Latest Updates
-
शाम होते-होते फूल जाता है आपका पेट? ये बैली फैट नहीं ब्लोटिंग है, जानें 5 बड़े कारण और सही डाइट -
Jagannath Rath Yatra 2026: पुरी की रथ यात्रा में जा रहे हैं? इन 7 मशहूर लोकल फूड्स का स्वाद लेना न भूलें -
PM मोदी ने दिखाई भारत की पहली हाइड्रोजन ट्रेन को हरी झंडी, जानें स्पीड, रूट और कितना होगा किराया -
Relationship Tips: लाइफ पार्टनर से कभी न बोलें ये 5 बातें, वरना टूट सकता है आपका रिश्ता -
कितने पढ़े-लिखे हैं सोनम वांगचुक और कितनी है उनकी नेट वर्थ? जानें कहां-कहां से होती है कमाई -
Sonam Wangchuk की 20वें दिन भी भूख हड़ताल जारी, बिना खाना खाए कितने दिन जीवित रह सकता है इंसान? -
Jagannath Rath Yatra 2026: कौन हैं भगवान जगन्नाथ की मौसी? जिनसे मिलने के लिए हर साल रथ से निकलते हैं महाप्रभु -
World Emoji Day 2026: क्यों मनाया जाता है वर्ल्ड इमोजी डे, कैसे पड़ा 'Emoji' नाम? जानिए इसका दिलचस्प इतिहास -
Jagannath Rath Yatra 2026 Wishes: जगन्नाथ रथ यात्रा पर अपनों को भेजें ये दिल छू लेने वाले शुभकामना संदेश -
World Emoji Day: रोज इस्तेमाल करते हैं ये 5 इमोजी, लेकिन 99% लोग नहीं जानते इनका असली मतलब
ओरल सेक्स से भी फ़ैल सकता है गोनोरिया, जानिये लक्षण और बचाव
गोनोरिया एक तरह का यौन संचारित रोग है और महिलायें इसकी ज्यादा शिकार होती हैं। कई बार महिलाओं को यह पता भी नहीं होता कि वे ऐसे किसी यौन रोग से पीड़ित हैं। इसलिए बेहतर होगा कि आप इस संक्रामक बीमारी से जुड़ी हर छोड़ी बड़ी जानकारी जाने।
अगर आप सोच रहे हैं कि गोनोरिया सिर्फ सेक्स करने से फैलता है तो आपको बता दें कि यह ओरल सेक्स करने से भी फ़ैल सकता है। हाल ही में कई एक्सपर्ट ने इस बात की जानकारी दी कि ओरल सेक्स के दौरान पीड़ित व्यक्ति के गले के माध्यम से भी यह रोग फ़ैल सकता है।

ऐसे में आपके गले में भी गोनोरिया फ़ैल सकते हैं और फिर आपकी मुश्किलें बढ़ सकती हैं। अगर ओरल गोनोरिया का समय पर इलाज नहीं किया गया तो यह भी जननांगो तक फ़ैल सकता है। जिस वजह से पुरुषों के पेल्विक हिस्से में दर्द और महिलाओं को पेशाब करते समय जलन होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। आपको बता दें कि गोनोरिया नामक यह बीमारी नेसेरिया गोनोरिया नामक बैक्टीरिया के कारण होती है।
इस बीमारी के लक्षण पुरुषों और महिलाओं में अलग अलग होते हैं। पुरुषों के मूत्र का रंग हल्का हरा, पीला या गाढ़ा भूरा हो सकता है और उनके अंडाशय में सूजन आने लगती हैं। वहीँ महिलाओं के पेट के निचले हिस्से में जलन, ब्लीडिंग और पीरियड्स में बीच में डिस्चार्ज होने जैसी समस्याएं होने लगती हैं।
कुछ गंभीर मामलों में गोनोरिया का असर हार्ट वाल्व और आंखों पर भी पड़ सकता है। खासतौर पर उन नवजात शिशुओं पर इसका असर ज्यादा होता है जिनकी मां इस बीमारी से पीड़ित रहती हैं। एंटीबायोटिक के सेवन से इसके असर को खत्म किया जा सकता है फिर भी आपको ऐसे कोई लक्षण दिखे तो बिना डेरी किये तुरंत डॉक्टर के पास जाकर अपनी जांच करवाएं।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications