग के नाम से जाना जाता है। सर्दियों में मिलने वाली चौलई ही लाल भाजी कहलाती है। इसे कुछ स्थानों पर तंदुलीय, अमरंथ भी कहा जाता है। पालक से मिलती जुलती होने की वजह से इसे रेड स्पिनेच भी कहते हैं. वैज्ञानिक नाम एमरेंथ डबियस है।
लाल साग में पाए जाते हैं ये पोषक तत्व
लाल साग खाने में स्वादिष्ट होता है। इसे चौलाई का साग भी कहा जाता है। लाल साग में विटामिन-ए, विटामिन-सी, फाइबर, फोलेट, राइबोफ्लेविन और कैल्शियम जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं। इसका सेवन करने से कई रोगों से बचने में मदद मिलती है।

इम्यूनिटी होती है मजबूत
लाल साग प्रोटीन, विटामिन सी से भरपूर होता है, इसलिए अगर आप लाल साग का सेवन करते हैं, तो इससे रोग प्रतिरोधक (Immunity) क्षमता मजबूत होती है। जिससे आप वायरस और बैक्टीरिया की चपेट में आने से बच सकते हैं।
पेट के लिए फायदेमंद
लाल साग का सेवन पेट के लिए काफी फायदेमंद होता है। क्योंकि लाल साग फाइबर से भरपूर होता है। जो पाचन तंत्र (Digestion) को मजबूत बनाता है और कब्ज, एसिडिटी जैसी समस्याओं को दूर करने में मदद करता है।
हीमोग्लोबिन की कमी को करें दूर
शरीर में खून की कमी यानि एनीमिया की शिकायत होने पर अगर आप लाल साग का सेवन करते हैं, तो यह फायदेमंद होता है। क्योंकि लाल साग आयरन से भरपूर होता है, जो शरीर में हीमोग्लोबिन (Hemoglobin) के स्तर को बढ़ाने में मदद करता है, जिससे खून की कमी दूर होती है।
आंखों के लिए फायदेमंद
लाल साग का सेवन आंखों के लिए बेहद फायदेमंद होता है। क्योंकि लाल साग में विटामिन ए की प्रचुर मात्रा पाई जाती है, जो आंखों की रोशनी में सुधार (Eye Sight) करने में मदद करता है, साथ ही इसके सेवन से आंखों से जुड़ी परेशानियां दूर होती है।
खून होता है साफ
लाल साग में ब्लड प्यूरीफाई (Blood Purify) करने वाल गुण पाए जाते हैं, इसलिए अगर आप लाल साग का सेवन करते हैं, तो इससे खून साफ होता है, जिससे स्किन हेल्दी रहती है और स्किन संबंधी समस्याएं दूर होती है।
भूख बढ़ाने में मददगार
अगर आपको भूख न लगने की समस्या है, तो आपको लाल साग का सेवन करना चाहिए। क्योंकि लाल साग में कई ऐसे गुण पाए जाते हैं, जो भूख को बढ़ाने में मदद करते हैं।
हृदय के लिए फायदेमंद
हृदय के लिए लाल साग का सेवन फायदेमंद होता है। क्योंकि लाल साग कई गुणों से भरपूर होता है, जो हृदय को स्वस्थ रखने में और हृदय संबंधी बीमारियों के जोखिम को कम करने में मदद करता है।
गर्भावस्था में भी फायदेमंद
गर्भवती माताएं अगर लाल साग का सेवन करती हैं तो इसका अच्छा असर गर्भ में पल रहे बच्चे के दिमाग पर पड़ता है। माना जाता है कि इससे शिशु की याददाश्त बढ़ती है। इसके अलावा गर्भवती महिलाओं में खून की कमी भी नहीं होती है।
ये है बनाने का तरीका
- इसे बनाने के लिए आपको 3 कप साग लेने की जरूरत पड़ेगी। इसे सबसे पहले अच्छी तरह से साफ कर लें। इसे धोने से पहले झाड़ लें या कपड़े से साफ कर लें। इसमें लगी मिट्टी पानी से पत्तों में चिपक सकती है।
- पहले लाल साग के पत्तों से डंठल अलग कर लें और उन्हें पानी में 3-4 बार अच्छी तरह से धोकर अलग रख लें।
- अब एक नॉन स्टिक पैन में 2 बड़े चम्मच तेल गर्म करें। इसमें हींग, जीरा, सूखी लाल मिर्च डालें और महक आने तक भूनें।
- अब इसमें पत्तों को काटकर डालें और अच्छी तरह से सारी चीजों को भून लें। इसे ढककर 3-4 मिनट पकाएं और फिर उसमें लाल मिर्च पाउडर, हल्दी, अमचूर और स्वादानुसार नमक डालकर मिला लें। जब यह तेल छोड़ने लगे तो इसे बंद कर लें।
- एक दूसरे पैन में 1 चम्मच तेल गर्म करें। इसमें राई, 1 छोटा चम्मच सफेद तिल (तिल की चटनी) और 1 सूखी लाल मिर्च तोड़कर डालकर तड़का बनाएं।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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