Latest Updates
-
Happy Birthday Sachin Tendulkar Wishes: सचिन तेंदुलकर के 53वें जन्मदिन के मौके पर शेयर करें ये शुभकामना संदेश -
Baglamukhi Jayanti 2026 Wishes: मां बगलामुखी जयंती पर भेजें ये शुभ संदेश, शत्रुओं पर मिलेगी जीत -
Aaj Ka Rashifal 24 April 2026: आज चंद्रमा का कर्क राशि में गोचर, किन राशियों के लिए शुक्रवार रहेगा लकी -
सुबह खाली पेट जौ का पानी पीने से दूर होंगी ये 5 समस्याएं, जानें इसे बनाने का तरीका -
Baglamukhi Jayanti 2026: बगलामुखी जयंती कब है? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
फैटी लिवर में कौन सा योग करें? जानें लिवर को साफ और मजबूत रखने के लिए योगासन -
May 2026 Vrat Tyohar: वट सावित्री, शनि जयंती सहित मई माह में पड़ रहे हैं कई व्रत-त्योहार, देखें पूरी लिस्ट -
Swapna Shastra: सपने में मरे हुए व्यक्ति को देखने का क्या मतलब होता है? जानें ये शुभ होता है या अशुभ -
Bael Juice Benefits: गर्मियों में रोजाना पिएं एक गिलास बेल का जूस, सेहत को मिलेंगे ये 5 फायदे -
Who Is Divyanka Sirohi: कौन हैं एक्ट्रेस दिव्यांका सिरोही? जिनका 30 साल की उम्र में हार्ट अटैक से हुआ निधन
Male contraceptive: पुरुषों के लिए आया गर्भनिरोधक इंजेक्शन, ICMR ने बताया- कैसे कर सकेंगे पुरुष इस्तेमाल
Contraceptive Injection for Men: भारत में पुरुषों के लिए गर्भनिरोधक इंजेक्शन का सफलतापूर्वक परीक्षण के बाद इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR)से मंजूरी मिल गई हैं। ICMR पिछले 7 साल से 303 पुरुषों पर इस इंजेक्शन का परीक्षण कर रहा था।
बताया जा रहा है कि यह गैर-हार्मोनल इंजेक्शन वाले पुरुष गर्भनिरोधक RISUG (रिवर्सिबल इनहिबिशन ऑफ स्पर्म अंडर गाइडेंस) पूरी तरह सुरक्षित और प्रभावी है। बताया जा रहा है कि यह पुरुषों के लिए पहला सफल गर्भनिरोधक इंजेक्शन है जो लंबे समय तक पार्टनर की प्रेग्नेंसी को रोक सकता है। आइए जानते हैं कि कैसे ये इंजेक्शन काम करता है?

क्या कहती है रिसर्च ?
TOI की रिपोर्ट के अनुसार अंतरराष्ट्रीय ओपन एक्सेस जर्नल एंड्रोलॉजी में स्टडी के तीसरे चरण के निष्कर्ष को प्रकाशित किया गया है। इसके मुताबिक 303 स्वस्थ, सेक्सुअली ऐक्टिव और विवाहित पुरुषों (25-40 वर्ष की आयु) को परिवार नियोजन उपाय के लिए चुना गया और 60 मिलीग्राम RISUG वाला इंजेक्शन दिया गया। खास बात यह है कि RISUG से बिना किसी गंभीर साइड-इफेक्ट के 99 प्रतिशत प्रेग्नेंसी रोकी जा सकती है।
कैसे करता है काम?
RISUG को स्पर्म डक्ट (टेस्टिकल में vas deferens या स्पर्म डक्ट होता है) में इंजेक्ट किया जाता है। RISUG को एक के बाद एक स्पर्म डक्ट्स में इंजेक्ट किया जाता है। इंजेक्शन वाली जगह पर लोकल एनेस्थीसिया दिया जाता है। एक बार इंजेक्शन लगने के बाद चार्ज्ड पॉलिमर स्पर्म डक्ट की आंतरिक वॉल में चिपक जाते हैं। जब पॉलिमर निगेटिव चार्ज्ड स्पर्म के संपर्क में आता है तो यह उसे नष्ट कर देता है। इससे ये एग्स को फर्टिलाइज करने में असमर्थ हो जाते हैं।
बाजार में बेचना है चुनौती
इस इंजेक्शन की फंडिंग केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने की। अध्ययन के दौरान रिसुग की गर्भनिरोधक क्षमता 99.02 प्रतिशत पाई गई और इसके कोई गंभीर दुष्परिणाम भी नहीं पाए गए। इसकी असफलता दर भी कंडोम के टूटने की दर से कम पायी गई। यह कान्ट्रासेप्टिव 13 साल तक काम कर सकता है। कोई भी फार्मा कंपनी इस तरह का प्रोडक्ट बेचना नहीं चाहती जो इतने ज्यादा समय तक इफेक्टिव रहे। ऐसे में इसे बाजार में लाने से पहले की प्रक्रिया भी चुनौतीपूर्ण रह सकती है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications