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पेट की चर्बी दूर करे मकर अधोमुख शवासन
जो लोग अपने शरीर को मजबूत और अपने निचले पेट की चर्बी को घटाना चाहते हैं वह इस आसन को अवश्य करें। इस आसन को करने में शरीर में ऊर्जा का संचार होता है और आध्यात्मिक प्रबुद्धता प्राप्त करने में भी मदद मिलती है।
शुरूआत में यह आसन करना कठिन महसूस हो सकता है लेकिन हर दिन क्षमता में इजाफा करने पर कुछ ही दिनों में आप सरलता से यह आसन कर पाएंगे। प्राचीन समय में ऋषि थका देने वाले इस योगासन को करते थे और तभी उन्हें शांति की अनुभूति होती थी।
अन्य आसनों की भांति, इस आसन से भी आपके शरीर में ऊर्जा का संचार हो जाएगा, आप स्वयं पर ध्यान लगाने में सक्षम हो पाएंगे। आइए जानते हैं किस प्रकार कर सकते हैं ये आसन:

चरण : 1 अपने पेट के बल पर लेट जाएं और हाथों को अपनी की सीध में रखें। पैरों और सिर को बिल्कुल सीधा रखें।
चरण : 2 अब गहरी सांस लें और अपने शरीर को आगे की ओर बढ़ाएं, अपने कंधों को अपने हाथों और कलाई से संरेखित करें।
चरण : 3 अब अपनी कोहनी का सपोर्ट लेते हुए, अपनी कलाई को जमीन पर रखें और सुनिश्चित कर लें कि आपके कंधें और कोहनी एक ही सीध में हैं। साथ ही, आपकी कलाई भी उसी सीध में होनी चाहिए।

चरण : 4 अपनी गर्दन और कंधें को दृढ़ रखें। अब, अपना संतुलन बनाएं, अपनी हथेलियों को प्रार्थना की स्थिति में ले आएं।
चरण : 5 अपनी एडियों पर खड़े हो जाएं, अपने शरीर का संतुलन बनाएं और अपनी जांघों को बिल्कुल सीधा और मजबूत रखें।
चरण : 6 आपकी गर्दन और रीढ़ की हड्डी एक ही दिशा में रहनी चाहिए।
चरण : 7 अपने मन में 5 से 10 तक गिनती गिनें और अपना संतुलन बनाएं रखें। अब सांस छोडें, बैठ जाएं और आराम करें।
आसन के लाभ -
थकान से आराम, पीठ दर्द में आराम, पैरों और भुजाओं को मजबूत बनाएं, पाचन क्रिया दुरूस्त करें, मासिक धर्म के दौरान होने वाले दर्द को कम करें।
सावधानी -
गर्दन में चोट या कोई समस्या होने पर न करें।
कमर या कूल्हें में चोट होने पर न करें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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