For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS  
For Daily Alerts

भयानक बैक्टीरिया का गढ़ है आपका ऑफिस, इन चीजों पर पाए जाते हैं सबसे ज्यादा जर्म्स

|

किसी भी तरह की बीमारी के पैदा होने और उसके पनपने में गंदगी मदद करती है। जिस जगह पर साफ़ सफाई ठीक से नहीं होती है वहां कीटाणुओं को जगह बनाने का मौका मिलता है। आप अपने घर की साफ़ सफाई पर तो बहुत अच्छे से ध्यान देते हैं। मगर क्या आपने सोचा है कि आपका ऑफिस सफाई के मामले में कितना सुरक्षित है।

ऑफिस में आप रोजाना आठ से दस घंटे और कई बार इससे ज्यादा समय भी बिताते हैं। आपके दफ्तर की कुछ चीजें ऐसी हैं जिनके संपर्क में आने से आपकी सेहत पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। जानते हैं आपके ऑफिस में कौन सी ऐसी जगह हैं जहां सबसे ज्यादा कीटाणु पाए जाते हैं।

लिफ्ट के बटन

लिफ्ट के बटन

आपके मुताबिक दिनभर में कितने लोग लिफ्ट के ऊपर या नीचे जाने वाले बटन को प्रेस करते होंगे? अब आप अंदाजा लगा सकते हैं कि लिफ्ट के एक-एक स्विच पर कितने लोगों के हाथ लगे हैं। इन स्विच पर बहुत ज्यादा जर्म्स होते हैं। आप इन बटन को प्रेस करने के लिए अपनी कोहनी का इस्तेमाल करें या फिर लिफ्ट का इस्तेमाल करने के बाद हाथ धोएं अथवा सेनिटाइजर का प्रयोग करें।

दरवाजे के हैंडल

दरवाजे के हैंडल

किसी भी कार्यस्थल में इसका इस्तेमाल लगभग सबके द्वारा किया जाता है। दरवाजे के हैंडल पर जितने लोगों के हाथ लगेंगे ये उतने ही लोगों तक फैलते जाएंगे। आप सुरक्षा के लिए बीच बीच में गुनगुने पानी और लिक्विड सोप से अपना हाथ साफ़ करते रहें। आप ऑफिस के सफाई कर्मचारी को हैंडल की सफाई करने का अनुरोध भी कर सकते हैं।

वॉटरकूलर

वॉटरकूलर

आप अब तक सोच रहे होंगे कि साफ़ और ठंडा पानी देने वाला वॉटरकूलर इस लिस्ट में क्या कर रहा है। लेकिन आप भूल रहे हैं कि दिनभर में न जाने कितने लोग पानी पीने के लिए वॉटरकूलर को हाथ लगाते हैं। कई बार ये आपके बोतल या गिलास में भी आ जाते हैं। आप सर्दी जुकाम होने पर और किसी भी तरह की बीमारी से बचने के लिए घर से अपनी पानी की बोतल लेकर आ सकते हैं।

कॉफी मशीन

कॉफी मशीन

ऑफिस में जिन चीजों का सबसे ज्यादा इस्तेमाल होता है उनकी सफाई पर शायद इतना ध्यान नहीं दिया जाता है। जिन मशीनों में नमी और अंधेरा होता है वहां बैक्टीरिया बहुत जल्दी पनपते हैं। आप कॉफी मशीन को साफ़ करने के लिए सफ़ेद विनेगर का इस्तेमाल कर सकते हैं।

कॉफी मग

कॉफी मग

आपको लगता होगा कि धोने के बाद आपका कॉफी मग साफ़ हो जाता है लेकिन ऐसा नहीं है। ऑफिस के धुले हुए मग में भी 90% तक जर्म्स पाए जाते हैं। इसके पीछे की वजह ये है कि ऑफिस में मौजूद कम रिसोर्स में आप अपना कप साफ़ करते हैं।

किचन स्पंज

किचन स्पंज

किचन का स्पंज कीटाणु और बैक्टीरिया के पैदा होने और बढ़ने के लिए सबसे अच्छी जगह है। एक नए स्पंज में लगभग तीन हफ्ते के अंदर E. coli और salmonella बैक्टीरिया पैदा हो सकते हैं। लोग जब इस स्पंज का इस्तेमाल करते हैं तो उनके लंच बॉक्स या कॉफी मग में पहुंच जाते हैं। हर दो हफ्ते के अंदर स्पंज को बदलें।

टेलीफोन

टेलीफोन

आपके ऑफिस में रखा फोन भी जर्म्स और बैक्टीरिया के पनपने की बेस्ट जगह है। आप फोन को सेनिटाइजर से साफ़ करते रहें।

ऑफिस डिवाइस

ऑफिस डिवाइस

ऑफिस में रखे प्रिंटर, फैक्स और दूसरे मशीनों के बटन जर्म्स का ठिकाना बनते हैं। आमतौर पर लोग इन चीजों की साफ़ सफाई पर बहुत कम ध्यान देते हैं। आप इन मशीनों के इस्तेमाल के बाद सेनिटाइजर या वाइप्स से हाथ साथ करें।

डेस्कटॉप

डेस्कटॉप

एक टॉयलेट सीट के मुकाबले में 400 गुना ज्यादा कीटाणु डेस्कटॉप पर होते हैं। जी हां, आपके हाथों की मदद से ये छोटे-छोटे जीव आपके डेस्कटॉप स्क्रीन तक पहुंच जाते हैं। आप अपने गंदे हाथों से जितनी चीजों को छुएंगे ये उतनी जगह पर फैल जाएगा। इसे रोकने के लिए आपको अपने हाथ साफ़ रखने की सलाह दी जाती है।

कीबोर्ड

कीबोर्ड

अपने डेस्क पर बैठे-बैठे आपको कई बार खांसी, छींक तो आयी होगी। आप अपनी सीट पर ही खाने-पीने का काम भी करते होंगे। इस बीच में अगर कोई जरुरी मेल आता है तो आप अपने कीबोर्ड और माउस को भी टच कर लेते हैं। ये चिपचिपी चीजें ही कीटाणुओं का घर बनती हैं। अगर आप अपना सिस्टम और कीबोर्ड किसी दूसरे व्यक्ति के साथ शेयर करते हैं तो ये स्थिति और भी बदतर हो जाती है।

रेस्ट रूम

रेस्ट रूम

आपके ऑफिस के बाथरूम में E. coli बैक्टीरिया की पूरी परत हो सकती है। आप भले ही अपने हाथ धो लें लेकिन फिर भी वाशरूम से साफ़ सुथरा बाहर आ पाना मुश्किल है। वाशरूम के टॉयलेट फ्लश, डोर लॉक से लेकर पानी के टैप पर भी जर्म्स रहते हैं। आप हाथ में पेपर टॉवल या टिशू लेकर दरवाजे का नॉब खोल सकते हैं।

English summary

Here Is The List Of Germiest Places In Your Office

Here are some of the surprising spots within your office that contain germs.
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Boldsky sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Boldsky website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more