Latest Updates
-
देव आनंद के बेटे सुनील आनंद का हार्ट अटैक से निधन, जिस अस्पताल में पिता ने ली थी अंतिम सांस वहीं तोड़ा दम -
Guru Purnima 2026 Speech: गुरु पूर्णिमा पर दें ये सरल और दमदार भाषण, तालियों से गूंज उठेगा पूरा हॉल -
Guru Purnima 2026 Wishes: गुरु से ही ज्ञान...गुरु पूर्णिमा पर अपने गुरुजनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
World Nature Conservation Day 2026: क्यों मनाते हैं विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस? जानें इसका इतिहास और महत्व -
World Hepatitis Day 2026: हेपेटाइटिस क्या है? जानें इसके लक्षण, कारण, प्रकार और बचाव के उपाय -
CJP के बाद किसने शुरू की E20 जनता पार्टी? सोशल मीडिया पर जुड़े लाखों फॉलोअर्स, जानें क्या है मांग -
कौन हैं Indian Idol 16 की विनर ज्योतिर्मयी नायक? कैंसर मरीजों को देती थीं थेरेपी, अब है ये सपना -
Bank Holidays August 2026: अगस्त में 14 दिन बंद रहेंगे बैंक, यहां देखें छुट्टियों की पूरी लिस्ट -
APJ Abdul Kalam Death Anniversary: सपनों को पूरा करने का हौसला देते हैं डॉ. कलाम के ये 10 प्रेरणादायक विचार -
Jaya Parvati Vrat Katha: जया पार्वती व्रत में जरूर करें इस व्रत कथा का पाठ, मिलेगा अखंड सौभाग्य का आशीर्वाद
डायबिटीज के मरीज नवरात्रि व्रत रखते हुए न करें सेहत से खिलवाड़, इन बातों का रखें ध्यान
Dos and Don'ts For Diabetics Patients During Fasting : इस बार 3 अक्टूबर यानी आज से ही नवरात्रि शुरु हो गए हैं। ऐसे में कई भक्त मां के प्रति अपनी श्रद्धा और आस्था प्रकट रखने के लिए व्रत रखेंगे। मगर जिन्हें डायबिटीज या ब्लड प्रेशर हैं, ऐसे लोगों के लिए नवरात्रि का व्रत रखना एक चुनौतीपूर्ण काम हो सकता है।
लेकिन अगर आप कुछ सावधानियों का पालन करें, तो आप सुरक्षित रूप से व्रत रख सकते हैं। यहाँ कुछ बातें दी गई हैं, जिन्हें डायबिटीज के मरीजों को ध्यान में रखना चाहिए-

किन लोगों को नहीं रखना चाहिए व्रत?
एक्सपर्ट के मुताबिक बीपी, डायबिटीज और हार्ट पेशेंट को व्रत रखने से परहेज करना चाहिए वरना खाली पेट तबीयत बिगड सकती हैं। न्यूट्रिशनिस्ट के मुताबिक रोजाना 9 से 10 दिनों तक लगातार व्रत की वजह से शुगर के मरीजों को परेशानी हो सकती है। जो लोग डायबिटीज के मरीज हैं, उन्हें तो बिना डॉक्टर की सलाह के इतने दिन तक व्रत नहीं रखना चाहिए।
क्या करें?
डॉक्टर से सलाह लें: व्रत रखने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह लें। उनकी सलाह के अनुसार अपने दवाओं और आहार में बदलाव करें।
नियमित खाएं: लंबे समय तक भूखा न रहें। हर 2-3 घंटे में हल्का और स्वस्थ भोजन लें।
सही आहार का चयन करें
व्रत के दौरान साबुत अनाज जैसे कुट्टू का आटा, सिंघारा, राजगीरा, या सामक चावल का उपयोग करें। ताजे फलों का सेवन करें, लेकिन मीठे फलों (जैसे आम, केला) से बचें। हाइड्रेशन के लिए दही और छाछ का सेवन करें, ये प्रोटीन और कैल्शियम का अच्छा स्रोत हैं। पर्याप्त पानी पिएं। इसके अलावा, नारियल पानी भी लाभदायक हैं।
इन चीजों का ध्यान रखें
मूंगफली, चिया बीज, और कद्दू के बीज जैसे नट्स और बीज का सेवन करें। बिना शक्कर के ड्राई फ्रूट्स जैसे अखरोट और बादाम का उपयोग करें। किसी भी असुविधा या कमजोरी महसूस करने पर तुरंत खाएं।
क्या न करें?
- मीठे खाद्य पदार्थों से बचें जैसे चॉकलेट, मिठाई, शक्कर, और शर्करा युक्त पेय पदार्थों का सेवन न करें।
- डीप फ्राइड आहार से बचें जैसे कि आलू के चिप्स, समोसे, या पकोड़े।
- लंबे समय तक भूखा न रहें: भूखे रहने से ब्लड शुगर लेवल में अचानक गिरावट आ सकती है।
- मानसिक तनाव से बचें और सकारात्मक सोच बनाए रखें।
- व्रत के दौरान भारी व्यायाम से बचें, हल्की वॉक करें, लेकिन भारी शारीरिक श्रम से बचें। इन बातों का ध्यान रखकर आप नवरात्रि के दौरान अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखते हुए व्रत का पालन कर सकते हैं।
व्रत रखने के दवाई खा सकते है या नहीं?
इसलिए जो लोग बीपी या डायबिटीज, थायराइड, गैस्ट्रिक आदि की दवाइयां लेते हैं, उन्हें इसे लेना बंद नहीं करना चाहिए। व्रत के दौरान भी अपनी नियमित दवाईयां लें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications