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प्यार और नशे में इंसान की हालत हो जाती है एक जैसी, स्टडी में हुआ खुलासा
अक्सर हम दूसरों को कहते हुए सुनते हैं कि इसे तो प्यार का नशा हो गया है और ऐसी ही कई और कहावते आपने सुनी होंगी। लेकिन क्या कभी आपने सोचा है कि लोग प्यार और नशे को एक सामान क्यो समझते हैं। इस बात को लेकर वैज्ञानिकों ने एक स्टडी भी की है जिसमें उन्होने पाया कि प्यार में पड़ने और नशीले पदार्थ का सेवन करने से दिमाग पर एक जैसा असर होता है।
वैज्ञानिकों ने 'द न्यूरोइमेजिंग ऑफ लव' नाम के स्टडी में पाया कि प्यार में पड़ने और नशीले पदार्थ जैसे कोकीन को लेने पर दिमाग पर एक जैसा असर पड़ता है। इतना ही नहीं प्यार में पड़ने और कोकीन का नशा करने पर आपको खुशी और दुख का अनुभव भी एक जैसा होता है।

जर्नल ऑफ सेक्सुअल मेडिसिन में सिरैक्यूज यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं के रिसर्च के अनुसार प्यार होने पर दिमाग के 12 हिस्सों में वैसोप्रेशन, एड्रेनालाईन, ऑक्सीटोसिन और डोपामाइन जैसे कई खुशी को ट्रिगर करने वाले केमिकल डिसचर्ज होते हैं जो एक साथ काम करते हैं। इस रिसर्च के मुताबिक आप सिर्फ 5 सेकेंड में ही किसी के प्यार में पड़ सकते हैं।
इस स्टडी में प्रोफेसर स्टेफनी ऑर्टिग के अनुसार, प्यार दिमाग का मामला है, लेकिन इसमें दिल भी जुड़ा है। दिमाग के कुछ हिस्सों की सक्रियता दिल और और पेट में तितलियों जैसा अनुभव पैदा कर सकती है। जिस कारण लोगों को लगता है कि प्यार दिल से जुड़ा मामला है।
रिसर्च में पाया गया कि कोकीन लेने पर भी दिमाग का वही हिस्सा तेजी से सक्रिय होता है, जो प्यार में पड़ने पर होता है। कोकीन के नशे में भी व्यक्ति के दिमाग पर वैसे ही विचार आते हैं जो इश्क में पड़ने पर आते हैं। वेस्ट वर्जीनिया यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं के साथ जिनेवा यूनिवर्सिटी साइकियाट्रिक सेंटर, स्विटजरलैंड के शोधकर्ताओं ने इस अध्ययन पर काम किया। रिसर्च के अनुसार, कोकीन लेने और इश्क में पड़ने पर मस्तिष्क में वैसोप्रेशन, एड्रेनालाईन, ऑक्सीटोसिन और डोपामाइन जैसे कई केमिकल्स का डिसचार्ज होता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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