Latest Updates
-
Prateek Yadav Death: प्रतीक यादव की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में बड़ा खुलासा, इस मेडिकल कंडीशन के चलते हुई मौत -
PCOS का नाम बदलकर हुआ PMOS, जानिए क्या है इसका मतलब और क्यों रखा नया नाम -
प्रतीक यादव ने ऐसे किया था अपर्णा यादव को प्रपोज, 10 साल बाद हुई थी दोनों की शादी, बेहद फिल्मी है लव स्टोरी -
Sonia Gandhi Health Update: सोनिया गांधी की तबीयत बिगड़ी, गुड़गांव के मेदांता अस्पताल में भर्ती -
कौन थे प्रतीक यादव? जानें अखिलेश यादव के भाई की कैसे हुई मौत, कितनी संपत्ति के मालिक थे, परिवार में कौन-कौन -
Apara Ekadashi Vrat Katha: अपरा एकादशी के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, सभी पापों और प्रेत योनि से मिलेगी मुक्ति -
Apara Ekadashi 2026 Wishes In Sanskrit: अपरा एकादशी पर अपनों को भेजें ये मंगलकारी संस्कृत संदेश और दिव्य श्लोक -
Apara Ekadashi 2026 Wishes: अपरा एकादशी पर प्रियजनों को भेजें भगवान विष्णु के आशीर्वाद भरे ये शुभकामना संदेश -
Aaj Ka Rashifal 13 May 2026: मिथुन और कन्या राशि वालों की चमकेगी किस्मत, इन 3 राशियों को रहना होगा सावधान -
Cannes 2026 में छाया आलिया भट्ट का प्रिंसेस लुक, पहली झलक देखते ही फैंस हुए दीवाने
कहीं इस बड़ी गलती की वजह से तो नहीं बढ़ रहा आपका वजन
जूस जैसी शुगर-स्वीटेड ड्रिंक्स प्रोटीन वाली चीजें जैसे मीट, चिकन, फिश और डेयरी उत्पादों के साथ पीने से ऊर्जा में कमी हो सकती है और मोटापा बढ़ सकता है। यह खुलासा हाल ही में हुए एक अध्ययन में हुआ है।
निष्कर्षों से पता चला है कि शुगर-स्वीटेड ड्रिंक्स में शामिल फैट ऑक्सीडेशन को कम करते हैं, जो कि भोजन के बाद आठ फीसदी तक फैट मॉलिक्यूल को तोड़ना शुरू करता है।

यह एक ऐसा मिश्रण है जो नाश्ते के बाद भी जंक फूड खाने की इच्छा को बढ़ाता है। यूएस में यूएसडीए-एग्रीकल्चरल रिसर्च सर्विस ग्रांड फोर्क्स ह्यूमन न्यूट्रीशन रिसर्च सेंटर के मुख लेखक शैनन कास्पेसन के अनुसार, इस संयोजन ने भोजन के खाने के चार घंटे के लिए सुगंधित और नमकीन भोजन खाने के लिए अध्ययन विषयों की इच्छा भी बढ़ा दी।

अगर मीठे पदार्थ 15 फीसदी प्रोटीन के साथ पिए जाते हैं, तो फैट ऑक्सीडेशन 7।2 ग्राम तक घाट जाता है, जबकि 30 प्रतिशत प्रोटीन मील फैट ऑक्सीडेशन की मात्रा 12।6 ग्राम तक कम हो जाती है।
शोधकर्ताओं के अनुसार, मीठे पदार्थ भोजन को चयापचय करने के लिए इस्तेमाल की जाने वाली ऊर्जा की मात्रा में वृद्धि करते हैं और इन्हें पीने से अतिरिक्त कैलोरी की खपत में वृद्धि नहीं होती है।
शोधकर्ताओं के अनुसार, चयापचय की क्षमता में कमी होने से बॉडी में अधिक फैट जमा हो जाता है।
इस अध्ययन में शोधकर्ताओं ने 27 स्वस्थ वजन वाले वयस्कों (13 पुरुष, 14 महिला) को शामिल किया था जो लगभग 23 साल के थे।
इस अध्ययन के यह परिणाम निकला कि मीठे पेय पदार्थों का वजन और मोटापा बढ़ने में अहम रोल है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications