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लॉकडाउन में बढ़ रहा है स्‍मार्टफोन पिंकी सिंड्रोम का खतरा, जानें क्‍या है इसका इलाज

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लॉकडाउन की वजह से सामान्‍य दिनचर्या में काफी बदलाव देखने को मिल रहे हैं। लोग बोर‍ियत दूर करने के लिए मोबाइल और सोशल मीडिया पर काफी समय व्‍यतीत कर रहे हैं। कई मीडिया र‍िपोर्ट की माने तो इस लॉकडाउन में लोगों में मोबाइल फोन को लत बढ़ती जा रही हैं।

लॉकडाउन की वजह से कई ऐसी बीमारियों के बारे में भी पता चला है, जिससे हम आजतक अनजान थे। इन्हीं बीमारियों में से एक है स्मार्ट फोन पिंकी सिंड्रोम (Smartphone Pinky Syndrome), जो लगातार 5 से 6 घंटे तक फोन चलाने की वजह से हो रहा है। लॉकडाउन में अधिक मोबाइल यूज करने की वजह से लोगों में इस सिंड्रोम का खतरा बढ़ रहा है। चलिए जानते हैं क्या है स्मार्टफोन पिंकी सिंड्रोम (Smartphone pinky syndrome)

क्या है स्मार्टफोन पिंकी सिंड्रोम (Smartphone Pinky Syndrome)?

स्मार्टफोन पिंकी सिंड्रोम (Smartphone pinky syndrome) उन लोगों को होता है, जो स्मार्टफोन का इस्तेमाल अधिक करते हैं। लोग स्मार्टफोन इस्तेमाल करते समय अपनी छोटी ऊंगलियों का इस्तेमाल अधिक करते हैं। या यूं कहें कि अपने फोन का अधिकतर भार वो छोटी उंगलियों पर डालते हैं। इस वजह से छोटी उंगली के ज्वॉइंट पर दवाब पड़ता है, जिससे उंगुली के जोड़ों पर आर्थराइटिस होने का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा अंगूठे पर भी इससे काफी दवाब पड़ता है, जिससे अंगूठे में भी समस्या होने लगती है। इसी को स्मार्टफोन पिंकी सिंड्रोम (Smartphone pinky syndrome) कहते हैं।

इससे बचने के लिए क्या करें

  • स्मार्टफोन पिंकी सिंड्रोम से बचने के लिए नियमित रूप से हाथों की एक्सरसाइज करें।
  • फोन इस्तेमाल करते समय मोबाइल स्टैंड का यूज करें। फिल्म या फिर किसी प्रकार का वीडियो देखने के लिए स्टैंड का इस्तेमाल जरूर करें।
  • अधिक समय तक फोन को अपने हाथों में ना पकड़ें।
  • इस दौरान एक्स्ट्रा एक्टिविटी करते रहें, जिससे आपका फोन पर ध्यान कम जाए।
  • वीडियो गेम इंटरवल लेकर खेलें। एक साथ कई स्टेज क्रॉस ना करें।
English summary

What is a Smartphone Pinky? All that you should know to prevent it

According to media reports, due to the quarantine, the usage of cellphones has rampantly increased leading to Smartphone Pinky Syndrome. Here is all you need to know about the syndrome.
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