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सावधान: ये चीजें पहुंचा सकती हैं थायरायड ग्रंथि को नुकसान
थायरायड ग्रंथि गले के बीच में और सबसे आगे की तरफ होती है। इससे थायरायड हार्मोन पैदा होता है, और इस हार्मोन का मुख्य कार्य शरीर की पाचय क्रियाओं को नियंत्रित करना है। आजकल थायराइड एक सामान्य बीमारी है और अधिकतर महिलाओं में यह पाई जाती है।
जब थायरायड ग्रंथि से थायराइड हार्मोन का स्त्राव कम होता है तो इसे हाइपोथायरोडिज़्म या अंडर एक्टिव थायराइड कहा जाता है।
हाइपोथायरोडिज़्म में वजन बढ़ना, गर्भपात, बांझपन, शुष्क त्वचा, शुष्क बाल, मानसिक ध्यान की कमी, थकान, चिड़चिड़ापन आदि समस्याएँ होती हैं। चूंकि थायराइड से बॉडी मेटाबोलिज़्म की कमी हो जाती है, इसलिए इससे पूरे शरीर में मेटाबोलिज़्म का स्तर कम हो जाता है।
हाइपोथायरायडिज्म के इलाज के 15 नेचुरल तरीके
गर्भवती महिलाओं के लिए यह ज्यादा खतरनाक है क्यों कि इसमें गर्भपात का खतरा रहता है। इससे गर्भधारण के अवसर भी कम हो जाते हैं और पुरुष और महिलाओं में बांझपन का यह कारण बन सकता है।
इसलिए आपको इनएक्टिव थायराइड ग्रंथि या थायराइड ग्रंथि की खराबी के कारण जानना जरूरी है। इस आर्टिकल में हम कुछ चीजें बता रहे हैं जिनसे थायराइड ग्रंथि को नुकसान पहुँच सकता है। आइये देखते हैं ऐसी ही कुछ चीजें...
ये चीजें पहुंचा सकती हैं थायरायड ग्रंथि को नुकसान

प्लास्टिक
प्लास्टिक के डिब्बे या बर्तनों में खाना, पीना या खाना गरम ना करें क्यों कि इससे आपकी थायराइड ग्रंथि प्रभावित होती है। प्लास्टिक में कुछ हानिकारक तत्व होते हैं जो कि शरीर में प्रवेश कर नुकसान करते हैं। ये ना केवल थायराइड ग्रंथि को प्रभावित करते हैं बल्कि कैंसर जैसी खतरनाक बीमारियों का कारण भी बनते हैं।

सोया
सोया में सायटोस्टरोजेन होता है जो कि थायराइड ग्रंथि से थायराइड के स्त्राव को रोकता है। सोया थायराइड ग्रंथि से आयोडीन अधिक मात्रा में ग्रहण कर लेता है जिससे थायराइड पैदा नहीं हो पाता है।

कीटनाशक छिड़के हुये फल सब्जियाँ
फल और सब्जियों को हमेशा धोकर खाएं क्यों कि इनमें कीटनाशक केमिकल भरे होते हैं। ये कीटनाशक थायराइड ग्रंथि को नुकसान पहुंचाने के साथ ही दिमाग को क्षति पहुँचा सकते हैं व अन्य बीमारियाँ भी पैदा कर सकते हैं।

फ्लोराइड मिला पानी
पानी में फ्लोराइड होता है, लेकिन यदि यह ज्यादा मात्रा में हो तो यह थायराइड ग्रंथि को नुकसान पहुंचा सकता है। इसके अलावा पानी और खाने में मिला क्लोरीन भी थायराइड ग्रंथि को हानि पहुंचा सकता है।
ईंधन का परक्लोरेट
ईंधन के जलने से परक्लोरेट बनता है जो कि इंजन के धुएं के साथ शरीर में प्रवेश करता है। यह केमिकल भी खाने की चीजों और पानी में मौजूद होता है। यह थायराइड ग्रंथि को प्रभावित कर सकता है और अन्य स्वास्थ्य से संबन्धित परेशानियाँ पैदा कर सकता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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