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बरसात में भूलकर भी न खाएं ये 10 सब्जियां, वरना शरीर बन सकता है बीमारियों का घर
Vegetables To Avoid In Rainy Season: बरसात का मौसम जितना सुकून और ठंडक लेकर आता है, उतना ही संक्रमण, बैक्टीरिया और फंगल इंफेक्शन का खतरा भी बढ़ा देता है। इस दौरान हवा में नमी अधिक होने के कारण कई हरी पत्तेदार सब्जियों और कुछ अन्य सब्जियों में कीड़े, बैक्टीरिया और फंगस तेजी से पनपने लगते हैं। यही वजह है कि आयुर्वेद और कई स्वास्थ्य विशेषज्ञ मानसून में खानपान को लेकर अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह देते हैं। अगर इस मौसम में बिना अच्छी तरह धोए या ठीक से पकाए कुछ सब्जियों का सेवन किया जाए, तो फूड पॉइजनिंग, पेट दर्द, दस्त, गैस, अपच और एलर्जी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। आइए जानते हैं मानसून में किन सब्जियों का सेवन कम या सावधानी के साथ करना चाहिए और क्यों।

1. फूल गोभी
बरसात के मौसम में फूल गोभी के छोटे-छोटे फूलों के बीच कीड़े, अंडे और बैक्टीरिया आसानी से छिप जाते हैं। नमी के कारण इसमें फंगल संक्रमण का खतरा भी बढ़ जाता है। ऐसे में इस मौसम में गोभी खाने से संक्रमण होने का डर बढ़ जाता है। अगर आप खाना ही चाहते हैं तो गोभी के छोटे टुकड़े कर उसे गुनगुने नमक वाले पानी में डालकर 15-20 मिनट के लिए छोड़ दें।
2. पालक
पालक समेत अधिकांश पत्तेदार सब्जियों में बारिश के मौसम में मिट्टी, कीड़े और सूक्ष्मजीव अधिक मात्रा में पाए जा सकते हैं। इससे पेट संबंधी संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है।
3. पत्ता गोभी
फूल गोभी की तरह पत्ता गोभी में भी कई परत होने के कारण इनमें बैक्टीरिया और फंगस का खतरा बढ़ जाता है। मानसून में इसकी सफाई बेहद जरूरी होती है। बरसात के मौसम में इसे न खाने की सलाह दी जाती है।
4. मेथी
मेथी की पत्तियों पर बारिश के दौरान बैक्टीरिया और फंगस तेजी से विकसित हो सकते हैं। बिना अच्छी सफाई के इसका सेवन संक्रमण का कारण बन सकता है। इसलिए बरसात में मेथी न खाने की सलाह दी जाती है।
5. सरसों का साग
बरसात में सरसों जैसी पत्तेदार सब्जियां जल्दी खराब हो सकती हैं। इनमें नमी के कारण सूक्ष्मजीव पनपने का खतरा रहता है। कई बार धोने से भी फंगस दूर नहीं होता है। इसलिए बरसात में इन पत्तेदार सब्जियों को न खाने की सलाह दी जाती है।
6. बथुआ
पालक, मेथी और सरसों की तरह भी बथुआ की पत्तियों में भी फंसग और बैक्टीरिया का खतरा अधिक होता है। इसमें मिट्टी और परजीवी आसानी से चिपके रहते हैं। मानसून में इसे बिना अच्छी तरह साफ किए खाना उचित नहीं माना जाता।
7. मशरूम
मशरूम पहले से ही नमी वाले वातावरण में उगता है। बरसात में अगर ताजा और अच्छी गुणवत्ता वाला मशरूम न हो तो उसमें बैक्टीरिया या फंगस बढ़ने का खतरा रहता है। इस मौसम में केवल ताजा और भरोसेमंद स्रोत से खरीदा मशरूम ही खाएं और लंबे समय तक रखा हुआ मशरूम न खाएं।

8. भिंडी
बरसात में भिंडी जल्दी चिपचिपी हो जाती है और अधिक नमी के कारण इसमें फंगस लगने की संभावना बढ़ जाती है। ऐसे में पहले तो भिंडी को बरसात के मौसम में खाना अवाइड करें और अगर खाना है तो उसे अच्छे से धोकर सुखा लें फिर सब्जी बनाएं।
9. परवल
परवल में बरसात के दौरान छोटे कीड़े और लार्वा होने की संभावना रहती है। इसे काटकर अच्छी तरह जांचने के बाद ही इस्तेमाल करें। वरना आप बीमार पड़ सकते हैं।
10. बैंगन
बैंगन में अक्सर कीड़े लगने की संभावना रहती है और मानसून में यह खतरा और बढ़ जाता है। कटे हुए बैंगन को हमेशा अच्छी तरह जांच लें।
क्या इन सब्जियों को बिल्कुल नहीं खाना चाहिए?
नहीं ऐसा नहीं है। इन सब्जियों को पूरी तरह छोड़ने की जरूरत नहीं है। इनमें कई जरूरी विटामिन, मिनरल और फाइबर होते हैं। मुख्य बात सफाई, सही तरीके से पकाने और ताजी सब्जियां चुनने की है। यदि सब्जियां अच्छी तरह धोकर और पूरी तरह पकाकर खाई जाएं, तो अधिकांश लोगों के लिए इनका सेवन सुरक्षित हो सकता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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