Latest Updates
-
सिर्फ गांठ ही नहीं, ये 5 संकेत भी हो सकते हैं ब्रेस्ट कैंसर का लक्षण, साधारण समझकर इग्नोर करने की न करें भूल -
Maha Navami 2026: 19 या 20 अक्तूबर, महानवमी कब है? जानें तिथि, हवन और कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त -
SRH की मालकिन काव्या मारन की शादी हुई तय! कौन है दुल्हा, कब और कहां होगी वेडिंग, जानिए पूरी डिटेल्स -
Ashtami Kab Hai: 18 या 19 अक्टूबर, कब है अष्टमी? जानें सही तारीख, कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त और पारण का समय -
Shardiya Navratri 2026 Day 7: नवरात्रि के सातवें दिन करें मां कालरात्रि की पूजा, जानें विधि, मंत्र, भोग, आरती -
Navratri Day 7 Wishes: मां कालरात्रि का आशीर्वाद...इन संदेशों के साथ अपनों को भेजें महासप्तमी की शुभकामनाएं -
‘रामायण’ के ट्रेलर लॉन्च के दौरान रणबीर कपूर की घड़ी क्यों हुई वायरल? कीमत सुन उड़ जाएंगे होश, जानें खासियत -
लंबे समय तक बैठे रहने से रीढ़ की हड्डी को पहुंचता है नुकसान, डॉक्टर ने बताया इतने घंटे में ब्रेक जरूरी -
Imran Khan Net Worth: भारत छोड़ने के आदेश के बाद इमरान खान की संपत्ति का क्या होगा? जानें कितनी है नेटवर्थ -
ग्रेटर नोएडा के इस गांव में आज भी होती है रावण की पूजा, दशहरे पर दहन बल्कि शोक मनाते हैं लोग
जूस बनाकर, छीलके हटाके या काटकर, एक्सपर्ट ने बताया फल खाने का सही तरीका
What is the correct way to eat fruits : फल हमारे स्वास्थ्य के लिए अत्यंत लाभकारी होते हैं, लेकिन इन्हें सही तरीके से न खाने पर इनके पोषक तत्वों का पूरा लाभ नहीं मिल पाता। उल्टा, गलत तरीके से फल खाने से ये सेहत पर नकारात्मक प्रभाव भी डाल सकते हैं। इसलिए, यह जानना जरूरी है कि फलों का सेवन किस प्रकार करना चाहिए ताकि शरीर को अधिकतम पोषण प्राप्त हो।
न्यूट्रिशियन एक्सपर्ट Prashant Desai के अनुसार, फलों को हमेशा ताजा और खाली पेट खाना चाहिए। भोजन के तुरंत बाद फल खाने से पाचन प्रभावित हो सकता है। साथ ही, फलों को सही समय पर और सही मात्रा में खाना महत्वपूर्ण है। आइए जानते हैं कि फल खाने का सही तरीका क्या है।

फल खाने का सही तरीका क्या है?
फल को पूरा खाएं, छिलके के साथ
फलों को पूरी तरह से और उनके छिलके के साथ खाना सबसे अच्छा तरीका है। फलों के छिलकों में फाइबर और पोषक तत्व प्रचुर मात्रा में होते हैं, जो पाचन तंत्र को मजबूत बनाने और स्वास्थ्य को बेहतर करने में मदद करते हैं। उदाहरण के लिए, सेब के छिलके में एंटीऑक्सिडेंट्स होते हैं, जो हृदय के लिए लाभकारी हैं और शरीर से विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में सहायता करते हैं। इसलिए, फलों को बिना छिलका हटाए खाना सेहत के लिए अधिक फायदेमंद है।
जूस पीना चाहिए या नहीं
फल को जूस के रूप में न पिएं, क्योंकि जूस बनाने से फलों का अधिकांश फाइबर निकल जाता है, जो उनके सबसे महत्वपूर्ण पोषक तत्वों में से एक है। फाइबर पाचन तंत्र को स्वस्थ रखने, कोलेस्ट्रॉल नियंत्रित करने और रक्त शर्करा को स्थिर रखने में मदद करता है। जूस पीने से ब्लड शुगर अचानक बढ़ सकता है, क्योंकि इसमें हाई ग्लाइसेमिक इंडेक्स (GI) होता है। इसके विपरीत, पूरे फल खाने से GI कम होता है, जिससे शुगर का स्तर धीरे-धीरे बढ़ता है। इसलिए, फल को हमेशा साबुत खाना अधिक स्वास्थ्यवर्धक विकल्प है।
बच्चों को फल खिलाएं या जूस दें
बच्चों को फल का जूस देने के बजाय पूरा फल देना अधिक लाभकारी है। पूरे फल में जूस की तुलना में अधिक फाइबर, विटामिन्स और मिनरल्स होते हैं, जो उनके स्वास्थ्य के लिए जरूरी हैं। पूरे फल खाने से बच्चों को पोषण का पूरा लाभ मिलता है और यह उन्हें लंबे समय तक संतुष्ट रखता है। वहीं, जूस पीने से फाइबर कम हो जाता है और ब्लड शुगर तेजी से बढ़ सकता है, जिससे जल्द भूख लगने की संभावना होती है। इसलिए, बच्चों को हमेशा साबुत फल खिलाएं।
खाली पेट फल खाना चाहिए या नहीं
खाली पेट फल खाना रक्त शर्करा को अचानक बढ़ा सकता है, जो खासकर डायबिटीज के रोगियों के लिए हानिकारक हो सकता है। फल में नेचुरल शुगर (फ्रक्टोज) होती है, जो खाली पेट खाने पर ब्लड शुगर को तेजी से बढ़ा सकती है। इसलिए, फल को किसी अन्य खाद्य पदार्थ जैसे नट्स, दही या पनीर के साथ खाना अधिक फायदेमंद है। इससे शुगर का स्तर धीरे-धीरे बढ़ता है और शरीर पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता। इस तरह से फल का सेवन स्वास्थ्य के लिए सुरक्षित और लाभकारी रहता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
