Latest Updates
-
कुछ मिनटों के लिए धरती पर छा जाएगा अंधेरा, जानें कब लगेगा सदी का सबसे लंबा सूर्य ग्रहण? -
MBA ग्रेजुएट जो 25 लाख की नौकरी छोड़ बना कैब ड्राइवर, आज कमा रहा पहले से 4 गुना ज्यादा -
Kashmiri Style Dum Aloo Recipe: अब घर पर पाएं रेस्टोरेंट जैसा स्वाद -
इन 7 लोगों को गर्मियों में अंडों से करना चाहिए पूरी तरह परहेज, वरना बिगड़ सकती है तबीयत -
Global Parents Day पर हमारे पहले मेंटर, पहले लीडर और सबसे बड़े सपोर्ट सिस्टम माता-पिता को भेजें ये कोट्स -
World Milk Day पर अपनों को बताएं दूध पीने के 10 बेमिसाल फायदे, हड्डियां रहेंगी वज्र जैसी मजबूत -
Global Parents Day 2026 Wishes: आपकी मुस्कान मेरी खुशी...ग्लोबल पेरेंट्स डे पर माता-पिता को भेजें ये खास संदेश -
MP Style Bafla Recipe: घर पर बनाएं मध्य प्रदेश का मशहूर और पौष्टिक नाश्ता -
World Milk Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व दुग्ध दिवस? जानिए इसका इतिहास, महत्व और थीम -
Aaj Ka Rashifal 01 June 2026: जून के पहले सोमवार इन 5 राशियों की खुलेगी किस्मत, बरसेगी महादेव की कृपा
इन्सेफेलाइटिस बुखार आपकी जान भी ले सकता है
भारत में इन्सेफेलाइटिस एक महामारी बनती जा रही है। पिछले महीने इस बीमारी ने भारत के पूर्वी भागों में 700 से भी अधिक लोगों की जान ली है। जिस बीमारी से लोग आज तक अंजान थे, वह अब एक खतरनाक बीमारी बनती जा रही है। इन्सेफेलाइटिस एक प्रकार का बुखार है जो मस्तिष्क को प्रभावित करता है। बुखार व फ्लू के साथ मस्तिष्क की सूजन इस बीमारी के कुछ लक्षणों हैं। कुछ जटिल स्थितियों में इन्सेफेलाइटिस बुखार, दिमागी बुखार के साथ मिलकर हो सकता है। इबोला बीमारी से बचने के लिए 8 टिप्स
इन्सेफेलाइटिस बुखार के लक्षणों को पहचानना बहुत मुश्किल है। इन्सेफेलाइटिस बुखार के सामान्य लक्षणों में फ्लू, सिरदर्द,विभ्रान्ति, गर्दन में अकड़न व चिड़चिड़ापन शामिल हैं। स्वाभाविक रूप से बुखार से निजात पाने के तरीके? आप देख सकते हैं कि ये सारे लक्षण आम बुखार के लक्षणों की तरह हैं तथा किसी ठोस चिकित्सा की ओर इशारा नहीं करते।
बच्चों में इन्सेफेलाइटिस बुखार काफी आम है। लकिन, अब इस बुखार ने बड़ों को भी अपनी चपेट में ले लिया है। यह जानलेवा रोग मच्छर के काटने से फैलता है, जिसके कारण इस बीमारी को नियंत्रित करना बहुत मुश्किल है। कई मामलों में, इन्सेफेलाइटिस एक घातक बीमारी भी साबित हो सकती है। यहां इस बीमारी को जानलेवा बनाने वाले कुछ महत्वपूर्ण कारण दिए गए हैं।
इन्सेफेलाइटिस बुखार आपकी जान भी ले सकता है

1 यह एक मस्तिष्क ज्वर है
इन्सेफेलाइटिस एक वायरल संक्रमण है जोकि मस्तिष्क की सूजन का कारण बनता है। इस वायरल संक्रमण के कारण बुखार व सिरदर्द होता है। मस्तिष्क से संबंधित कोई भी बुखार खतरनाक तथा घातक होता है।

2 इसके लक्षणों को पहचानना बहुत मुश्किल है
इन्सेफेलाइटिस के लक्षणों को पहचानना आसान नहीं हैं। अगर बुखार के साथ आपकी गर्दन में अकड़न है, तो इन दो लक्षणों को देखकर कहना मुश्किल है कि यह इन्सेफेलाइटिस बुखार है।

3 ना ज्यादा तेज बुखार
आमतौर पर, यह बुखार तथा इसके साथ जुड़े लक्षण ज्यादा गंभीर रुप से नज़र नहीं आते। जैसे, प्रारंभिक स्थिति में यह बुखार फ्लू के हल्के लक्षण प्रकट करेगा। परंतु बाद में, उन्माद व भ्रम जैसे लक्षण देखने मिलेंगे।

4 ना कोई विश्वसनीय व आसान तकनीक
मस्तिष्क में लुंबर पंचर के माध्मय से एकत्रित किए द्रव के परीक्षण के सहारे हम इन्सेफेलाइटिस बीमारी की जांच कर सकते हैं। अगर एकत्रित किए द्रव में सफेद रक्त कोशिकाएं तथा प्रोटीन अधिक हैं, तो स्पष्ट है कि आप इस खतरनाक बीमारी का शिकार हो गए हैं।

5 सीटी स्कैन से भी पता नहीं लगाया जा सकता
मस्तिष्क के सीटी स्कैन से भी आपको इस बीमारी के कोई संकेत नहीं मिलेंगे। सीटी स्कैन प्लेट को देखकर इन्सेफेलाइटिस बुखार को स्पष्ट रुप से कहना मुश्किल होगा।

6 बच्चे सबसे ज्यादा प्रभावित होते हैं
इस बीमारी के कारण बच्चों में चिडचिड़ापन आ जाता है जोकि इस बीमारी को पकड़ने का एक अस्पष्ट लक्षण है। अतः इसी के कारण, बच्चों में इस बीमारी के बारे में पता लगाना बहुत कठिन हो जाता है।

7 यह बीमारी बच्चों में मुख्य रुप से पाई जाती है
इस बुखार की संभावनाएं 15 साल से कम उम्र वाले बच्चों में अधिक होती है। बड़ों की तुलना में बच्चों में रोगक्षमता कम होती है, जिसके कारण इन्सेफेलाइटिस उनके लिए एक घातक बीमारी साबित हो सकती है।

8 यह एक वेक्टर जनित रोग है
मच्छर द्वारा फैलने वाली बीमारी को नियंत्रित करना बहुत मुश्किल होता है। केवल एक मच्छर का ड़ंक आपको इस खतरनाक वायरल रोग से संक्रमित कर सकता है।

9 ना कोई टीकाकरण
हालांकि, इन्सेफेलाइटिस के लिए टीका उपलब्ध है, लेकिन बच्चों को इसे नियमित आधार पर नहीं दिया जाता है। इसलिए, यह टीका बच्चे की पूर्ण टीकाकरण अनुसूची का हिस्सा नहीं होता। लेकिन, ड़ॉक्टर की सलाह लेकर आप अपने बच्चे को यह टीका लगा सकते हैं।



Click it and Unblock the Notifications