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कोलाइटिस के लक्षण
कोलाइटिस एक आम सी पेट की बीमारी है जिसमें बड़ी आंत के अंदर सूजन या सूजन आ जाती है। कोलाइटिस होने पर रोगी के पेट में जोर जोर की ऐंठन, दस्त, लगातार डायरिया रहना, बुखार, वजन घटना और अनिंद्रा जैसी बीमारी हो जाती है। इस बीमारी को कभी भी नजरअंदाज नहीं करनी चाहिये और अपने डॉक्टर से तुरंत संपर्क करना चाहिये। कोलाइटिस को अल्सरेटिव कोलाइटिस भी कहते हैं। यह बीमारी जल्दी भी हो सकती है और इसमें सालो भी लग सकते हैं।
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कोलाइटिस ज्यादातर बैक्टीरिया, वायरस या परजीवी के अतिक्रमण से होती है। इस बीमारी में आपको केवल घर का बना साफ खाना ही खाना चाहिये। धुली और अच्छी तरह से पकी हुई सब्जी का सेवन करें। इस बीमारी में सैलेड और हाई फाइबर वेजटेबल न खाएं। कोलाइटिस के कई लक्षण सामने आएं हैं, आइये जानते हैं उनके लक्षणों के बार में-
कोलाइटिस के लक्षण

बार बार दस्त आना
रोगी को दिन में अधिक से अधिक 5 बार गंभीर दस्त हो सकते हैं। इसमें पानी या खून की दस्त आती है।

बुखार आना
रोगी को तेजी के साथ गर्मी का एहसास होता है। बुखार 38.5 से अधिक ड्रिगी सेल्सियस हो सकता है।

शरीर में पानी की कमी
रोगी को इस रोग में काफी ज्यादा मात्रा में पानी पीने की सलाह दी जाती है। अगर हालत गंभीर है तो रोगी को ग्लूकोज पिलाना चाहिये। पानी की कमी ज्यादातर बूढे और बच्चों में होता है। [शरीर में पानी की मात्रा बढाने वाले फल-सब्जियां]

ठीक ना होने वाला रोग
लगातर वजन में कमी, एनीमिया, पोषण संबंधी रोग, कमजोरी और पुरानी हेपेटाइटिस आदि रोग हमेशा बने रहना और कभी ठीक ना होना।

मल में रक्त आना
जब यह रोग मलाशय तक ही सीमित रहता है तो उसमें रोग की तीव्रता अधिक है मल में रक्त जाने के साथ, मलाशय में दर्द, मलत्याग की अत्यावश्यकता तथा गुदा द्वार पर ऐठनयुक्त दर्द आदि लक्षण भी उत्पन्न होते हैं।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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