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एसिडिटी से कैसे करें बचाव
जरा सी सावधानी और जिंदगी भर आसानी। जी हां हम अपनी जीवनशैली में बदलाव ला कर और समय प्रबंधन कर इस बीमारी से निजात पा सकते हैं। इसके लिए हमें कुछ बातों का ध्यान रखना पड़ेगा। इसके अलाव इस रोग में बेरियम एक्स-रे, एण्डोस्कोपी, सोनोग्राफी के जरिये रोग की जटिलता का पता लगाकर उपचार शुरू किया जा सकता है।

ऐसे करें बचाव-
1. समय पर भोजन करें और भोजन करने के बाद कुछ देर वॉक जरूर करें।
2. अपने खाने में ताजे फल, सलाद, सब्जियों का सूप, उबली हुई सब्जी को शामिल करें। हरी पत्तेदार सब्जियां और अंकुरित अनाज खूब खाएं। ये विटामिन बी और ई का बेहतरीन स्रोत होते हैं जो शरीर से एसिडिटी को बाहर निकाल देते हैं।
3. खाना हमेशा चबा कर और जरूरत से थोड़ा कम ही खाएं। सदैव मिर्च-मसाले और ज्यादा तेल वाले भोजन से बचें।
4. अपने रोजमर्रा के आहार में मट्ठा और दही शामिल करें।
5. ताजे खीरे का रायता एसिडिटी का बेहतरीन उपचार हैं।
6. शराब और मांसाहारी भोजन से परहेज करें।
7. पानी खूब पिएं। याद रखें इससे न सिर्फ पाचन में मदद मिलती है, बल्कि शरीर से टॉक्सिन भी बाहर निकल जाते हैं।
8. खाने के बाद तुरंत पानी का सेवन न करें। इसका सेवन कम से कम आधे घंटे के बाद ही करें।
9. धूम्रपान, शराब से बचें।
10. पाइनेपल के जूस का सेवन करें, यह एन्जाइम्स से भरा होता है। खाने के बाद अगर पेट अधिक भरा व भारी महसूस हो रहा है, तो आधा गिलास ताजे पाइनेपल का जूस पीएं। सारी बेचैनी और एसिडिटी खत्म हो जाए
11. आंवले का सेवन करें हालांकि यह खट्टा होता है, लेकिन एसिडिटी के घरेलू उपचार के रूप में यह बहुत काम की चीज है।
12. गैस से फौरन राहत के लिए 2 चम्मच ऑंवला जूस या सूखा हुआ ऑंवला पाउडर और दो चम्मच पिसी हुई मिश्री ले लें और दोनों को पानी में मिलाकर पी जाएं।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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